स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर सोशल मीडिया मंच एक्स पर राष्ट्रगान को लेकर एक नई चर्चा छिड़ गई है। वरिष्ठ नेता शशि थरूर ने राष्ट्रगान के संपूर्ण संस्करण से जुड़ा एक वीडियो साझा करते हुए इस बात पर आश्चर्य व्यक्त किया कि वे इसके विस्तृत रूप से अनजान थे। उन्होंने देश में राष्ट्रीय प्रतीकों और गीतों के पूरे स्वरूप को जन-जन तक पहुंचाने की वकालत की।
राष्ट्रगान के पूरे स्वरूप पर विचार
शशि थरूर ने अपने आधिकारिक एक्स हैंडल से वीडियो पोस्ट करते हुए लिखा कि उन्हें यह स्वीकार करते हुए झिझक हो रही है कि उन्होंने इससे पहले यह संपूर्ण रूप नहीं सुना था। उन्होंने आगे कहा, "शर्मिंदा हूं कि मैंने इसे पहले कभी नहीं सुना था।" इसके साथ ही उन्होंने सुझाव दिया कि जिस प्रकार राष्ट्रीय गीत वंदे मातरम के पूर्ण संस्करण पर चर्चा होती है, ठीक उसी तरह राष्ट्रगान का भी विस्तृत रूप लोगों के सामने आना चाहिए।
जनता और सोशल मीडिया उपयोगकर्ताओं की प्रतिक्रिया
शशि थरूर के इस पोस्ट पर डिजिटल मंचों पर त्वरित प्रतिक्रियाएं देखने को मिलीं। कई उपयोगकर्ताओं ने भारतीय इतिहास और 1945 की फिल्म हमराही का उल्लेख करते हुए इस वीडियो का समर्थन किया, जबकि कुछ अन्य लोगों ने राष्ट्रीय गीतों की ऐतिहासिक पृष्ठभूमि पर अपने विचार रखे। इस मुद्दे पर लोगों के बीच मिली-जुली राय सामने आई, जहां कुछ ने सांस्कृतिक धरोहर को संजोने पर बल दिया तो कुछ ने राजनीतिक परिप्रेक्ष्य में टिप्पणी की।



























