मुकेश अंबानी की रिलायंस रिटेल वेंचर्स लिमिटेड ने वित्त वर्ष 2027 की पहली तिमाही के लिए अपने वित्तीय नतीजे पेश किए हैं। कंपनी के विवरण के अनुसार, 30 जून 2026 को समाप्त हुई तिमाही के दौरान सकल राजस्व सालाना आधार पर 7.4 प्रतिशत बढ़कर 90,408 करोड़ रुपये हो गया है। परिचालन से प्राप्त राजस्व में भी 8.2 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई है, जो कुल 79,745 करोड़ रुपये रही। यदि उपभोक्ता ब्रांड व्यवसाय के विलीनीकरण के प्रभाव को हटाकर देखा जाए, तो सकल राजस्व में 11.6 प्रतिशत की प्रभावशाली बढ़त दिखाई देती है। यह विकास ग्रोसरी, फैशन, लाइफस्टाइल और उपभोक्ता इलेक्ट्रॉनिक्स जैसे क्षेत्रों में मजबूत प्रदर्शन के कारण संभव हुआ है।
मुनाफा और परिचालन मार्जिन
कंपनी का शुद्ध लाभ पिछले वर्ष की इसी अवधि की तुलना में 14.1 प्रतिशत गिरकर 2,805 करोड़ रुपये रह गया है। वहीं, परिचालन लाभ यानी EBITDA में 1.1 प्रतिशत की मामूली कमी दर्ज की गई है, जो 6,309 करोड़ रुपये रहा। कंपनी के परिचालन मार्जिन में 80 बेसिस पॉइंट्स की गिरावट देखी गई है, जिससे यह 7.9 प्रतिशत पर आ गया है। रिलायंस इंडस्ट्रीज के चेयरमैन और मैनेजिंग डायरेक्टर मुकेश अंबानी ने इस प्रदर्शन पर टिप्पणी करते हुए कहा कि कंपनी ने सभी फॉर्मेट्स और चैनल्स में स्थिर विकास दिखाया है।
विस्तार और डिजिटल कॉमर्स का दबदबा
नेटवर्क विस्तार के मोर्चे पर, रिलायंस रिटेल ने चालू तिमाही में 252 नए स्टोर खोले हैं। इसके साथ ही कंपनी के कुल स्टोर्स की संख्या बढ़कर 20,169 हो गई है और अब इनका कुल परिचालन क्षेत्र 78.4 मिलियन वर्ग फीट तक पहुंच गया है। ग्राहकों की संख्या में भी इजाफा हुआ है और यह सालाना आधार पर 10.6 प्रतिशत बढ़कर 396 मिलियन के आंकड़े को पार कर गई है। तिमाही के दौरान कुल लेनदेन की संख्या 568 मिलियन रही, जो पिछले वर्ष की तुलना में 46 प्रतिशत अधिक है।
डिजिटल क्षेत्र की भूमिका
डिजिटल कॉमर्स रिलायंस रिटेल के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है। ग्रोसरी सेगमेंट में दैनिक ऑर्डर की संख्या में सालाना आधार पर 116 प्रतिशत का बड़ा उछाल देखा गया है। जियोमार्ट अब लगभग 5,500 पिन कोड्स तक सेवाएं प्रदान कर रहा है, जिसमें 2,500 से अधिक डिजिटल और फैशन स्टोर्स दो घंटे की डिलीवरी सेवा से जुड़े हैं। फैशन और लाइफस्टाइल में, डिजिटल कॉमर्स की हिस्सेदारी कुल राजस्व में 27.3 प्रतिशत रही। ईशा अंबानी, जो रिलायंस रिटेल वेंचर्स की एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर हैं, ने कहा कि कंपनी का लगातार निवेश डिजिटल प्लेटफॉर्म्स की परिवर्तनकारी शक्ति को रेखांकित करता है। इसके अतिरिक्त, शीन ने 30 मिलियन ऐप इंस्टॉलेशन का आंकड़ा पार कर लिया है, जबकि जियो लक्स ने अपने पोर्टफोलियो को 1,000 से अधिक ब्रांड्स तक विस्तारित किया है।





















