टीवी सीरियल अनुपमा के 3 जुलाई के एपिसोड में शाह हाउस एक बार फिर बड़े हंगामे का गवाह बनने वाला है. इस बार मुसीबत मासूम बंकू के सिर पर आ गई है और उस पर सीधे चोरी का इल्जाम लग जाता है, जिससे पूरे घर का माहौल बिगड़ जाता है.
पाखी के दोस्तों ने बंकू पर लगाया चोरी का आरोप
एपिसोड की शुरुआत ही तनाव के साथ होती है. पाखी के कुछ दोस्त घर आए हुए होते हैं, तभी अचानक पूरे घर में शोर-शराबा शुरू हो जाता है. दरअसल पाखी के दोस्तों का कहना है कि उनके कुछ कीमती सामान गायब हो गए हैं और उन्हें इसके पीछे बंकू का ही हाथ लगता है. गुस्से में आकर पाखी के दोस्त बंकू को सबके सामने खरी-खोटी सुनाते हैं और उसकी जमकर बेइज्जती करते हैं. हैरानी की बात यह है कि पाखी भी अपने दोस्तों का ही पक्ष लेती है और बंकू को कसूरवार मान लेती है. बंकू रोते हुए बार-बार खुद को बेकसूर बताने की कोशिश करता है, लेकिन पाखी के आगे उसकी एक नहीं सुनी जाती.
माही और ईशानी बनीं बंकू की ढाल
जब घर के सभी लोग बंकू को शक की नजर से देख रहे होते हैं, ऐसे में माही और ईशानी उसके साथ खड़ी नजर आती हैं. माही को पूरा यकीन है कि बंकू ऐसी हरकत कभी नहीं कर सकता और वह पाखी व उसके दोस्तों को सीधा जवाब देती है. वहीं दूसरी ओर ईशानी भी बंकू की यह हालत देखकर बुरी तरह परेशान हो उठती है. पाखी के लगातार तानों से थककर जब बंकू रोते हुए घर छोड़ने की बात कहता है, तो ईशानी घबरा जाती है और उसे रोकने के लिए उसके हाथ-पैर तक जोड़ लेती है. दरअसल ईशानी को डर सताता है कि अगर बंकू घर छोड़कर चला गया तो वह इस घर में बिल्कुल अकेली रह जाएगी.
तोशु और पाखी ने रची नई साजिश
घर में इतना बड़ा बवाल मचने के बावजूद तोशु और पाखी को बंकू की कोई परवाह नहीं है, बल्कि दोनों अपनी ही दुनिया में मगन नजर आते हैं. असल में तोशु और पाखी पहले से ही बंकू और ईशानी की रोज की हरकतों से चिढ़े हुए हैं. ऐसे में मामला सुलझाने की बजाय दोनों इसे अपने मतलब के लिए भुनाने की सोच लेते हैं. तोशु और पाखी मिलकर एक नई प्लानिंग बनाते हैं, जिसके तहत वे इस मौके का फायदा उठाकर बंकू को हमेशा-हमेशा के लिए घर से बाहर निकालना चाहते हैं, ताकि उनका रास्ता पूरी तरह साफ हो जाए.
अनुपमा के सामने सच सामने लाने की चुनौती
अब सबकी नजरें इस बात पर टिकी हैं कि मुश्किल की इस घड़ी में बंकू की मदद के लिए आखिर कौन आगे आएगा. जैसे ही अनुपमा को घर में मचे इस हंगामे और बंकू पर लगे चोरी के इल्जाम के बारे में पता चलता है, वह भी परेशान हो जाती है. अनुपमा का मन साफ कहता है कि बंकू चोरी जैसा काम कभी नहीं कर सकता, लेकिन फिलहाल उसके पास अपनी बात साबित करने के लिए कोई ठोस सबूत मौजूद नहीं है. अब आगे देखना दिलचस्प रहेगा कि क्या अनुपमा इस पूरे मामले की तह तक जाकर असली चोर को सबके सामने बेनकाब कर पाएगी और बंकू को बेकसूर साबित कर पाएगी, या फिर तोशु और पाखी अपनी साजिश में कामयाब होकर बंकू को घर से बेघर करवा देंगे.













