टेक दिग्गज गूगल ने मैक कंप्यूटरों के लिए एक नया ऑन-डिवाइस टूल पेश किया है, जिसका नाम गूगल एआई एज फोरसाइट रखा गया है। यह नया सॉफ्टवेयर पूरी तरह से डिवाइस पर ही काम करता है और सीधे तौर पर ग्रेनोला जैसे लोकप्रिय एआई नोट-टेकिंग टूल्स को टक्कर देता है। इससे पहले अप्रैल के महीने में इसी टीम ने लोकल मॉडल पर चलने वाला एक एआई डिक्टेशन टूल जारी किया था, और अब यह नया एप्लिकेशन वर्चुअल और आमने-सामने की बैठकों के नोट्स तैयार करने के लिए तैयार किया गया है।
डिवाइस पर ही रन करेगा एम्बेडिंगजेमा मॉडल
इस मैक ऐप की सबसे बड़ी खासियत यह है कि यह पूरी तरह ऑफलाइन काम कर सकता है। इसके लिए ऐप में 74 करोड़ यानी 740 मिलियन पैरामीटर्स वाला ऑन-डिवाइस एम्बेडिंगजेमा 2 मॉडल इस्तेमाल किया गया है। यह मॉडल अलग-अलग ऐप्स में चलने वाली बैठकों के साथ-साथ इन-पर्सन यानी आमने-सामने की बैठकों की बातचीत को भी बिना किसी क्लाउड कनेक्शन के आसानी से कैप्चर कर लेता है। कंपनी के एफएक्यू पेज के अनुसार, इस टूल को खास तौर पर एप्पल सिलिकॉन प्रोसेसर के लिए ऑप्टिमाइज किया गया है, जिसका मतलब है कि यात्रा के दौरान या इंटरनेट न होने पर भी नोट्स पर बिना रुकावट काम किया जा सकता है।
स्प्लिट-स्क्रीन व्यू और नॉलेज बेस की सुविधा
यह एप्लिकेशन लोकप्रिय नोट-टेकर ग्रेनोला से काफी मिलता-जुलता डिजाइन पेश करता है। इसमें यूजर्स को स्प्लिट-स्क्रीन इंटरफेस मिलता है, जहां स्क्रीन के एक तरफ यूजर खुद शॉर्टहैंड में जरूरी बातें लिख सकते हैं और दूसरी तरफ सिस्टम का एआई-जनरेटेड नोट अपने आप तैयार होता रहता है। मीटिंग के लाइव ट्रांसक्रिप्शन के साथ-साथ हाथ से नोट्स लिखने की पूरी आजादी यहां मिलती है। इसके अलावा, यूजर पूरी बातचीत का ट्रांसक्रिप्ट देख सकते हैं या जेमा 4 मॉडल से लैस चैट असिस्टेंट से सीधे सवाल पूछकर जवाब ले सकते हैं।
अपनी जानकारी को और समृद्ध बनाने के लिए यूजर इसमें कई तरह के दस्तावेज अपलोड करके एक व्यक्तिगत नॉलेज बेस भी तैयार कर सकते हैं। यह ऐप पीडीएफ, गूगल डॉक्स, माइक्रोसॉफ्ट ऑफिस फाइलें, सादा टेक्स्ट, मार्कडाउन और वेब बुकमार्क्स जैसे प्रारूपों को सपोर्ट करता है। अगर किसी बैठक के दौरान नॉलेज बेस से जुड़े किसी दस्तावेज पर चर्चा होती है, तो ऐप उस डाटा का इस्तेमाल करके उसी समय रियल टाइम में सवालों के सटीक जवाब दे सकता है।
मीटिंग नोट-टेकिंग बाजार में बढ़ता मुकाबला
गूगल का पिछला डिक्टेशन ऐप एक प्रयोग जैसा था जो मुख्यधारा के इस्तेमाल तक नहीं पहुंच सका, इसलिए माना जा रहा है कि यह नया टूल ऑफलाइन जेमा मॉडल्स की तकनीकी क्षमता का प्रदर्शन करने का जरिया हो सकता है। संभावना यह भी है कि आगे चलकर कंपनी अपने क्लाउड आधारित जेमिनी मॉडल्स पर चलने वाला एक उपभोक्ता वर्जन भी ला सकती है, जो वीडियो कॉलिंग ऐप्स के साथ काम कर सके।
वर्तमान में मीटिंग नोट-टेकर का बाजार काफी प्रतिस्पर्धी और भीड़भाड़ वाला हो चुका है, लेकिन कंपनियां लगातार अपने उत्पाद उतार रही हैं। हाल के महीनों में डिक्टेशन कंपनी विस्पर और शेड्यूलिंग कंपनी कैलेंडली ने भी अपने नोट-टेकिंग टूल्स बाजार में पेश किए हैं। वहीं दूसरी तरफ, प्रोडक्टिविटी स्टार्टअप सुपरह्यूमन, जिसे पहले ग्रामरली के नाम से जाना जाता था, उसने पिछले महीने वाई कॉम्बिनेटर समर्थित नोट-टेकर फैदम का अधिग्रहण किया था।



















