असम के तामुलपुर जिले से एक दुखद खबर सामने आई है, जहां बोडोलैंड प्रादेशिक परिषद (बीटीसी) के उपाध्यक्ष बिजित ग्वरा नार्जारी का 26 अगस्त 2026 की शाम निधन हो गया। उनका शव कुमरीकाटा स्थित उनके निजी आवास पर पाया गया। बिजित ग्वरा नार्जारी भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) से जुड़े वरिष्ठ नेता थे और स्वायत्त परिषद में दरंगाजुली निर्वाचन क्षेत्र का प्रतिनिधित्व करते थे। उनके अचानक निधन की खबर फैलते ही पूरे क्षेत्र के राजनीतिक हलकों और स्थानीय जनता में शोक की लहर दौड़ गई है।
घटनास्थल पर पहुंची पुलिस, जांच जारी
आवास पर नेता का शव मिलने की सूचना के बाद स्थानीय पुलिस प्रशासन तुरंत हरकत में आया। पुलिस अधिकारियों ने स्थिति का जायजा लेते हुए घटना से जुड़ी तमाम परिस्थितियों की प्राथमिक जांच शुरू कर दी है। प्रशासनिक अधिकारियों का कहना है कि वे मामले के हर पहलू को ध्यान में रखकर पड़ताल कर रहे हैं। फिलहाल मौत के वास्तविक कारणों का पता नहीं चल पाया है और पुलिस कानूनी प्रक्रियाओं के आधार पर स्थिति स्पष्ट करने में जुटी है।
बीटीसी प्रमुख हग्रामा मोहिलारी ने जताया गहरा शोक
नार्जारी के असामयिक निधन पर क्षेत्र के कई प्रमुख राजनीतिक दिग्गजों ने अपनी संवेदनाएं व्यक्त की हैं। बोडोलैंड प्रादेशिक परिषद (बीटीसी) के प्रमुख और बोडोलैंड पीपुल्स पार्टी (बीपीएफ) के अध्यक्ष हग्रामा मोहिलारी ने इस घटना पर गहरा दुख जताया। उन्होंने बिजित ग्वरा नार्जारी के निधन को सार्वजनिक जीवन और स्थानीय समाज के लिए एक बहुत बड़ी क्षति बताया। मोहिलारी ने दिवंगत नेता के शोकाकुल परिवार, मित्रों और समर्थकों के प्रति संवेदना प्रकट की और ईश्वर से दिवंगत आत्मा की शांति की प्रार्थना की।
सांसद प्रमोद बोरो ने अर्पित की श्रद्धांजलि
यूनाइटेड पीपुल्स पार्टी लिबरल (यूपीपीएल) के अध्यक्ष और सांसद प्रमोद बोरो, जो पूर्व में बीटीसी के प्रमुख भी रह चुके हैं, ने भी नार्जारी की मृत्यु पर गहरा दुख व्यक्त किया है। प्रमोद बोरो ने परिजनों के प्रति अपनी हार्दिक संवेदनाएं प्रकट करते हुए कहा कि वह इस कठिन समय में परिवार को शक्ति मिलने की ईश्वर से कामना करते हैं। उन्होंने दिवंगत आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की।





















