उत्तर प्रदेश के मथुरा जिले से एक बेहद चौंकाने वाला और दिल दहला देने वाला मामला सामने आया है। यहां एक कलयुगी मां ने अपने ही तीन साल के मासूम बेटे की गला घोंटकर हत्या कर दी। यह सनसनीखेज घटना बलदेव थाना क्षेत्र के गांव छौली की है। करीब एक महीने पहले हुई इस मासूम की मौत के मामले में अब एक नया और चौंकाने वाला मोड़ सामने आया है। बच्चे के पिता की शिकायत के आधार पर स्थानीय पुलिस ने मां और उसके कथित बॉयफ्रेंड के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज कर लिया है और गहराई से जांच-पड़ताल शुरू कर दी है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि इस मामले की पूरी निष्पक्षता के साथ जांच की जा रही है और पुख्ता सबूत मिलने के बाद आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
अंतिम संस्कार के बाद खुला खौफनाक राज
शिकायतकर्ता कृष्ण मुरारी ने पुलिस को दी गई शिकायत में बताया कि बीते 28 जून की शाम उनकी पत्नी रुचि ने उन्हें फोन पर सूचना दी थी कि उनका लगभग तीन साल का बेटा माधव कई बार जगाने के बाद भी नहीं उठ रहा है। इस सूचना के बाद तुरंत बच्चे को इलाज के लिए मथुरा के एक निजी अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे देखते ही मृत घोषित कर दिया। उस समय किसी को भी अनहोनी का शक नहीं हुआ और परिजनों ने शोक के माहौल में बच्चे का अंतिम संस्कार कर दिया था।
बॉयफ्रेंड से फोन पर बात करना बना हत्या की वजह
बच्चे के पिता का गंभीर आरोप है कि घटना के कुछ समय बाद उन्होंने अपनी पत्नी रुचि को किसी युवक से फोन पर लंबी बातचीत करते हुए सुन लिया था। इस दौरान बातचीत में कथित रूप से उनके बच्चे की मौत का जिक्र किया जा रहा था। जब पिता ने इस बारे में अपनी पत्नी से कड़ाई से पूछताछ की, तो उसने कथित रूप से स्वीकार कर लिया कि उसका एक युवक के साथ प्रेम संबंध चल रहा था। महिला ने बताया कि जब वह अपने बॉयफ्रेंड से फोन पर बात कर रही थी, तब तीन साल का मासूम लगातार शोर मचा रहा था। फोन पर बात करने में रुकावट बनने और बच्चे के शोर से नाराज होकर उसने गुस्से में आकर अपने ही बेटे का गला दबा दिया, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। पिता की शिकायत में यह भी आरोप लगाया गया है कि इस खौफनाक घटना की पूरी जानकारी कथित बॉयफ्रेंड को भी थी।
पुलिस ने दर्ज किया केस और खंगाल रही सबूत
घटना की जानकारी मिलने के बाद हरकत में आई पुलिस ने तुरंत कार्रवाई करते हुए मृत बच्चे की मां और उसके कथित बॉयफ्रेंड के खिलाफ नामजद मुकदमा दर्ज कर लिया है। पुलिस इस मामले की तह तक जाने के लिए मोबाइल फोन की कॉल डिटेल रिकॉर्ड, अन्य तकनीकी साक्ष्यों और इस मामले से जुड़े लोगों के बयान जुटाने में जुटी हुई है। थाना प्रभारी अभय कुमार शर्मा ने इस संबंध में जानकारी देते हुए बताया कि पुलिस मामले के हर एक पहलू की बेहद बारीकी से जांच कर रही है। जांच के दौरान जो भी नए तथ्य सामने आएंगे, उनके आधार पर सख्त कानूनी कदम उठाए जाएंगे। फिलहाल पुलिस के अनुसार सभी आरोप जांच और उपलब्ध साक्ष्यों की पुष्टि के बाद ही पूरी तरह स्पष्ट हो पाएंगे।
खेलते वक्त शोर मचा रहा था मासूम
क्षेत्राधिकारी महावन संजीव कुमार राय ने इस मामले की जानकारी देते हुए बताया कि शुरुआती जांच में यह बात सामने आई है कि मंगलवार के दिन बच्चे की मां रुचि गुप्ता ने कथित तौर पर यह बताया था कि जब मासूम खेलते हुए घर में शोर-शराबा कर रहा था, तब उसे चुप कराने और डांटने के दौरान दुर्घटनावश उसका गला दब गया, जिससे उसकी जान चली गई। इसके बाद उसने अपने पति को केवल यह कहकर गुमराह किया कि उनका बेटा उठ नहीं रहा है। इसके बाद परिजन बच्चे को पहले सिम्स अस्पताल और फिर एक अन्य निजी अस्पताल लेकर गए थे, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया था। डॉक्टरों की घोषणा के बाद परिवार ने बच्चे का अंतिम संस्कार कर दिया था।



















