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टीवी के इतिहास में अमर हुआ क्योंकि सास भी कभी बहू थी का शीर्षक गीत, जानिए इसे बनाने वाले कलाकारों की कहानीटीवी
29 जुल॰ 2026, 5:50 pm (56 मिनट पहले)· 0

टीवी के इतिहास में अमर हुआ क्योंकि सास भी कभी बहू थी का शीर्षक गीत, जानिए इसे बनाने वाले कलाकारों की कहानी

वर्ष 2000 में शुरू हुए धारावाहिक क्योंकि सास भी कभी बहू थी के शीर्षक गीत ने भारतीय घरों में अपनी खास जगह बनाई। प्रिया भट्टाचार्या की आवाज, ललित सेन के संगीत और नवाब आरजू के बोलों से सजे इस गीत का सांस्कृतिक महत्व आज भी कायम है।

भारतीय मनोरंजन उद्योग में कई ऐसे धारावाहिक आए जिन्होंने दर्शकों के दिलों पर अमिट छाप छोड़ी, लेकिन वर्ष 2000 में शुरू हुआ सीरियल क्योंकि सास भी कभी बहू थी भारतीय टेलीविजन के इतिहास में मील का पत्थर साबित हुआ। यह महज एक टीवी कार्यक्रम नहीं था, बल्कि भारतीय पारिवारिक मूल्यों, रिश्तों और परंपराओं का जीवंत प्रतीक बन गया था। इस धारावाहिक की सफलता में इसके शीर्षक गीत की सबसे महत्वपूर्ण भूमिका रही, जिसने हर शाम करोड़ों भारतीय परिवारों को टीवी स्क्रीन के सामने एकजुट कर दिया।

गीत की रचना और इसके पीछे के दिग्गज कलाकार

इस कालजयी शीर्षक गीत को तैयार करने के पीछे भारतीय संगीत जगत के तीन दिग्गज कलाकारों का हाथ था। इस सुरीले गीत को अपनी मिठास से भरपूर आवाज गायिका प्रिया भट्टाचार्या ने दी थी। संगीत निर्देशक ललित सेन ने इसकी धुन तैयार की थी, जो पहली ही बार सुनने में कानों को सुकून देने के साथ-साथ मन में बस जाती है। वहीं, इस गीत के अर्थपूर्ण और भावनात्मक शब्दों को प्रसिद्ध गीतकार नवाब आरजू ने अपनी कलम से रचा था।

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पारिवारिक मूल्यों और परंपराओं का अनूठा संगम

इस गीत के बोल और इसकी धुन में भारतीय संस्कृति की आत्मा बसती थी। जब वर्ष 2000 में यह धारावाहिक पहली बार छोटे पर्दे पर प्रसारित हुआ, तो इस शीर्षक गीत की पंक्तियों ने हर पीढ़ी के दर्शक को खुद से जोड़ लिया। सास और बहू के रिश्ते के विभिन्न पहलुओं, घर के बड़े-बुजुर्गों के प्रति सम्मान और संयुक्त परिवार के महत्व को इसमें बखूबी पिरोया गया था। यही वजह है कि दो दशक से भी अधिक समय बीत जाने के बाद भी यह धुन सुनते ही लोगों की पुरानी यादें ताजा हो जाती हैं।

भारतीय टेलीविजन इतिहास में शीर्षक गीत का प्रभाव

वर्ष 2000 के दशक की शुरुआत में भारतीय टीवी उद्योग में एक नया दौर शुरू हुआ था। इस दौर में किसी भी धारावाहिक की पहचान उसका शीर्षक गीत हुआ करता था। क्योंकि सास भी कभी बहू थी के इस गीत ने न केवल धारावाहिक को घर-घर में लोकप्रिय बनाया, बल्कि आने वाले कई वर्षों तक बनने वाले टीवी शो के लिए शीर्षक संगीत के नए मानदंड भी स्थापित किए।

सवाल-जवाब

क्योंकि सास भी कभी बहू थी धारावाहिक किस वर्ष शुरू हुआ था?
यह प्रसिद्ध टीवी धारावाहिक वर्ष 2000 में शुरू हुआ था।
क्योंकि सास भी कभी बहू थी के शीर्षक गीत को किसने गाया था?
इस कालजयी शीर्षक गीत को गायिका प्रिया भट्टाचार्या ने गाया था।
इस शीर्षक गीत का संगीत किसने तैयार किया था?
इस गीत की सुरीली धुन संगीत निर्देशक ललित सेन ने कंपोज की थी।
क्योंकि सास भी कभी बहू थी के शीर्षक गीत के बोल किसने लिखे थे?
इस प्रसिद्ध गीत के बोल गीतकार नवाब आरजू ने लिखे थे।
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