हापुड़ जिले में गढ़ कोतवाली अंतर्गत आने वाले स्याना चौपला के समीप राष्ट्रीय राजमार्ग पर एक बेहद दुखद सड़क दुर्घटना घटित हुई है। दिल्ली और लखनऊ को जोड़ने वाले व्यस्त हाईवे पर सड़क के बीच अचानक आए आवारा गोवंश को बचाने की कोशिश में तेज गति से जा रही गाड़ियां आपस में टकरा गईं। इस अचानक हुए हादसे में तीन यात्रियों की मौके पर ही मृत्यु हो गई, जबकि आठ अन्य लोग गंभीर रूप से चोटिल हो गए। दुर्घटना की तीव्रता इतनी अधिक थी कि एक पल में ही व्यस्त राजमार्ग पर चीख-पुकार मच गई और दोनों गाड़ियां पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गईं।
हादसे का घटनाक्रम और गाड़ियों की टक्कर
प्राप्त विवरण और पुलिस की ओर से दी गई जानकारी के अनुसार, दुर्घटना की शुरुआत तब हुई जब दिल्ली से बिजनौर की ओर जा रही एक तेज रफ्तार स्कॉर्पियो कार के सामने अचानक एक गाय आ गई। चालक ने मवेशी को बचाने के उद्देश्य से अचानक वाहन मोड़ने का प्रयास किया, जिससे गाड़ी से उसका नियंत्रण पूरी तरह से छूट गया। अनियंत्रित होकर स्कॉर्पियो डिवाइडर पार करते हुए सड़क की दूसरी दिशा में पलट गई। इसी दौरान सामने से, यानी बिजनौर की ओर से दिल्ली की तरफ आ रही एक अर्टिगा कार से स्कॉर्पियो की जोरदार सीधी टक्कर हो गई।
इस भीषण भिड़ंत के समय हाईवे से गुजर रहा एक स्कूटी सवार युवक भी गाड़ियों की चपेट में आ गया और दुर्घटनाग्रस्त वाहनों के नीचे दब गया। अचानक हुई इस भयानक टक्कर के बाद राजमार्ग पर यात्रियों में अफरा-तफरी फैल गई। आसपास के लोग तुरंत मदद के लिए दौड़े और पुलिस को सूचना दी।
राहत कार्य और घायलों का उपचार
घटना की सूचना मिलने के तुरंत बाद स्थानीय गढ़ कोतवाली पुलिस बल मौके पर पहुंचा। स्थानीय नागरिकों और पुलिसकर्मियों ने मिलकर क्षतिग्रस्त वाहनों में फंसे लोगों को बाहर निकाला। दुर्घटना में घायल हुए सभी आठ व्यक्तियों को तत्काल इलाज के लिए नजदीकी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया गया।
चिकित्सकों ने प्राथमिक उपचार देने के पश्चात दो लोगों की गंभीर स्थिति को देखते हुए उन्हें बेहतर चिकित्सा के लिए मेरठ मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया है। बाकी छह घायलों की हालत स्थिर बताई जा रही है और उनका इलाज स्थानीय स्वास्थ्य केंद्र में जारी है, जिन्हें जल्द ही अस्पताल से छुट्टी मिलने की संभावना है। हादसे में जान गंवाने वाले तीनों मृतक अर्टिगा कार में सवार होकर बिजनौर से दिल्ली जा रहे थे। पुलिस ने मृतकों के शवों को कब्जे में लेकर उनकी पहचान स्थापित की और उनके परिजनों को इस त्रासदी की जानकारी दे दी है।
यातायात बहाली और पुलिस जांच
दुर्घटनाग्रस्त गाड़ियों के हाईवे के बीचों-बीच पलटने के कारण दिल्ली-लखनऊ मार्ग पर कुछ समय के लिए वाहनों की लंबी कतारें लग गईं और यातायात बाधित हो गया। मौके पर मौजूद पुलिस टीम ने तुरंत क्रेन बुलवाकर सड़क पर बिखरे वाहनों के मलबे को हटवाया और रास्ता साफ कराकर गाड़ियों का आवागमन फिर से सुचारू रूप से चालू कराया।
अपर पुलिस अधीक्षक विनीत भटनागर ने हादसे की पुष्टि करते हुए बताया कि प्राथमिक दृष्टया यह मामला सड़क पर अचानक जानवर आने से हुआ एक दुखद हादसा प्रतीत होता है। उन्होंने कहा कि पुलिस टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए सभी पीड़ितों को चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई है। पुलिस प्रशासन द्वारा वैधानिक प्रक्रिया पूरी की जा रही है और घटना के सभी संभावित पहलुओं की विस्तृत जांच जारी है।



















