गर्मी में ब्रेकिंग सिस्टम को सबसे ज्यादा खतरा क्यों?
जब तापमान आसमान छूता है, तो कार के सभी पुर्जों पर इसका असर पड़ता है, लेकिन ब्रेकिंग सिस्टम सबसे ज्यादा प्रभावित होता है। तेज धूप में ड्राइव के दौरान हर बार ब्रेक लगाने पर घर्षण (friction) के कारण ब्रेक पैड्स और डिस्क में बड़ी मात्रा में हीट पैदा होती है। यह हीट अगर एक सीमा से ऊपर चली जाए, तो ब्रेक काम करना बंद कर सकते हैं और जानलेवा हादसा हो सकता है। इसीलिए गर्मियों में सुरक्षित ड्राइविंग के लिए ब्रेक की देखभाल को नजरअंदाज करना महंगा पड़ सकता है।
1. ब्रेक फ्लूइड की जांच सबसे पहले करें
ब्रेक फ्लूइड पूरे ब्रेकिंग सिस्टम की जान होता है। गर्मियों में इसका लेवल तेजी से घट सकता है और पुराना या खराब फ्लूइड ब्रेक की क्षमता को कमजोर कर देता है। हर महीने बोनट खोलकर ब्रेक फ्लूइड का लेवल देखना चाहिए। अगर फ्लूइड का रंग गहरा या काला पड़ गया हो, तो बिना देर किए मैकेनिक से उसे बदलवाएं।
2. ब्रेक पैड्स कितने घिसे हैं, यह जानना जरूरी है
बार-बार ब्रेक लगाने से पैड धीरे-धीरे घिसते हैं और गर्मी की वजह से यह प्रक्रिया और तेज हो जाती है। गाड़ी से चीं-चीं की आवाज आना या ब्रेक लगाते समय धातु टकराने जैसी कर्कश ध्वनि सुनाई देना साफ संकेत है कि पैड अपनी उम्र पूरी कर चुके हैं। इन्हें समय पर बदलना जरूरी है, वरना ब्रेक डिस्क भी खराब होने लगेगी और मरम्मत का खर्च कई गुना बढ़ जाएगा।
3. रोटर्स और डिस्क में दरार या मुड़ाव तो नहीं?
ब्रेक रोटर्स और डिस्क तेज गर्मी और लगातार घर्षण के कारण बहुत ऊंचे तापमान तक पहुंच जाते हैं। अत्यधिक हीट की वजह से कई बार इनमें हल्की दरारें आ जाती हैं या ये मुड़ (warp) जाते हैं। ब्रेक दबाते समय स्टीयरिंग व्हील या ब्रेक पेडल में कंपन (vibration) महसूस हो, तो यह रोटर की समस्या का इशारा है। इस स्थिति में तुरंत मैकेनिक से जांच करवाएं।
4. ड्राइविंग का तरीका बदलें, ब्रेक बचाएं
ढलान पर उतरते वक्त या भारी ट्रैफिक में लगातार ब्रेक दबाए रखने से ब्रेक ओवरहीट हो जाते हैं। इसके बजाय गाड़ी को धीमा करने के लिए इंजन ब्रेकिंग यानी लोअर गियर का उपयोग करना चाहिए। साथ ही आगे चल रही गाड़ी से हमेशा पर्याप्त दूरी बनाए रखें ताकि अचानक जोर से ब्रेक लगाने की नौबत न आए।
5. समय पर सर्विसिंग कराएं, लंबे सफर की चिंता मिटाएं
गर्मी का मौसम शुरू होते ही या कोई लंबी ट्रिप प्लान करने से पहले पूरी कार की सर्विसिंग करवाएं। मैकेनिक से ब्रेक कैलिपर्स की ग्रीसिंग और पूरे ब्रेक सिस्टम की सफाई करवाना जरूरी है। इसके अलावा ब्रेक लाइन्स में फंसी हवा को निकलवाना (bleeding) भी उतना ही अहम है क्योंकि इससे ब्रेक की पकड़ और रिस्पॉन्स काफी बेहतर हो जाते हैं और हर सफर सुरक्षित रहता है।













