राजस्थान के 309 शहरी निकायों के कुल 10,167 वार्डों के लिए दो चरणों में संपन्न हुए नगर निकाय चुनाव के परिणाम आज घोषित किए जा रहे हैं। सुबह 8 बजे से मतों की गिनती शुरू हो चुकी है और दोपहर तक अधिकांश सीटों पर तस्वीर साफ होने की उम्मीद है। इन परिणामों से चुनावी मैदान में उतरे कुल 38,889 उम्मीदवारों की राजनीतिक किस्मत का फैसला होना है। मतदान प्रक्रिया की बात करें तो पहला चरण 9 सितंबर को आयोजित हुआ था, जिसमें 162 निकायों के लिए वोट डाले गए थे। इसके बाद दूसरा चरण 11 सितंबर को हुआ, जिसके तहत 147 शहरी निकायों में मतदान संपन्न कराया गया था।
मतदान प्रतिशत और राजनीतिक महत्व
पहले चरण के दौरान 162 निकायों में 76.41 फीसदी मतदाताओं ने अपने मताधिकार का प्रयोग किया था। वहीं, दूसरे चरण में 147 निकायों के अंतर्गत 71.69 फीसदी मतदान दर्ज किया गया था। दोनों चरणों के आंकड़ों को मिलाया जाए तो पूरे प्रदेश में कुल 74.05 फीसदी मतदान हुआ था। राजनीतिक विश्लेषक इस चुनाव को आगामी 2028 के विधानसभा चुनाव से पहले एक बड़े सियासी सेमीफाइनल के रूप में देख रहे हैं। जैसे-जैसे नतीजे सामने आएंगे, वैसे-वैसे मेयर, सभापति और नगरपालिका चेयरमैन की कुर्सी हासिल करने के लिए राजनीतिक दलों और प्रत्याशियों के बीच जोड़-तोड़ तथा नई रणनीतियों का दौर तेजी से शुरू हो जाएगा। इन विशिष्ट पदों के लिए निर्वाचन प्रक्रिया के तहत 21 सितंबर को मतदान कराया जाएगा।
जयपुर में मतगणना केंद्र और सुरक्षा के कड़े इंतजाम
राजधानी जयपुर के नगर निगम चुनाव की मतगणना भवानी निकेतन कॉलेज में सुनिश्चित की गई है। प्रशासनिक स्तर पर कानून और व्यवस्था की स्थिति को पूरी तरह नियंत्रण में रखने के लिए मतगणना के दिन किसी भी प्रकार के विजय जुलूस निकालने पर कड़ा प्रतिबंध लगा दिया गया है। चुनाव जीतने वाले प्रत्याशी अपना प्रमाण पत्र सीधे प्राप्त करके अपने घर पर ही समर्थकों के साथ सादगी से जश्न मना सकेंगे। प्रशासन का यह सख्त मानना है कि विजय जुलूस के दौरान कई बार असामाजिक तत्व जानबूझकर भड़काऊ नारे लगाते हैं, जिससे क्षेत्र का माहौल खराब होने का खतरा बना रहता है.
गणेश चतुर्थी के कारण व्यवस्थाओं में बदलाव
पवित्र गणेश चतुर्थी के त्योहार के मद्देनजर आगामी 14 सितंबर को मतगणना से जुड़ी व्यवस्थाओं में आंशिक फेरबदल किया गया है। राज्य निर्वाचन आयोग की तरफ से प्रदेश के सभी मतगणना केंद्रों पर सुरक्षा के बेहद कड़े और पुख्ता इंतजाम किए गए हैं। प्रत्येक केंद्र पर पर्याप्त पुलिस बल की तैनाती के साथ-साथ मजिस्ट्रेट स्तर के अधिकारी भी मुस्तैद रहेंगे। राज्य निर्वाचन आयोग आयुक्त राजेश्वर सिंह ने संबंधित सभी प्रशासनिक अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि पूरी मतगणना प्रक्रिया पूरी तरह शांतिपूर्ण और समयबद्ध तरीके से संपन्न होनी चाहिए। राज्य के सभी 309 निकायों के मतों की गिनती एक साथ चल रही है, जिसके तुरंत बाद शहरी सरकार के गठन की आगे की प्रक्रिया को गति दी जाएगी।
















