जयपुर में आज राजस्थान हाईकोर्ट को नया मुख्य न्यायाधीश मिलने जा रहा है। जस्टिस संजय कुमार अग्रवाल सुबह राजभवन में आयोजित एक समारोह में पद और गोपनीयता की शपथ लेंगे, जिसके साथ ही वे औपचारिक रूप से हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश का कार्यभार संभाल लेंगे।
सुबह साढ़े नौ बजे शुरू होगा शपथ ग्रहण
राजभवन में यह समारोह सुबह 9.30 बजे शुरू होने वाला है। राज्यपाल हरिभाऊ बागडे जस्टिस संजय कुमार अग्रवाल को पद और गोपनीयता की शपथ दिलाएंगे। शपथ लेते ही वे राजस्थान हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश के तौर पर विधिवत कार्यभार ग्रहण कर लेंगे। समारोह से जुड़ी सभी तैयारियां राजभवन प्रशासन ने पहले ही पूरी कर ली हैं, ताकि कार्यक्रम बिना किसी बाधा के संपन्न हो सके। शपथ ग्रहण की इस पूरी प्रक्रिया को राजस्थान की न्यायिक व्यवस्था के लिहाज से एक अहम पड़ाव माना जा रहा है, क्योंकि इसी के साथ हाईकोर्ट में नेतृत्व की जिम्मेदारी औपचारिक रूप से बदल जाएगी।
मुख्यमंत्री समेत कई बड़े चेहरे रहेंगे मौजूद
इस मौके पर मुख्यमंत्री भजन लाल शर्मा खुद मौजूद रहेंगे। उनके साथ राज्य मंत्रिमंडल के कई सदस्य भी समारोह में शिरकत करेंगे। इसके अलावा राज्य सरकार के आला प्रशासनिक अधिकारी और वरिष्ठ पुलिस अधिकारी भी कार्यक्रम में पहुंचेंगे। न्यायपालिका और प्रशासन से जुड़े कई अन्य वरिष्ठ अधिकारी भी शपथ ग्रहण समारोह का हिस्सा बनेंगे, जिससे यह आयोजन राजस्थान की न्यायिक और प्रशासनिक व्यवस्था के लिहाज से खासा अहम माना जा रहा है। इतने सारे गणमान्य लोगों की मौजूदगी इस बात का संकेत है कि सरकार और प्रशासन दोनों इस बदलाव को कितनी गंभीरता से ले रहे हैं।
राजभवन परिसर में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी
समारोह में मुख्यमंत्री, मंत्रिमंडल के सदस्यों और कई वरिष्ठ अधिकारियों की मौजूदगी को देखते हुए राजभवन परिसर में सुरक्षा के विशेष इंतजाम किए गए हैं। इतने सारे गणमान्य लोगों के एक साथ पहुंचने के मद्देनजर पुलिस प्रशासन ने चौकसी बढ़ा दी है, ताकि कार्यक्रम शांतिपूर्ण ढंग से पूरा हो सके। राजभवन के भीतर और बाहर, दोनों जगह पुलिस बल की तैनाती की गई है और आने-जाने वालों की गहन जांच का इंतजाम किया गया है।
नई जिम्मेदारी में क्या रहेगी चुनौती
मुख्य न्यायाधीश की कुर्सी संभालने के बाद जस्टिस संजय कुमार अग्रवाल के सामने राजस्थान हाईकोर्ट के न्यायिक कामकाज को प्रभावी ढंग से चलाने की बड़ी जिम्मेदारी होगी। इसके साथ ही अदालत की प्रशासनिक व्यवस्था को सुचारू बनाए रखना और लंबित मामलों की सुनवाई की प्रक्रिया को गति देना भी उनकी प्राथमिकताओं में शामिल रहेगा। शपथ ग्रहण के तुरंत बाद वे औपचारिक रूप से मुख्य न्यायाधीश के तौर पर कार्यभार संभाल लेंगे, जिसके साथ ही राजस्थान हाईकोर्ट में उनके नेतृत्व में न्यायिक और प्रशासनिक कामकाज का एक नया दौर शुरू होगा। सुबह के इस समारोह को राजस्थान की समूची न्यायिक व्यवस्था के नजरिए से बेहद महत्वपूर्ण घटनाक्रम माना जा रहा है, क्योंकि नए मुख्य न्यायाधीश के आने से अदालत के भीतर काम करने के तौर तरीकों में भी बदलाव देखने को मिल सकता है।





















