उत्तर प्रदेश के मिर्जापुर जिले में शिक्षित बेरोजगार युवाओं के लिए कृषि विभाग ने आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनने का एक सुनहरा मौका दिया है। डिजिटल कृषि सुधारों के तहत विभाग एग्रीस्टैक परियोजना के लिए प्राइवेट सर्वेयर की नियुक्ति कर रहा है। इस प्रक्रिया के तहत खेतों का सर्वे किया जाएगा, जिसे ई-खसरा पड़ताल का नाम दिया गया है। जिन युवाओं के पास न्यूनतम शैक्षणिक योग्यता और एक एंड्रॉइड स्मार्टफोन है, वे बहुत ही कम समय में अच्छी आय अर्जित कर सकते हैं।
क्या है एग्रीस्टैक ई-खसरा पड़ताल?
ई-खसरा पड़ताल पारंपरिक रूप से होने वाली खसरा पड़ताल का ही आधुनिक और डिजिटल रूप है। कृषि उप निदेशक विकेश कुमार पटेल के अनुसार, इस योजना के तहत नियुक्त सर्वेयरों को आवंटित कृषि भूखंडों या गाटों पर व्यक्तिगत रूप से जाना होगा। खेत पर पहुंचने के बाद सर्वेयरों को वहां बोई गई फसलों की पहचान करनी होगी। इसके बाद अपने एंड्रॉइड मोबाइल ऐप के जरिए फसल की फोटो खींचकर उसे ऑनलाइन डिजिटल पोर्टल पर अपलोड करना होगा। इससे पूरे क्षेत्र की फसलों का सटीक डेटाबेस तैयार किया जा सकेगा।
मानदेय और संभावित कमाई
सरकार ने इस सर्वे कार्य में शामिल होने वाले प्राइवेट सर्वेयरों के लिए पारदर्शी मानदेय दरें तय की हैं। एक गाटे का सफलतापूर्वक सर्वे पूरा करने और फोटो अपलोड करने पर सर्वेयर को 10 रुपये का मानदेय प्रदान किया जाएगा। काम के समान वितरण को ध्यान में रखते हुए कृषि विभाग ने प्रति सर्वेयर अधिकतम 3,000 गाटों के सर्वे की सीमा निर्धारित की है।
10 रुपये प्रति गाटा की दर से यदि कोई सर्वेयर 3,000 गाटों का काम पूरा कर लेता है, तो उसकी कुल कमाई 30,000 रुपये तक हो जाएगी। विभागीय अधिकारियों का आकलन है कि लगन से काम करने वाले युवा इस लक्ष्य को 10 से 15 दिनों के भीतर आसानी से पूरा कर सकते हैं। इस प्रकार यह स्थानीय युवाओं के लिए अल्पकालिक कमाई का एक बेहतरीन जरिया साबित हो रहा है।
पात्रता और आवश्यक योग्यताएं
कृषि विभाग ने इस भर्ती प्रक्रिया को बेहद सरल रखा है ताकि अधिक से अधिक युवा इसका लाभ उठा सकें। प्राइवेट सर्वेयर बनने के लिए निम्नलिखित शैक्षणिक और तकनीकी शर्तें पूरी होना आवश्यक है
- शैक्षणिक योग्यता: आवेदक का किसी मान्यता प्राप्त बोर्ड से हाईस्कूल (10वीं) और इंटरमीडिएट (12वीं) पास होना अनिवार्य है।
- उपकरण की आवश्यकता: आवेदक के पास एक चालू स्थिति वाला एंड्रॉइड स्मार्टफोन होना चाहिए ताकि सर्वे ऐप आसानी से चल सके।
- व्यावहारिक ज्ञान: आवेदक को मोबाइल एप्लीकेशन चलाने का सामान्य ज्ञान होना चाहिए, साथ ही खेत में लगी फसलों की सही पहचान करने की क्षमता होनी चाहिए।
आवेदन की प्रक्रिया और स्थान का चयन
एग्रीस्टैक सर्वे कार्य में रुचि रखने वाले योग्य अभ्यर्थी एग्री यूपी पोर्टल या मोबाइल एप्लीकेशन के माध्यम से अपना आवेदन जमा कर सकते हैं। आवेदन प्रक्रिया के दौरान अभ्यर्थियों को अपनी सुविधानुसार क्षेत्र चुनने का विकल्प मिलता है। युवा अपनी स्वयं की ग्राम पंचायत में या फिर पास की किसी अन्य ग्राम पंचायत में सर्वेयर पद के लिए आवेदन कर सकते हैं।



















