भीलवाड़ा जिले में इन दिनों मेनाली नदी घूमने वालों की पहली पसंद बन गई है। पिछले कुछ दिनों से जिले भर में हुई भारी बारिश के चलते नदी में पानी का बहाव इतना बढ़ गया है कि इसकी रपट पर अब झरने जैसा नजारा दिखने लगा है। सुबह से शाम तक आसपास के कस्बों और गांवों से लोग टोलियों में यहां पहुंचकर इस दृश्य का लुत्फ उठा रहे हैं।
पानी की सफेद चादर देखने उमड़ी भीड़, मोबाइल कैमरों में कैद हो रहे पल
रपट से गिरता पानी और उसकी चौड़ी सफेद धार देखने के लिए परिवार अपने बच्चों के साथ मानो पिकनिक जैसा माहौल बना रहे हैं। दोस्तों के झुंड भी यहां पहुंचकर घंटों समय बिता रहे हैं और नदी किनारे बैठकर बातचीत का आनंद ले रहे हैं। युवा वर्ग यह मौका हाथ से जाने नहीं देना चाहता, इसलिए मोबाइल में फोटो खींचने के साथ-साथ सोशल मीडिया के लिए वीडियो और रील्स भी शूट कर रहा है।
हरे-भरे खेत, ठंडी बहती हवा और पानी के बहने की कल-कल आवाज़, ये सब मिलकर एक ऐसा माहौल बना रहे हैं जो शहरी भागदौड़ से दूर सुकून तलाशने वालों को खूब भा रहा है। स्थानीय लोगों का अंदाजा है कि आने वाले शनिवार और रविवार को यहां भीड़ मौजूदा संख्या से कई गुना ज्यादा हो सकती है, क्योंकि आसपास के जिलों से भी लोग इस नजारे की खबर पाकर यहां का रुख करने लगे हैं।
गांव वालों के लिए राहत की बारिश, खेतों और भूजल को मिलेगी संजीवनी
नदी में उफान सिर्फ घूमने आने वालों के लिए खुशी की बात नहीं है, भीलवाड़ा के किसान परिवारों के लिए भी यह किसी सौगात से कम नहीं है। मेनाली नदी के साथ-साथ आसपास के छोटे नालों और अन्य सहायक जल स्रोतों में भी अब भरपूर पानी आ गया है। खेती से जुड़े जानकारों की मानें तो इस पानी की बदौलत खरीफ सीजन की बुवाई आसान होगी और आगे चलकर सिंचाई की चिंता भी काफी हद तक कम हो जाएगी।
इलाके में पिछले लंबे समय से भूजल का स्तर लगातार नीचे खिसकता जा रहा था और यह क्षेत्र डार्क जोन में गिना जाता रहा है। ऐसे में इतनी अच्छी बारिश के बाद पानी का स्तर ऊपर उठने की उम्मीद गांव वालों में जग गई है। ग्रामीणों का कहना है कि नदी को इतने वेग से बहते देखे उन्हें एक लंबा अरसा बीत चुका था, इसलिए पूरे इलाके में इस बार माहौल उत्सव जैसा नजर आ रहा है।
पुलिस और प्रशासन की अपील, नदी किनारे सेल्फी बन सकती है जानलेवा
जितनी तेजी से मेनाली नदी की तस्वीरें सोशल मीडिया पर वायरल हो रही हैं, उतनी ही चिंता प्रशासन को पर्यटकों की सुरक्षा को लेकर भी सता रही है। पुलिस और स्थानीय प्रशासन दोनों ने साफ तौर पर अपील की है कि तेज बहाव वाले पानी के अंदर उतरने की भूल कोई भी न करे।
कई बार देखने में आया है कि सेल्फी और रील्स के चक्कर में लोग पानी के बहुत नजदीक चले जाते हैं या उफनते नाले और पुलिया को पार करने की कोशिश कर बैठते हैं, जो किसी बड़े हादसे को न्योता दे सकता है। इसी को ध्यान में रखते हुए नदी किनारे निगरानी बढ़ा दी गई है। प्रशासन की अपील है कि लोग सुरक्षा को प्राथमिकता दें, तभी मानसून में मेनाली नदी की यह खूबसूरती उनके लिए एक अच्छी और सुरक्षित याद बनकर रह पाएगी।













