शाम के वक्त चाय के साथ कुछ स्वादिष्ट और कुरकुरा खाने का मन हो तो यह गेहूं के आटे से बनने वाला स्नैक एक बेहतरीन विकल्प साबित होता है। इस खास रेसिपी की बाहरी परत हल्की खस्ता और करारी होती है, जबकि भीतर उबले हुए आलू और ताजी सब्जियों का चटपटा स्वाद मिलता है। आटा गूंथते समय उसमें अजवाइन, कलौंजी और बेसन मिलाने से इसकी ऊपरी पर्त का स्वाद और भी ज्यादा बढ़ जाता है। अंदर भरे जाने वाले मिश्रण में आलू के साथ-साथ गाजर, प्याज और शिमला मिर्च का इस्तेमाल किया जाता है, जिसमें चाट मसाला हल्का खट्टापन जोड़ता है।
घर पर इस नाश्ते को बनाते समय कुछ खास बातों का ध्यान रखना बेहद जरूरी होता है, जैसे आटे की सही बनावट और भरावन में नमी की मात्रा। यदि मिश्रण बहुत ज्यादा गीला हो गया तो इसे बंद करने में परेशानी आएगी और अगर आटा जरूरत से ज्यादा पतला रहा तो कड़ाही में डालते ही यह फट सकता है। कुछ आसान और छोटी बातों को ध्यान में रखकर इसे किसी भी मनपसंद चटनी के साथ परोसा जा सकता है।
सामग्री की सही मात्रा और तैयारी
शुरुआत करने के लिए एक कटोरी गेहूं का आटा, एक चम्मच बेसन, थोड़ी सी अजवाइन, कलौंजी, चिली फ्लेक्स, बारीक कटा हुआ हरा धनिया और जरूरत के मुताबिक नमक लें। इसके अलावा मोयन के लिए थोड़ा सा तेल और आटा गूंथने के वास्ते पानी अपने पास रखें। भरावन तैयार करने के लिए उबले हुए आलू, गाजर, प्याज, शिमला मिर्च, थोड़ा सा टमाटर, हरी मिर्च और धनिया की आवश्यकता होगी। स्वाद को बढ़ाने के लिए धनिया पाउडर, चाट मसाला और थोड़ा सा किचन किंग मसाला काम में लिया जाता है। घरेलू स्तर पर बनाने के लिए दो मध्यम आकार के उबले आलू और बाकी सब्जियों को संतुलित मात्रा में लिया जा सकता है, साथ ही तलने के लिए पर्याप्त तेल चाहिए।
एक बड़े बर्तन में गेहूं का आटा और बेसन दोनों को एक साथ मिला लें। अजवाइन को हथेलियों के बीच हल्का सा मसलकर डालने से उसकी खुशबू और स्वाद दोनों निखर जाते हैं। इसके बाद कलौंजी, चिली फ्लेक्स, नमक और हरा धनिया डालें। ध्यान रखें कि अजवाइन और कलौंजी की मात्रा सीमित ही रखें ताकि उनका कड़ा स्वाद बाकी चीजों पर भारी न पड़े। थोड़ा सा तेल डालकर सूखी सामग्री को हाथों से अच्छी तरह मिला लें। अब थोड़ा-थोड़ा पानी डालते हुए एक साफ्ट आटा गूंथ लें। आटा ऐसा होना चाहिए जिसे आसानी से मनचाहा आकार दिया जा सके लेकिन वह हाथों पर बिल्कुल न चिपके। बहुत ज्यादा ढीला आटा भरावन को संभाल नहीं पाएगा।
आटे को देना और भरावन तैयार करना
आटा गूंथने के बाद उसे किसी बर्तन से ढककर करीब 15 से 20 मिनट के लिए रख दें ताकि वह अच्छी तरह सेट हो जाए। ऐसा करने से उसे बेलना या आकार देना आसान हो जाता है। अगर इसे खुला छोड़ दिया जाए तो ऊपरी सतह सूख सकती है, इसलिए इसे हमेशा साफ कपड़े या ढक्कन से ढककर रखें। इस बीच आप सब्जियों और आलू का मिश्रण तैयार कर सकते हैं। समय पूरा होने पर आटे को एक बार फिर हल्के हाथों से मसल लें और जरूरत महसूस हो तो थोड़ा सा पानी लगाकर चिकना कर लें। सूखा आटा बहुत ज्यादा मिलाने से बचें क्योंकि इससे बाहरी पर्त सख्त हो सकती है। लोइयां बनाते समय भी बचे हुए आटे को ढककर ही रखें।
उबले हुए आलू जब पूरी तरह ठंडे हो जाएं तो उनका छिलका उतारकर उन्हें पूरी तरह मैश कर लें। ध्यान रखें कि आलू के बड़े टुकड़े बिल्कुल न बचें क्योंकि वे भरते समय आटे की पर्त को फाड़ सकते हैं। गाजर को कद्दूकस कर लें और प्याज तथा शिमला मिर्च को बारीक टुकड़ों में काट लें। यदि आप टमाटर का इस्तेमाल करना चाहते हैं तो उसके बीज और अत्यधिक रस वाले हिस्से को हटाकर केवल ठोस गूदे का उपयोग करें। सब्जियों को धोने के बाद उनका अतिरिक्त पानी अच्छी तरह निचोड़ लें ताकि मिश्रण गीला न हो। अब इन सभी सब्जियों को मैश किए हुए आलू के साथ मिला लें और अपनी पसंद के हिसाब से हरी मिर्च तथा धनिया डालें। सब्जियों की मात्रा इतनी ही रखें कि आलू के साथ आसानी से बंध सकें।
मसाले मिलाना और नाश्ते को आकार देना
आलू और सब्जियों के इस मिश्रण में धनिया पाउडर, चाट मसाला और किचन किंग मसाला अच्छी तरह मिला लें। कुछ रेडीमेड मसालों में पहले से ही नमक मौजूद होता है, इसलिए ऊपर से नमक मिलाते वक्त विशेष सावधानी बरतें ताकि वह ज्यादा न हो जाए। सारी सामग्री मिलाने के बाद एक बार मिश्रण को चखकर मसालों की जांच कर लें। नमक मिलाने के बाद प्याज और अन्य सब्जियां पानी छोड़ सकती हैं, इसलिए भरावन को बहुत देर तक खुला न छोड़ें। यदि मिश्रण आपको गीला लगे तो उसमें थोड़ा सा और मैश किया हुआ आलू मिला लें। सूखा और कसा हुआ भरावन नाश्ते के अंदर भरना बेहद आसान होता है।
तैयार आटे से एक ही आकार की छोटी-छोटी लोइयां तोड़ लें। एक लोई लेकर उसे हथेलियों के बीच गोल करें और फिर अंगूठे की मदद से बीच के हिस्से को दबाएं। किनारों को धीरे-धीरे फैलाते हुए एक छोटी कटोरी जैसा रूप दें, लेकिन ध्यान रहे कि बीच का हिस्सा बहुत ज्यादा पतला न हो जाए। आप चाहें तो लोई को बेलन की सहायता से छोटी और थोड़ी मोटी पूरी की तरह भी बेल सकते हैं। बेलते समय सूखे आटे का कम से कम इस्तेमाल करें। बाहरी पर्त की मोटाई हर तरफ से एक जैसी होने पर नाश्ता कड़ाही में एक समान पकता है।
धीमी आंच पर तलने की प्रक्रिया
अब एक कड़ाही में तलने के लिए तेल गर्म करें और तापमान देखने के लिए आटे का एक छोटा टुकड़ा उसमें डालकर देखें। यदि वह धीरे-धीरे ऊपर की तरफ आ जाता है, तो समझ लीजिए कि तेल बिल्कुल सही गर्म है। तेल से धुआं निकलने जितना ज्यादा गर्म नहीं होना चाहिए। आंच को मध्यम से थोड़ा धीमा रखें और एक बार में बहुत सारे पीस कड़ाही में न डालें। जब नीचे की पर्त हल्की सी सिक जाए तभी उन्हें बहुत सावधानी से पलटें। दोनों तरफ से सुनहरा भूरा होने और बाहरी पर्त के अच्छी तरह खस्ता होने तक इसे पकाएं। तेज आंच पर सेकने से ऊपर का रंग तो जल्दी बदल जाएगा लेकिन अंदर का आटा कच्चा रह जाएगा। तैयार नाश्ते को छेद वाले झारा या कलछी से बाहर निकालें ताकि अतिरिक्त तेल वापस कड़ाही में ही गिर जाए। इस स्वादिष्ट और खस्ता नाश्ते को हरी चटनी या टोमैटो केचप के साथ गर्मागरम परोसें। बच्चों के लिए बनाते समय मिर्च की मात्रा को कम रखा जा सकता है।



















