उत्तर प्रदेश के ग्रेटर नोएडा में एक अत्यंत हृदयविदारक घटना सामने आई है, जहां एक खुले और असुरक्षित गड्ढे में गिरने से छह वर्षीय मासूम बच्चे की डूबने से दर्दनाक मौत हो गई। इस भीषण हादसे के बाद प्रशासन ने त्वरित और सख्त कार्रवाई की है, जिसके तहत मुख्य ठेकेदार को गिरफ्तार कर लिया गया है। बारिश के पानी से लबालब भरे इस पंद्रह फीट गहरे गड्ढे को बिना किसी सुरक्षा बैरियर या चेतावनी बोर्ड के छोड़ दिया गया था। इस लापरवाही के कारण स्थानीय जनता में भारी आक्रोश है, जिसके बाद पुलिस ने तीन जिम्मेदार लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की है।
खेलते समय हुआ यह दर्दनाक हादसा
यह दर्दनाक घटना शनिवार, 25 जुलाई की शाम को नॉलेज पार्क क्षेत्र में कलाधाम सोसायटी के पास हुई। छह वर्षीय मासूम अव्यान अन्य बच्चों के साथ खेल रहा था। खेलते-खेलते वह अचानक वहां खोदे गए एक 15 फीट गहरे गड्ढे के पास चला गया। बारिश के पानी से लबालब भरे इस गहरे गड्ढे का अंदाजा बच्चे को नहीं हो पाया और वह उसमें गिर गया। मृतक अव्यान के पिता सीवान यादव केंद्रीय विद्यालय में उप प्रधानाचार्य के पद पर कार्यरत हैं। यह गड्ढा स्थानीय प्राधिकरण द्वारा बोरिंग का काम करने के लिए खोदा गया था, जिसे बिना किसी सुरक्षा उपाय के लावारिस छोड़ दिया गया था।
बचाने की कोशिशें रहीं नाकाम
हादसे के समय पास में खेल रहे एक अन्य बच्चे ने आनन-फानन में इसकी जानकारी स्थानीय निवासियों को दी। सोसायटी के निवासी प्रांजल ने बताया कि शनिवार की शाम करीब 6:30 बजे उन्हें एक बच्चे से अव्यान के पानी में डूबने की खबर मिली। सूचना मिलते ही प्रांजल ने तुरंत आसपास के लोगों को इकट्ठा किया। इसके बाद तीन लोग अपनी जान जोखिम में डालकर उस गहरे और कीचड़युक्त पानी से भरे गड्ढे में उतरे और काफी मशक्कत के बाद बच्चे को बाहर निकाला। अव्यान को तुरंत पास के अस्पताल ले जाया गया, लेकिन डॉक्टरों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया।
लोगों का फूटा गुस्सा और एसडीएम की जांच
मासूम की मौत की खबर सुनते ही कलाधाम सोसायटी और आसपास के निवासियों का गुस्सा फूट पड़ा। घटना की गंभीरता को देखते हुए एसडीएम आशुतोष तुरंत मौके पर पहुंचे। उन्होंने बताया कि सोशल मीडिया पर वायरल हुई सूचनाओं के जरिए उन्हें इस घटना की जानकारी मिली, जिसके बाद वे तुरंत जांच के लिए घटना स्थल पर पहुंचे। आक्रोशित नागरिकों ने प्रशासन से मांग की है कि क्षेत्र के सभी खुले गड्ढों की तत्काल बैरिकेडिंग की जाए, वहां चेतावनी बोर्ड लगाए जाएं और इस बड़ी लापरवाही के लिए जिम्मेदार अधिकारियों और संबंधित ठेका एजेंसी के खिलाफ कठोरतम कानूनी कार्रवाई की जाए।
ठेकेदार गिरफ्तार और विभागीय कार्रवाई शुरू
जांच के बाद ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण ने इस मामले में कड़ी कार्रवाई शुरू कर दी है। प्राधिकरण की शिकायत पर नॉलेज पार्क पुलिस ने ठेकेदार मनोज जैन, एक जूनियर सुपरवाइजर और टेक्निकल सुपरवाइजर आकाश के खिलाफ मामला दर्ज किया है। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मुख्य ठेकेदार मनोज जैन को गिरफ्तार कर लिया है और उसे ब्लैकलिस्ट यानी काली सूची में डाल दिया है। इसके अलावा, प्राधिकरण ने दोनों सुपरवाइजरों के खिलाफ गंभीर विभागीय कार्रवाई करने का भी फैसला किया है। प्राधिकरण का कहना है कि उनकी जानकारी के बिना ही बोरवेल के स्थान को बदल दिया गया था, जिसके कारण ठेकेदार की घोर लापरवाही से यह हादसा हुआ।



















