मानसून के मौसम में अगर आप अपने परिवार के साथ किसी बेहतरीन जगह पर घूमने की योजना बना रहे हैं, लेकिन आपके पास समय की कमी है और आप ज्यादा पैसे भी खर्च नहीं करना चाहते, तो मध्य प्रदेश के सागर शहर में स्थित सिटी फॉरेस्ट आपके लिए एक आदर्श स्थान है। 750 एकड़ के विशाल भूभाग में फैला यह प्राकृतिक जंगल बारिश के दिनों में बेहद खूबसूरत और हरा-भरा हो जाता है। यहां आने के लिए न तो आपको भारी किराए की चिंता करने की जरूरत है और न ही यात्रा में ज्यादा समय गंवाने की। स्थानीय निवासियों और पर्यटकों के लिए यह स्थान प्राकृतिक शांति और रोमांच का एक अनोखा संगम पेश करता है। रिमझिम बारिश की बूंदों के बीच जब आप इस जंगल की पगडंडियों पर चलते हैं, तो मंद-मंद बहती हवाएं, पक्षियों का मधुर कलरव और बेफिक्र होकर घूमते वन्यजीव आपका मन मोह लेते हैं।
150 फीट ऊंचे वॉच टावर से दिखता है शहर और झील का विहंगम दृश्य
सागर के इस सिटी फॉरेस्ट की सबसे बड़ी खासियत इसका अद्भुत सिटी व्यू है, जो प्रसिद्ध चितौड़गढ़ फोर्ट व्यू और कैलाशगिरी हिल टॉप के दृश्यों की याद दिलाता है। जंगल के मध्य में लगभग 150 फीट की ऊंचाई पर एक विशाल वॉच टावर बनाया गया है। इस टावर के सबसे ऊपरी हिस्से पर पहुंचकर जब लोग नजरें दौड़ाते हैं, तो पूरे शहर का एक दिलकश नजारा दिखाई देता है। इस व्यू प्वाइंट से देखने पर तीन दिशाओं में दूर-दूर तक फैली पहाड़ियों पर लाखों हरे-भरे पेड़ दिखाई देते हैं। वहीं चौथी दिशा में हजारों मकानों का फैलाव नजर आता है और इन सबके बीच में ऐतिहासिक लाखा बंजारा झील बेहद खूबसूरत ढंग से चमकती हुई दिखाई देती है। यह विहंगम दृश्य पर्यटकों को मंत्रमुग्ध कर देता है।
सात विशेष वन और वन्यजीवों की विविध प्रजातियां
यह 750 एकड़ का जंगल विविध प्रकार की वनस्पतियों और छोटे वन्य जीवों का एक समृद्ध आवास स्थल है। यहां भ्रमण के दौरान काले हिरण, मोर, जंगली सूअर, खरगोश और चीतल जैसे सुंदर प्राणी स्वच्छंद रूप से घूमते हुए नजर आ जाते हैं। विशेष रूप से बारिश के मौसम में अपने पंख फैलाकर नाचते हुए मोर और झुंड में विचरण करते काले हिरण पर्यटकों को बहुत आकर्षित करते हैं। सुरक्षा कर्मी लखन पटेल ने जानकारी दी कि इस सिटी फॉरेस्ट को सात अलग-अलग श्रेणियों के वनों में बांटा गया है। इनमें नक्षत्र वाटिका, राशि वन, तितली वन, नवग्रह वाटिका, पंचवटी वाटिका और औषधि वन शामिल हैं। इन वनों में मुख्य रूप से कीमती और औषधीय गुणों से भरपूर सागौन के वृक्ष बहुतायत में पाए जाते हैं। इसके अलावा टिशू, बेल, नीम, बाबुल, रेंझा, उमरन और शीशम जैसी अनेक प्रजातियों के पेड़-पौधे इस जंगल की हरियाली को और बढ़ाते हैं।
ओपन जिम और बच्चों के लिए खेल-कूद की व्यवस्था
केवल प्राकृतिक सुंदरता ही नहीं, बल्कि यह स्थान स्थानीय लोगों के स्वास्थ्य और मनोरंजन की जरूरतों को भी पूरा करता है। रोजाना सुबह के समय कसरत और जॉगिंग के लिए आने वाले लोगों के लिए यहां एक ओपन जिम स्थापित किया गया है। इस ओपन जिम का लाभ हर दिन सैकड़ों नागरिक उठाते हैं और ताजी हवा में व्यायाम करते हैं। इसके साथ ही, जो लोग अपने परिवार और बच्चों के साथ यहां समय बिताने आते हैं, उनके लिए मनोरंजन के पूरे इंतजाम हैं। बच्चों के खेलने के लिए तरह-तरह के उपकरण और झूले लगाए गए हैं, जिससे बच्चे यहां खुलकर खेल सकते हैं और प्रकृति के बीच अपना समय आनंदपूर्वक बिता सकते हैं।
प्रवेश नियम, समय सीमा और पहुंचने का सही रास्ता
सिटी फॉरेस्ट में घूमना पूरी तरह से नि:शुल्क है, लेकिन प्रवेश के लिए कुछ सामान्य सुरक्षा नियमों का पालन करना अनिवार्य है। यहां आने वाले हर व्यक्ति के पास कोई न कोई वैध पहचान पत्र होना आवश्यक है। पहचान पत्र की जांच के आधार पर ही सुरक्षा कर्मी परिसर के भीतर जाने की अनुमति देते हैं। पर्यटक सुबह 6:00 बजे से लेकर शाम 6:00 बजे तक किसी भी समय इस जंगल की सैर के लिए जा सकते हैं। अगर मार्ग की बात करें, तो सागर के सिविल लाइन इलाके से पुरानी आरटीओ रोड पर पॉलीटेक्निक कॉलेज के पास दक्षिण वन मंडल के ठीक बाजू से सिटी फॉरेस्ट में प्रवेश करने का मुख्य रास्ता दिया गया है।



















