देश की पहली हाइड्रोजन ट्रेन आज पटरी पर उतर गई और इसने जींद से सोनीपत के बीच अपना पहला सफर पूरा किया। नई ट्रेन शुरू होते ही आम लोगों के मन में सबसे बड़ा सवाल इसके किराए को लेकर था कि आखिर पर्यावरण के अनुकूल इस आधुनिक ट्रेन में सफर करना जेब पर कितना भारी पड़ेगा। अब रेलवे ने इसका किराया सामने रख दिया है और आंकड़े बताते हैं कि यह सफर बेहद किफायती है।
जींद से पानीपत के बीच की दूरी करीब 70 किलोमीटर है और इस पूरे रास्ते का किराया सिर्फ 26 रुपये रखा गया है। इसका सीधा मतलब यह हुआ कि यात्रियों को प्रति किलोमीटर महज 36 पैसे चुकाने होंगे। यही आंकड़ा इस ट्रेन को खास बनाता है, क्योंकि दुनिया के जिन देशों में हाइड्रोजन ट्रेनें चल रही हैं, वहां यात्रियों को इसके मुकाबले कई गुना ज्यादा पैसे देने पड़ते हैं।
किन देशों में दौड़ रही हैं ये ट्रेनें
फिलहाल हाइड्रोजन ट्रेनें जर्मनी, चीन, जापान, फ्रांस, स्वीडन और इंग्लैंड में चल रही हैं। इनमें सबसे उन्नत तकनीक वाली ट्रेन जर्मनी की मानी जाती है। इन ट्रेनों की सबसे बड़ी खूबी यह है कि ये पूरी तरह जीरो उत्सर्जन वाली हैं, यानी इनसे प्रदूषण नहीं फैलता। पर्यावरण के अनुकूल होने की वजह से ही दुनियाभर में इन्हें तेजी से अपनाया जा रहा है।
विदेशों में कितना है किराया
जर्मनी में हाइड्रोजन ट्रेन का औसत किराया करीब 7 से 10 रुपये प्रति किलोमीटर तक पहुंच जाता है, हालांकि यह रूट, समय और श्रेणी पर निर्भर करता है। चीन के फोशान शहर में दुनिया की पहली हाइड्रोजन ट्राम साल 2019 में शुरू हुई थी, लेकिन ज्यादा लागत और कम यात्रियों के कारण इसे 2024 में बंद करना पड़ा। वहां दूरी के हिसाब से किराया 5 से 7 रुपये प्रति किलोमीटर था। जापान में योकोहामा और कावासाकी मार्ग पर ये ट्रेनें 2022 से परीक्षण के तौर पर दौड़ रही हैं, जहां किराया करीब 10 से 15 रुपये प्रति किलोमीटर है। इंग्लैंड में कैलिफोर्निया के रेडलैंड्स और सैन बर्नार्डिनो के बीच जल्द हाइड्रोजन ट्रेन शुरू होने वाली है, जिसका अनुमानित किराया 12 से 15 रुपये प्रति किलोमीटर तक हो सकता है। इस तुलना से साफ है कि भारत में यह सफर बेहद सस्ता है।
आगे की बड़ी योजना
रेलवे ने हाइड्रोजन हेरीटेज के तहत कुल 35 हाइड्रोजन ट्रेनें चलाने की योजना बनाई है। इसमें प्रति ट्रेन की लागत करीब 80 करोड़ रुपये आंकी गई है, जबकि जमीन और इंफ्रास्ट्रक्चर पर 70 करोड़ रुपये का अनुमान है। यह खर्च खासतौर पर हेरीटेज और हिल रूट के लिए तय किया गया है।


















