रिलीज से पहले का तूफानी सफर
बॉलीवुड में अक्सर देखा गया है कि जो फिल्में विवादों में घिर जाती हैं, उनकी बॉक्स ऑफिस पर सफलता की संभावना बढ़ जाती है। यह एक स्थापित ट्रेंड है। ऐसा ही कुछ 2018 में रिलीज हुई संजय लीला भंसाली की फिल्म 'पद्मावत' के साथ हुआ। फिल्म को रिलीज से पहले कई राज्यों में प्रतिबंधों और कड़े विरोध प्रदर्शनों का सामना करना पड़ा, लेकिन सुप्रीम कोर्ट के हस्तक्षेप के बाद जब यह सिनेमाघरों में आई, तो इसने इतिहास रच दिया और एक ब्लॉकबस्टर फिल्म साबित हुई।
'पद्मावती' से 'पद्मावत' तक: कहानी और किरदार
शुरुआत में इस फिल्म का नाम 'पद्मावती' था, जिसे बाद में बदलकर 'पद्मावत' कर दिया गया। फिल्म की कहानी अद्भुत सौंदर्य और न्याय की समझ के लिए प्रसिद्ध रानी पद्मावती पर आधारित थी, जो चित्तौड़ के राजा महारावल रतन सिंह की पत्नी थीं। फिल्म में Deepika Padukone ने रानी पद्मावती का किरदार निभाया था, जबकि Ranveer Singh ने अलाउद्दीन खिलजी और Shahid Kapoor ने महारावल रतन सिंह की मुख्य भूमिकाएँ निभाई थीं। Aditi Rao Hydari भी एक सहायक भूमिका में थीं। फिल्म की कहानी और स्क्रीनप्ले Sanjay Leela Bhansali और Prakash Kapadia ने लिखा था, और इसका संगीत भी Sanjay Leela Bhansali ने ही तैयार किया था।
विरोध प्रदर्शनों का दौर और कानूनी लड़ाई
फिल्म को Rajasthan, Haryana, MP और UP सहित चार राज्यों में राजपूत समुदाय से भारी विरोध का सामना करना पड़ा। प्रदर्शनकारियों का दावा था कि फिल्म में Maharani Padmini और Alauddin Khilji के बीच एक रोमांटिक एंगल दिखाया गया है, जबकि फिल्म में ऐसा कुछ भी नहीं था। 'घूमर' नृत्य सीक्वेंस को लेकर भी काफी विवाद हुआ था। विरोध प्रदर्शनों के दौरान कई बार फिल्म के सेट पर तोड़फोड़ की गई और Jaipur के Jaigarh Fort में शूटिंग के दौरान Rajput Karni Sena के सदस्यों ने Sanjay Leela Bhansali पर हमला भी किया था। इन विरोधों के चलते इन चारों राज्यों की सरकारों ने फिल्म की रिलीज पर प्रतिबंध लगा दिया था। मामला Supreme Court तक पहुंचा, जहाँ कानूनी लड़ाई जीतने के बाद ही Sanjay Leela Bhansali फिल्म को रिलीज कर पाए। एक दिलचस्प तथ्य यह भी है कि रिलीज से पहले इस फिल्म का 160 करोड़ रुपये का बीमा कराया गया था।
कलाकारों का समर्पण और यादगार प्रदर्शन
फिल्म की सफलता में कलाकारों के बेहतरीन प्रदर्शन का बड़ा हाथ था।
Deepika Padukone का 'घूमर' और उनकी फीस
Deepika Padukone ने फिल्म में 'घूमर' नृत्य को खूबसूरती से प्रस्तुत किया। इस नृत्य के लिए उन्होंने 3 किलो वजन की ज्वेलरी पहनी थी। उन्होंने Rajsthani नृत्य शिक्षिका Jyoti D. Tomar से 12 दिनों तक, हर रोज 3 घंटे, विशेष प्रशिक्षण लिया था। इस फिल्म के लिए Deepika Padukone ने 12 करोड़ रुपये की फीस ली थी।
Ranveer Singh का अलाउद्दीन खिलजी: एक गहन अनुभव
Ranveer Singh ने अलाउद्दीन खिलजी के किरदार में जान फूंकने के लिए अविश्वसनीय समर्पण दिखाया। उन्होंने अपने किरदार की तैयारी के लिए खुद को 21 दिनों तक एक होटल में बंद रखा था। Ranveer Singh ने अपने किरदार अलाउद्दीन खिलजी को 'दानव' बताया था। उन्होंने इस भूमिका को इतनी शिद्दत से निभाया कि यह उनकी पहचान बन गई और उन्हें सबसे ज्यादा तारीफ मिली। इस गहन अनुभव का उन पर इतना गहरा मानसिक प्रभाव पड़ा कि उन्हें सामान्य जीवन में लौटने के लिए मनोचिकित्सक की मदद लेनी पड़ी।
विवादों के बाद मिली शानदार सफलता
215 करोड़ रुपये के बजट में बनी 'पद्मावत' ने वैश्विक स्तर पर 545 करोड़ रुपये का शानदार कलेक्शन किया, जिससे यह एक बड़ी ब्लॉकबस्टर साबित हुई। फिल्म की कहानी दर्शकों को पहले से पता थी, लेकिन जिस तरह से Sanjay Leela Bhansali ने इसे पर्दे पर पेश किया, उससे हर दर्शक हैरान रह गया। फिल्म में Rani Padmini के जौहर की कहानी को क्लाइमैक्स में बेहद भावनात्मक तरीके से दिखाया गया था। रिलीज के बाद फिल्म को किसी तरह के विरोध का सामना नहीं करना पड़ा, और Ranveer Singh का अलाउद्दीन खिलजी का किरदार हर तरफ छा गया।













