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आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और ऑटोमेशन ने बदला सेल्स का तरीका, टेक कंपनियों में तेजी से बढ़ रही जीटीएम इंजीनियरों की मांगस्टार्टअप्स
5 अक्तू॰ 2026, 12:41 am (23 दिन पहले)· 3

आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और ऑटोमेशन ने बदला सेल्स का तरीका, टेक कंपनियों में तेजी से बढ़ रही जीटीएम इंजीनियरों की मांग

सॉफ्टवेयर और टेक उद्योग में गो-टू-मार्केट इंजीनियर का नया पद तेजी से उभर रहा है, जहां पेशेवर कृत्रिम बुद्धिमत्ता और ऑटोमेशन से जटिल रेवेन्यू सिस्टम तैयार कर रहे हैं।

तकनीकी दुनिया में महज दो साल पहले तक गो-टू-मार्केट यानी जीटीएम इंजीनियर का पद लगभग न के बराबर था, लेकिन आज यह भूमिका तेजी से मुख्यधारा में शामिल हो रही है। आधुनिक सॉफ्टवेयर कंपनियां अब ऐसे विशेषज्ञों को काम पर रख रही हैं जो आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और स्वचालन तकनीकों का इस्तेमाल करके ऐसे रेवेन्यू सिस्टम तैयार कर रहे हैं, जिन्हें संभालने के लिए पहले कई अलग-अलग टूल्स, बड़ी टीमों और मैन्युअल प्रक्रियाओं की दरकार होती थी। इस बदलाव ने उद्यमों के नए ग्राहक खोजने और कारोबार बढ़ाने के पूरे ढांचे को बदल कर रख दिया है।

गो-टू-मार्केट प्रक्रियाओं में तकनीकी बदलाव

पारंपरिक तौर पर गो-टू-मार्केट कामकाज में घंटों का समय संभावित खातों की खोजबीन करने, डेटा को व्यवस्थित करने, लीड्स की गुणवत्ता परखने और विभिन्न सॉफ्टवेयरों के बीच जानकारियों का आदान-प्रदान करने में बीत जाता था। इसके विपरीत, आधुनिक जीटीएम इंजीनियरिंग आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, डेटा विश्लेषण और ऑटोमेशन की मदद से इन बिखरे हुए श्रमसाध्य कामों को एक स्वचालित और दोहराव योग्य प्रणाली में बदल देती है। इससे बिक्री और मार्केटिंग से जुड़ी टीमें कई सॉफ्टवेयरों के बीच उलझने के बजाय एकीकृत व्यवस्था के जरिए डेटा तक पहुंच बना रही हैं, संदेशों को व्यक्तिगत रूप दे रही हैं और अभियान चला रही हैं।

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नए रोजगार और उद्योग में स्वीकार्यता

इस नई भूमिका की शुरुआत क्ले ने वर्ष 2023 में की थी। कंपनी की अपनी जीटीएम इंजीनियरिंग गाइड के अनुसार, जीटीएम इंजीनियर वे पेशेवर होते हैं जो हर काम को खुद हाथों से करने के बजाय स्वचालित रेवेन्यू वर्कफ़्लो का निर्माण करते हैं। वर्तमान में हर महीने लगभग 100 जीटीएम इंजीनियरिंग नौकरियों के विज्ञापन आ रहे हैं, जिनमें कर्सर, लवेबल और वेबफ्लो जैसी प्रसिद्ध तकनीकी कंपनियां सक्रिय रूप से नियुक्तियां कर रही हैं। यह रुझान स्टार्टअप संस्थापकों और टीम लीडरों को यह सोचने पर विवश कर रहा है कि क्या पुरानी प्रक्रियाओं को चलाने के लिए अतिरिक्त कर्मचारियों को नियुक्त किया जाए या फिर ऐसी प्रणाली विकसित की जाए जिससे मौजूदा टीम अधिक प्रभावी ढंग से परिणाम दे सके।

ब्रुकलिन से 7.1 अरब डॉलर के मूल्यांकन तक

कौशल और प्रोग्रामिंग को आम उपयोगकर्ताओं तक पहुंचाने के ध्येय के साथ करीम अमीन ने वर्ष 2017 में ब्रुकलिन में क्ले की सह-स्थापना की थी। वह कंपनी के सह-संस्थापक और मुख्य कार्यकारी अधिकारी हैं। इससे पहले वह द वॉल स्ट्रीट जर्नल में प्रोडक्ट के उपाध्यक्ष रह चुके थे और उन्होंने फ्रेम नामक स्टार्टअप की भी स्थापना की थी, जिसका अधिग्रहण वर्ष 2012 में सेलथ्रू ने किया था। क्ले का मूल स्प्रेडशीट उत्पाद बिना कोडिंग के जानकारी जोड़ने और काम को स्वचालित करने के लिए बना था, लेकिन जब सेल्स, ग्रोथ टीमों और एजेंसियों ने इसका इस्तेमाल ग्राहकों तक पहुंचने के लिए शुरू किया, तो कंपनी ने सीधे गो-टू-मार्केट क्षेत्र का रुख कर लिया।

वर्तमान में यह मंच टीमों को डेटा समृद्ध करने, एजेंटिक वर्कफ़्लो संचालित करने और बड़े स्तर पर अभियान शुरू करने के लिए मजबूत ढांचा देता है। इसका ओपनएआई-आधारित एजेंट क्लेजेंट बिक्री, विपणन और भर्ती टीमों के लिए शोध और संपर्क प्रक्रियाओं को स्वचालित करता है। इस तकनीकी विस्तार के साथ कंपनी का वित्तीय विकास भी असाधारण रहा है। कंपनी ने एक ही साल में अपने वार्षिक आवर्ती राजस्व को तीन गुना बढ़ाकर 100 मिलियन डॉलर तक पहुंचाया और 5 अरब डॉलर के मूल्यांकन पर कर्मचारी टेंडर ऑफर की घोषणा की। इसके बाद विकास क्रम को जारी रखते हुए कंपनी ने सितंबर में 7.1 अरब डॉलर के मूल्यांकन पर 115 मिलियन डॉलर की सीरीज़ डी फंडिंग राउंड पूरा किया।

भविष्य का व्यावसायिक मॉडल

इस पूरे बदलाव का मूल सार प्रोग्रामिंग की ताकत को गैर-तकनीकी टीमों के हाथों में सौंपना है। आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस ने इस सोच को एक नई दिशा दी है, जिससे राजस्व टीमें पारंपरिक सॉफ्टवेयर इंजीनियरों पर निर्भर रहे बिना अपने खुद के डेटा एनरिचमेंट और आउटरीच सिस्टम तैयार कर पा रही हैं। आधुनिक सम्मेलनों और उद्योग बैठकों में मैचमेकिंग, नेटवर्किंग और कारोबारी सौदों के जरिए संस्थापक ऐसे नए तौर-तरीकों को अपनाकर अपनी विकास चुनौतियों से निपटने के रास्ते तलाश रहे हैं।

सवाल-जवाब

जीटीएम इंजीनियर कौन होता है?
जीटीएम इंजीनियर वह पेशेवर होता है जो सेल्स और मार्केटिंग के कार्यों को हाथों से करने के बजाय आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और ऑटोमेशन से रेवेन्यू सिस्टम तैयार करता है।
जीटीएम इंजीनियरिंग शब्द की शुरुआत किसने और कब की?
इस पद और भूमिका की शुरुआत सॉफ्टवेयर कंपनी क्ले ने वर्ष 2023 में की थी।
किन प्रमुख कंपनियों में जीटीएम इंजीनियर के पदों पर नियुक्तियां हो रही हैं?
कर्सर, लवेबल और वेबफ्लो जैसी सॉफ्टवेयर कंपनियां जीटीएम इंजीनियरों की सक्रिय रूप से भर्तियां कर रही हैं।
क्ले की स्थापना कब हुई थी और इसके मुख्य कार्यकारी अधिकारी कौन हैं?
क्ले की सह-स्थापना करीम अमीन ने वर्ष 2017 में ब्रुकलिन में की थी और वह इसके मुख्य कार्यकारी अधिकारी हैं।
क्लोज़ेंट क्या है और यह क्या काम करता है?
क्लोज़ेंट एक ओपनएआई-आधारित एआई एजेंट है, जो सेल्स, मार्केटिंग और रिक्रूटिंग टीमों के लिए शोध और संपर्क प्रक्रिया को स्वचालित करता है।
क्ले का मौजूदा मूल्यांकन और वित्तीय प्रदर्शन क्या है?
कंपनी ने अपना वार्षिक आवर्ती राजस्व तीन गुना बढ़ाकर 100 मिलियन डॉलर किया है और सितंबर में 7.1 अरब डॉलर के मूल्यांकन पर 115 मिलियन डॉलर की सीरीज़ डी फंडिंग जुटाई है।
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टिप्पणियाँ 5

Yuki Tanaka@yuki-tanaka·23 दिन पहले

ऑटोमेशन और एआई से सेल्स आसान होने की बात सही है, पर हर जगह नए इंजीनियर रख लेने से ही सारे पुराने झंझट खत्म हो जाएंगे, इस पर थोड़ा शक है। कई बार ये सिस्टम खुद इतने उलझाऊ हो जाते हैं कि इंसानों से ज्यादा माथापच्ची इसी में करनी पड़ जाती है।

Rohan Gupta@rohan-gupta·23 दिन पहले

सेल्स और मार्केटिंग में एआई का यह इस्तेमाल वाकई दिलचस्प है। क्या आने वाले समय में ये जीटीएम इंजीनियर पारंपरिक सॉफ्टवेयर इंजीनियरों की जगह ले लेंगे?

Riya Menon@riya-menon·23 दिन पहले

@Rohan Gupta जी, पारंपरिक इंजीनियरों की जगह लेना शायद इतनी जल्दी मुमकिन न हो। कोडिंग और ऑटोमेशन दोनों में ज़मीन-आसमान का फ़र्क़ है।

Ravikash Gupta@ravikash·23 दिन पहले

दो साल पहले जो पद था ही नहीं, वो आज इतनी तेजी से कैसे फैल गया?

Michael Anderson@michael-anderson·23 दिन पहले

रविकेश जी, यही तो तकनीक की रफ़्तार है! पिछले साल जब मेरे सिलिकॉन वैली वाले दोस्त ने मुझे जीटीएम इंजीनियर का नया काम समझाया था, तब मुझे भी ऐसा ही अचरज हुआ था।

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