राजस्थान की राजधानी जयपुर के सीतापुरा इंडस्ट्रियल एरिया में स्थित सोने के आभूषण तैयार करने वाली एक फैक्टरी में अचानक आग भड़क उठी। इस दुर्घटना के दौरान परिसर में खतरनाक कैमिकल का धुआं चारों तरफ फैल गया, जिससे वहां काम कर रहे दो कारीगरों का दम घुट गया और उनकी मौके पर ही मौत हो गई।
गंभीर रूप से झुलसे और अचेत मिले पांच लोग
इस हादसे में पांच अन्य लोग गंभीर हालत में अचेत अवस्था में पाए गए। घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय प्रशासन और राहत दल हरकत में आ गए तथा सभी अचेत लोगों को तुरंत नजदीकी अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उनका इलाज जारी है। इस दुर्घटना के सामने आने के बाद पूरे औद्योगिक क्षेत्र में हड़कंप मच गया है और फैक्टरी के सुरक्षा प्रबंधों पर सवाल उठने लगे हैं।
अभी तक स्पष्ट नहीं हो सकी है आग लगने की मुख्य वजह
प्राथमिक जानकारियों के मुताबिक, हादसा उस परिसर में हुआ जहां सोने के गहने बनाए जाते हैं। आग लगने के बाद वहां मौजूद कैमिकल से उठा धुआं जानलेवा साबित हुआ। हालांकि शुरुआती रिपोर्टों में अभी तक यह साफ नहीं हो पाया है कि आग फैक्टरी के किस हिस्से में शुरू हुई थी और घटना के वक्त वहां कुल कितने लोग काम कर रहे थे। इसके अलावा आग लगने के वास्तविक कारणों का भी अभी तक पता नहीं चल सका है।
सुरक्षा व्यवस्था और जांच से जुड़े अनसुलझे पहलू
इस पूरी दुर्घटना में सबसे घातक असर कैमिकल के धुएं के कारण दम घुटने को बताया जा रहा है। जांच के दौरान यह भी अभी तक स्पष्ट नहीं हो सका है कि फैक्टरी के भीतर किस तरह के कैमिकल का इस्तेमाल किया जा रहा था और धुआं इतनी तेजी से कैसे फैला। प्रशासन यह भी पता लगाने का प्रयास कर रहा है कि क्या अंदर फंसे लोगों को बाहर निकलने के लिए पर्याप्त समय मिल पाया था या नहीं।
अस्पताल में भर्ती घायलों का चल रहा है उपचार
हादसे में गंभीर रूप से प्रभावित पांचों व्यक्तियों को अस्पताल में भर्ती करा दिया गया है, हालांकि उनकी मेडिकल स्थिति पर अभी विस्तृत अपडेट आना बाकी है। दो कारीगरों की इस प्रकार अचानक हुई मौत से उनके परिवारों और फैक्टरी के अन्य कामगारों में गहरा शोक छा गया है। आग की इस घटना और सुरक्षा मानकों से जुड़ी तमाम कड़ियों को जोड़ने के लिए पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी आगे की जांच में जुटे हैं, जिसके बाद ही पूरी स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।
























