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ईरान के हमलों से दहला होर्मुज जलडमरूमध्य, तीन दिनों में पांच तेल टैंकरों पर हमले के बाद समुद्री कारोबार ठपअमेरिका
2 अक्तू॰ 2026, 8:38 am (28 दिन पहले)· 5

ईरान के हमलों से दहला होर्मुज जलडमरूमध्य, तीन दिनों में पांच तेल टैंकरों पर हमले के बाद समुद्री कारोबार ठप

रणनीतिक होर्मुज जलडमरूमध्य में बीते 72 घंटों के भीतर 5 जहाजों को निशाना बनाया गया है, जिससे वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति और व्यापारिक जहाजों की सुरक्षा पर गहरा संकट पैदा हो गया है।

फारस की खाड़ी और ओमान की खाड़ी को जोड़ने वाले संवेदनशील समुद्री मार्ग पर लगातार हो रहे हमलों ने दुनिया भर की चिंता बढ़ा दी है। इस पूरे समुद्री गलियारे में सुरक्षा के कड़े वादों के बावजूद हालात बेहद तनावपूर्ण बने हुए हैं। पिछले बहत्तर घंटों के दौरान इस प्रमुख समुद्री रास्ते पर पांच जहाजों पर सुनियोजित तरीके से हमले किए जा चुके हैं। हालिया घटना में ओमान के तट के करीब एक विशालकाय सुपरटैंकर को निशाना बनाया गया, जिसके तुरंत बाद उसमें भीषण आग भड़क उठी।

ओमान तट के पास सुपरटैंकर बना ताजा शिकार

समुद्री सुरक्षा से जुड़ी संस्था यूकेएमटीओ के अनुसार, ओमान के समुद्री तट से करीब आठ किलोमीटर की दूरी पर एक टैंकर हमले की चपेट में आ गया। राहत की बात यह रही कि जहाज पर सवार चालक दल पूरी तरह सुरक्षित बच निकलने में कामयाब रहा, हालांकि पोत को पहुंचे वास्तविक नुकसान का सटीक ब्योरा तत्काल सामने नहीं आ सका। स्थानीय सूचनाओं के हवाले से बताया गया है कि यह पोत करीब 25 लाख बैरल कच्चे तेल की ढुलाई क्षमता वाला एक सुपरटैंकर था। इस ताजा वारदात की जिम्मेदारी को लेकर किसी भी पक्ष से कोई स्वतंत्र औपचारिक पुष्टि नहीं की गई है।

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72 घंटे के भीतर पांच जहाजों को बनाया गया निशाना

यह हालिया हमला उस घटनाक्रम के ठीक बाद हुआ है, जब 29 सितंबर को भी तीन व्यापारिक टैंकरों पर घातक हमले दर्ज किए गए थे। महज तीन दिनों के अंतराल में कुल पांच जहाजों के क्षतिग्रस्त होने से इस व्यस्त जलमार्ग से गुजरने वाले नाविकों और कंपनियों में भारी घबराहट फैल गई है। लाल सागर में हूती गतिविधियों और दूसरी ओर ओमान से लेकर फारस की खाड़ी तक ईरानी सैन्य सक्रियता ने पूरे अंतरराष्ट्रीय व्यापार चक्र को हिलाकर रख दिया है।

ग्लोबल एनर्जी कॉरिडोर पर गहराया आपूर्ति संकट

दुनिया भर में कच्चे तेल और गैस की ढुलाई के लिए जीवनरेखा माना जाने वाला यह मार्ग अब बड़े टकराव के मुहाने पर खड़ा नजर आ रहा है। पश्चिमी देशों और खासकर अमेरिकी सुरक्षा भरोसे के बावजूद जरूरी सामानों, गैस और तेल से भरे व्यावसायिक जहाजों पर हमले थम नहीं रहे हैं। स्थिति इतनी गंभीर हो चुकी है कि टकराव शुरू होने के बाद से इस मार्ग से गुजरने वाले व्यापारिक जहाजों का यातायात घटकर न के बराबर रह गया है, जिससे अंतरराष्ट्रीय ऊर्जा आपूर्ति बुरी तरह प्रभावित हो रही है।

सवाल-जवाब

होर्मुज जलडमरूमध्य में पिछले 72 घंटों में कितने जहाजों पर हमला हुआ है?
पिछले 72 घंटों के भीतर कुल 5 व्यापारिक जहाजों को हमलों का शिकार बनाया गया है।
ताजा हमले का शिकार कौन सा पोत हुआ है?
ओमान के तट से लगभग 8 किलोमीटर दूर करीब 25 लाख बैरल क्षमता वाला एक सुपरटैंकर हमले की चपेट में आया, जिसके बाद उसमें आग लग गई।
क्या हालिया हमले में चालक दल को कोई नुकसान पहुंचा है?
समुद्री सुरक्षा एजेंसी यूकेएमटीओ के मुताबिक जहाज का चालक दल सुरक्षित है, जबकि पोत के नुकसान का आकलन किया जा रहा है।
29 सितंबर को क्या घटनाक्रम सामने आया था?
29 सितंबर को इसी समुद्री क्षेत्र में तीन अलग-अलग तेल टैंकरों को निशाना बनाए जाने की जानकारी सामने आई थी।
इन हमलों का वैश्विक तेल परिवहन पर क्या असर पड़ा है?
तनाव और हमलों के कारण इस महत्वपूर्ण जलमार्ग से तेल और गैस लदे जहाजों की आवाजाही घटकर लगभग न के बराबर रह गई है।
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