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सोने की कीमतों में लगातार तीसरे दिन उछाल, 100 ग्राम पर 13,700 रुपये तक बढ़े भाव जबकि चांदी की चाल सुस्तव्यापार
29 अक्तू॰ 2026, 9:35 am (2 घंटे पहले)· 0

सोने की कीमतों में लगातार तीसरे दिन उछाल, 100 ग्राम पर 13,700 रुपये तक बढ़े भाव जबकि चांदी की चाल सुस्त

भारतीय सर्राफा बाजार में 28 अक्टूबर को 18K, 22K और 24K सोने की दरों में जोरदार तेजी दर्ज की गई, जबकि चांदी स्थिर बनी रही।

घरेलू सर्राफा बाजार में कीमती धातुओं के खरीदारों को लगातार झटके लग रहे हैं। 28 अक्टूबर को देश भर के प्रमुख शहरों में पीली धातु के भाव में लगातार तीसरे कारोबारी सत्र में तेजी देखी गई। इस लगातार बढ़त के कारण 24 कैरेट, 22 कैरेट और 18 कैरेट शुद्धता वाले आभूषणों की खुदरा खरीदारी काफी महंगी हो गई है, जिससे त्योहारी या निजी जरूरतों के लिए आभूषण खरीदने पहुंचे आम ग्राहकों के चेहरे पर निराशा साफ देखी जा सकती है। तीन दिनों की इस तूफानी तेजी के चलते 100 ग्राम सोने की खरीद पर भाव लगभग 13,700 रुपये तक बढ़ चुके हैं।

चांदी के दाम में नहीं दिखा कोई बदलाव

एक तरफ जहां सोने के खरीदारों की जेब पर अतिरिक्त भार पड़ा है, वहीं दूसरी तरफ चांदी के बाजार में शांति का माहौल रहा। औद्योगिक मांग और खुदरा लिवाली के बीच चांदी की दरों में स्थिरता का दौर जारी रहा। देश के घरेलू बाजार में चांदी के भाव में किसी भी तरह का उतार-चढ़ाव दर्ज नहीं किया गया।

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वर्तमान आंकड़ों के अनुसार, भारतीय बाजार में 1 किलोग्राम चांदी की कीमत 2,20,000 रुपये पर टिकी रही। इसी प्रकार, 100 ग्राम चांदी खरीदने वाले ग्राहकों के लिए कीमत 22,000 रुपये पर अपरिवर्तित दर्ज की गई। औद्योगिक इकाइयों और छोटे खुदरा निवेशकों के लिए दरों का यह ठहराव एक सीमित राहत लेकर आया है।

घरेलू बाजार में तकनीकी स्तर और खरीदारी की रणनीति

कीमती धातुओं के मौजूदा उतार-चढ़ाव के बीच तकनीकी विश्लेषक सोने में आगामी दिनों के लिए मुनाफावसूली या हल्की नरमी के आसार देख रहे हैं। निर्मल बंग सिक्योरिटीज ने अपनी बाजार समीक्षा में उल्लेख किया है कि कीमतों में संभावित गिरावट को खरीदारी के अवसर के रूप में देखा जा सकता है। ब्रोकरेज का मानना है कि सोने की कीमतों में पुलबैक देखने को मिल सकता है।

ब्रोकरेज की तकनीकी रणनीति के अनुसार, निवेशक 1,43,500 के स्तर पर खरीदारी की योजना बना सकते हैं। इस सौदे के लिए 1,42,500 पर स्टॉप लॉस लगाने की सलाह दी गई है, जबकि इसके लिए 1,45,000 से लेकर 1,46,200 रुपये तक का अल्पकालिक लक्ष्य निर्धारित किया गया है। यह रणनीतिक स्तर उन कारोबारियों के लिए उपयोगी साबित हो सकता है जो तकनीकी आधार पर ट्रेड करना पसंद करते हैं।

वैश्विक दबाव और ब्याज दरों का समीकरण

अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पिछले कुछ दिनों में बुलियन बाजार ने तेज उतार-चढ़ाव का सामना किया है। रिद्धिसिद्धि बुलियंस लिमिटेड के प्रबंध निदेशक, आईबीजेए के अध्यक्ष और जैन इंटरनेशनल ट्रेड ऑर्गनाइजेशन के चेयरमैन पृथ्वीराज कोठारी ने वैश्विक बाजार की स्थिति पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि पिछली अवधि में सोने में भारी बिकवाली देखी गई थी और बढ़ती ऊर्जा लागत ने महंगाई की चिंताओं को फिर से हवा दी है।

वैश्विक मंच पर ऊर्जा संकट के चलते अमेरिका में मौद्रिक नीति को लेकर अनिश्चितता बनी हुई है। यद्यपि अमेरिकी फेडरल रिजर्व की बैठक से पहले यह संकेत मिले हैं कि तत्काल दर वृद्धि नहीं होगी, फिर भी वित्तीय बाजारों में आगामी दिसंबर तक दरों में बढ़ोतरी की 82 प्रतिशत संभावना जताई जा रही है। मजबूत होते अमेरिकी डॉलर ने भी अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोने पर दबाव बनाने का काम किया है। इसके अलावा, खाड़ी क्षेत्र में कूटनीतिक वार्ताओं के बावजूद भू-राजनीतिक तनाव बना हुआ है।

सपोर्ट स्तर और आगे का दृष्टिकोण

बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि मौजूदा उतार-चढ़ाव के बाद दोनों कीमती धातुएं एक ठोस आधार तैयार करने की दिशा में बढ़ रही हैं। पृथ्वीराज कोठारी के अनुसार, तकनीकी रूप से सोना 3,950 डॉलर प्रति औंस के स्तर तक फिसल सकता है, जो घरेलू मुद्रा में लगभग 1,40,000 रुपये बैठता है। वहीं चांदी के लिए 50 डॉलर प्रति औंस का स्तर एक महत्वपूर्ण समर्थन क्षेत्र माना जा रहा है।

विशेषज्ञों का आकलन है कि एक बार मजबूत आधार तैयार हो जाने के बाद सोने और चांदी दोनों में 10 से 15 प्रतिशत तक की ठोस वापसी देखने को मिल सकती है। इस संभावित सुधार से आने वाले समय में निवेशकों को आकर्षक रिटर्न मिल सकता है, बशर्ते वे उचित तकनीकी स्तरों पर अपनी स्थिति बनाएं।

सवाल-जवाब

28 अक्टूबर को भारत में सोने की कीमतों में क्या रुझान रहा?
28 अक्टूबर को भारतीय बाजार में 18K, 22K और 24K सोने की कीमतों में लगातार तीसरे दिन तेजी दर्ज की गई।
तीन दिनों की रैली में सोने के भाव में कुल कितनी बढ़ोतरी हुई?
लगातार तीन कारोबारी सत्रों की बढ़त के दौरान 100 ग्राम सोने के दाम में लगभग 13,700 रुपये का इजाफा हुआ।
भारत में वर्तमान में 1 किलोग्राम और 100 ग्राम चांदी का भाव क्या है?
घरेलू बाजार में 1 किलोग्राम चांदी 2,20,000 रुपये पर और 100 ग्राम चांदी 22,000 रुपये पर बिना किसी बदलाव के स्थिर रही।
निर्मल बंग सिक्योरिटीज ने सोने के लिए क्या ट्रेडिंग स्तर सुझाए हैं?
ब्रोकरेज ने 1,42,500 के स्टॉप लॉस के साथ 1,43,500 पर खरीदारी की और 1,45,000 से 1,46,200 रुपये के लक्ष्य की सिफारिश की है।
पृथ्वीराज कोठारी ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सोने और चांदी के क्या तकनीकी सपोर्ट बताए हैं?
उन्होंने सोने के लिए 3,950 डॉलर (लगभग 1,40,000 रुपये) और चांदी के लिए 50 डॉलर का सपोर्ट स्तर बताया है।
दिसंबर में अमेरिकी ब्याज दरों में बढ़ोतरी की कितनी संभावना जताई जा रही है?
ट्रेडर्स और वित्तीय बाजारों के अनुसार दिसंबर में अमेरिकी ब्याज दर बढ़ने की 82 प्रतिशत संभावना आंकी गई है।
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