कराची की एक सत्र अदालत में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) से जुड़ी धोखाधड़ी और ब्लैकमेलिंग का एक अजीबो-गरीब मामला सामने आया है। पाकिस्तान के सिंध प्रांत के पूर्व मंत्री गुलाम रसूल उनार ने अपनी पूर्व पत्नी रजिया अरबाब के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की मांग करते हुए अदालत का दरवाजा खटखटाया है। पूर्व मंत्री का आरोप है कि रजिया अरबाब ने सोशल मीडिया पर अपने चेहरे को अत्यधिक सुंदर और आकर्षक दिखाने के लिए डिजिटल तकनीकों और AI टूल्स का सहारा लिया। तस्वीरों से प्रभावित होकर उन्होंने ऑनलाइन माध्यम से शादी कर ली, लेकिन पहली बार आमने-सामने मिलने पर असलियत सामने आई। धोखाधड़ी का पता चलते ही पूर्व मंत्री ने तुरंत तलाक दे दिया, जिसके बाद उनकी पूर्व पत्नी ने उन्हें ब्लैकमेल करना और गंभीर धमकियां देना शुरू कर दिया।
सोशल मीडिया की दोस्ती, 1 लाख रुपये का मेहर और ऑनलाइन निकाह
अदालत में दायर याचिका के अनुसार, गुलाम रसूल उनार और रजिया अरबाब की शुरुआती बातचीत सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म के जरिए शुरू हुई थी। समय के साथ यह संपर्क लगातार बढ़ता गया और धीरे-धीरे गहरी दोस्ती में बदल गया। बातचीत के दौरान रजिया ने पूर्व मंत्री के सामने शादी का प्रस्ताव रखा। गुलाम रसूल उनार ने बिना किसी गहन पड़ताल या व्यक्तिगत मुलाकात के इस प्रस्ताव को स्वीकार कर लिया। इसके बाद दोनों पक्षों के गवाहों की मौजूदगी में एक ऑनलाइन वीडियो कॉल के माध्यम से निकाह संपन्न कराया गया।
शादी की रस्मों के तहत पूर्व मंत्री ने 1,00,000 (एक लाख) पाकिस्तानी रुपये की राशि मेहर के रूप में रजिया को अदा कर दी। निकाह की प्रक्रिया पूरी होने तक गुलाम रसूल उनार ने अपनी दुल्हन को केवल स्मार्टफोन स्क्रीन, डिजिटल वीडियो कॉल और सोशल मीडिया पर भेजी गई तस्वीरों के जरिए ही देखा था। उन्हें इस बात का जरा भी अंदाजा नहीं था कि स्क्रीन पर दिखने वाला चेहरा हकीकत से पूरी तरह अलग है।
पहली मुलाकात का झटका और AI तस्वीरों का सच
शादी की सभी औपचारिकताओं के पूरा होने के बाद जब गुलाम रसूल उनार अपनी नई नवेली पत्नी से व्यक्तिगत रूप से मिलने पहुंचे, तो कमरे का नजारा देखकर हैरान रह गए। अदालत में सुनवाई के दौरान पूर्व मंत्री के वकील शाहिद उनार ने पूरे घटनाक्रम की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि जैसे ही पूर्व मंत्री ने अपनी पत्नी का वास्तविक चेहरा देखा, उन्हें गहरा धक्का लगा। तस्वीरों में नजर आने वाली महिला और सामने खड़ी महिला के स्वरूप में जमीन-आसमान का अंतर था।
वकील शाहिद उनार का दावा है कि रजिया अरबाब ने विवाह से पहले पूर्व मंत्री को भ्रमित करने के मकसद से अपनी तस्वीरों को सुधारने के लिए आधुनिक AI टूल्स का उपयोग किया था। इन डिजिटल तकनीकों के जरिए चेहरे की झुर्रियों, त्वचा की रंगत, चेहरे के आकार और नैन-नक्श को पूरी तरह बदल दिया गया था। व्हाट्सऐप और सोशल मीडिया पर भेजी गई तस्वीरें इतनी सफाई से एडिट की गई थीं कि किसी भी व्यक्ति के लिए धोखे को पहचानना असंभव था। वास्तविक चेहरा सामने आते ही पूर्व मंत्री को अहसास हुआ कि उनके साथ बहुत बड़ा छल हुआ है, जिसके बाद उन्होंने उसी समय अपनी पत्नी को तलाक दे दिया।
तलाक के बाद ब्लैकमेलिंग और साइबर अपराध का मामला
चट मंगनी और पट तलाक के बाद भी पूर्व मंत्री की समस्याएं खत्म नहीं हुईं। गुलाम रसूल उनार का आरोप है कि तलाक की घोषणा के बाद रजिया अरबाब ने उन्हें मानसिक रूप से प्रताड़ित करना और ब्लैकमेल करना शुरू कर दिया। रजिया ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर पूर्व मंत्री की मृत्यु से जुड़ी झूठी खबरें और मनगढ़ंत तस्वीरें पोस्ट करना शुरू कर दिया, जिससे उनकी सामाजिक प्रतिष्ठा को भारी नुकसान पहुंचा।
इसके अलावा, रजिया अरबाब ने पूर्व मंत्री से एक बड़ी रकम की मांग की और पैसे न देने पर गंभीर परिणाम भुगतने की चेतावनी दी। आरोप है कि रजिया ने उनके व्यक्तिगत वीडियो इंटरनेट पर वायरल करने और उन्हें जान से मारने की धमकियां दीं। इन लगातार मिल रही धमकियों और चरित्र हनन से परेशान होकर सिंध के पूर्व मंत्री ने कराची की सत्र अदालत में याचिका दाखिल की है। उन्होंने इलेक्ट्रॉनिक अपराध अधिनियम के तहत रजिया अरबाब के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करने और सख्त कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है।



















