भीलवाड़ा की सड़कों पर इन दिनों पुलिस के हाथ में डंडे और चालान बुक की जगह गुलाब के फूल नजर आ रहे हैं. राजस्थान के भीलवाड़ा शहर में यातायात पुलिस ने सड़क सुरक्षा को लेकर एक ऐसा अनोखा तरीका अपनाया है, जिसने आम लोगों का दिल जीत लिया है. यातायात थाने के ठीक बाहर से गुजरने वाले हर दोपहिया और चारपहिया वाहन चालक को पुलिसकर्मी रोककर गुलाब का फूल भेंट कर रहे हैं और बेहद शालीनता से हेलमेट पहनने, सीट बेल्ट लगाने और यातायात नियमों का ईमानदारी से पालन करने की भावुक अपील कर रहे हैं. आमतौर पर नियम तोड़ने पर जुर्माने और कार्रवाई का डर बना रहता है, लेकिन भीलवाड़ा पुलिस ने डराने की बजाय समझाने का रास्ता चुना है.
यातायात पुलिस के अधिकारी और जवान वाहन चालकों को बड़े प्यार से यह बात समझा रहे हैं कि हेलमेट सिर पर कोई अतिरिक्त बोझ नहीं, बल्कि किसी भी हादसे के वक्त जान बचाने का सबसे भरोसेमंद सहारा है. सड़क हादसों में होने वाली असमय मौतों को कम करने के मकसद से पुलिस लोगों को मनोवैज्ञानिक तौर पर प्रेरित कर रही है. पुलिसकर्मी चालकों को याद दिला रहे हैं कि घर पर उनका पूरा परिवार उनके सुरक्षित लौटने का इंतजार करता है, इसलिए जल्दबाजी या लापरवाही में सुरक्षा नियमों को नजरअंदाज करना ठीक नहीं है.
16 जून तक चलेगा प्रदेशभर में यह खास अभियान
यातायात थाने के हेड कांस्टेबल गेवरचंद जीनगर ने अभियान की पूरी रूपरेखा साझा करते हुए बताया कि पूरे राजस्थान में यातायात के प्रति जागरूकता बढ़ाने के लिए एक व्यापक मुहिम चलाई जा रही है. इसी कड़ी में भीलवाड़ा जिले में भी इस अभियान की औपचारिक शुरुआत हो चुकी है और यह आगामी 16 जून तक लगातार जारी रहेगा. इस पूरी अवधि में दोपहिया वाहन चालकों से खासतौर पर हेलमेट पहनने का अनुरोध किया जा रहा है. उन्हें यह बात गहराई से समझाई जा रही है कि किसी बड़े सड़क हादसे की स्थिति में एक प्रामाणिक हेलमेट ही जान बचाने में सबसे ज्यादा कारगर साबित होता है.
कार चालकों को भी सीट बेल्ट पहनने की दी जा रही नसीहत
हेड कांस्टेबल गेवरचंद जीनगर के मुताबिक यह अभियान सिर्फ दोपहिया चालकों तक सीमित नहीं है. चारपहिया यानी कार चालकों को भी गाड़ी चलाते समय सीट बेल्ट अनिवार्य रूप से पहनने, तेज रफ्तार यानी ओवरस्पीडिंग से बचने और बाकी सभी प्रचलित यातायात नियमों का कड़ाई से पालन करने के लिए लगातार जागरूक किया जा रहा है. इसी मकसद से यातायात थाने के बाहर तैनात पुलिस टीम ने आज दोपहिया और चारपहिया दोनों तरह के वाहन चालकों को रोककर उन्हें सम्मानपूर्वक गुलाब का फूल भेंट किया और एक जिम्मेदार नागरिक की तरह यातायात नियमों का पालन करने की विनम्र अपील की.
गुलाब पाकर चौंके वाहन चालक, नियम मानने का लिया संकल्प
यातायात पुलिस की इस सकारात्मक पहल को आम जनता और वाहन चालकों ने खुले दिल से सराहा है. सड़क पर अचानक गुलाब का फूल मिलने से चालक सुखद रूप से हैरान रह गए. पुलिस के इस सम्मानजनक व्यवहार से प्रभावित होकर कई वाहन चालकों ने आगे से हमेशा यातायात नियमों का पूरी निष्ठा से पालन करने का संकल्प भी लिया.
पुलिस की सोच, सिर्फ चालान से नहीं आएगा बदलाव
यातायात पुलिस प्रशासन का मानना है कि केवल चालान काटने या डराने-धमकाने से लोगों की आदतें नहीं बदली जा सकतीं. अधिकारियों के मुताबिक इस तरह की सामाजिक जागरूकता और आम जनता के सक्रिय सहयोग से ही सड़क दुर्घटनाओं के आंकड़ों में बड़ी कमी लाई जा सकती है और ज्यादा से ज्यादा अनमोल इंसानी जिंदगियों को सुरक्षित बचाया जा सकता है.













