आज के डिजिटल युग में कंप्यूटर का ज्ञान केवल पढ़ाई तक सीमित नहीं रह गया है, बल्कि यह रोजगार के अवसरों के लिए भी बेहद आवश्यक बन चुका है। हालांकि, कई गरीब और मध्यमवर्गीय परिवार ज्यादा फीस होने की वजह से अपने बच्चों को अच्छी कंप्यूटर शिक्षा नहीं दिला पाते हैं। ऐसे बच्चों की राह आसान करने के लिए छत्तीसगढ़ के बिलासपुर शहर के गणेश नगर और हेमूनगर में संचालित टेक्नोसिस कंप्यूटर क्लास की तरफ से सराहनीय प्रयास किए जा रहे हैं। यह संस्थान हर साल एक विशेष टैलेंट हंट प्रतियोगिता का आयोजन करता है, जिसमें बच्चों के प्रदर्शन के आधार पर उनकी फीस माफ की जाती है या रियायत दी जाती है। इसके साथ ही, आर्थिक रूप से कमजोर और काबिल विद्यार्थियों को सीटों की उपलब्धता के आधार पर पूरी तरह मुफ्त शिक्षा मुहैया कराई जाती है।
टैलेंट हंट के जरिए फीस में छूट और मुफ्त प्रवेश
टेक्नोसिस के डायरेक्टर संजय कुमार यादव ने बताया कि उनके संस्थान में कई ऐसे छात्र आते हैं जो सीखने की इच्छा रखते हैं मगर बड़े और महंगे संस्थानों की फीस भरने में असमर्थ होते हैं। ऐसे विद्यार्थियों की मदद के लिए साल में एक बार टैलेंट हंट प्रतियोगिता कराई जाती है। इस प्रतियोगिता में छात्र जितने अंक प्राप्त करते हैं, उसी के अनुसार उनकी ट्यूशन फीस में सीधी छूट दी जाती है। जिन बच्चों के परिवार की आर्थिक स्थिति बेहद खराब होती है, उन्हें प्राथमिकता के आधार पर और उपलब्ध सीटों के अनुसार निशुल्क एडमिशन दिया जाता है, ताकि पैसों की तंगी किसी भी बच्चे के भविष्य के आड़े न आए।
बेसिक से लेकर एडवांस तक विभिन्न कंप्यूटर कोर्स
इस संस्थान में बच्चों को कंप्यूटर की शुरुआती जानकारी से लेकर उच्च स्तर के एडवांस कोर्स तक की ट्रेनिंग दी जाती है। पाठ्यक्रम में डीटीपी, वेब डिजाइनिंग, एमएस वर्ड, एमएस एक्सेल, पावरपॉइंट और अन्य कई महत्वपूर्ण कंप्यूटर कोर्स शामिल हैं। संस्थान का मुख्य लक्ष्य बच्चों को केवल किताबी या सामान्य कंप्यूटर ज्ञान देना भर नहीं है, बल्कि उन्हें आने वाले समय में रोजगार के लिए पूरी तरह सक्षम और तैयार करना है। समय बीतने के साथ कंप्यूटर से जुड़े कोर्सेज की फीस लगातार बढ़ती जा रही है, ऐसे में संस्थान का हमेशा यही प्रयास रहता है कि जरूरतमंद बच्चों को न्यूनतम खर्च पर बेहतरीन ट्रेनिंग मिल सके।
चार से पांच फैकल्टी और एडमिशन की प्रक्रिया
संस्थान में लगभग चार से पांच अनुभवी फैकल्टी सदस्यों द्वारा बच्चों को प्रशिक्षण दिया जाता है और हर छात्र पर व्यक्तिगत रूप से ध्यान दिया जाता है, ताकि कोर्स पूरा होने के बाद वे आसानी से नौकरी पा सकें या खुद का काम शुरू कर सकें। टेक्नोसिस में दाखिला लेने के लिए एक तय प्रक्रिया का पालन करना होता है। इसके तहत बच्चों से आधार कार्ड, स्कूल की पढ़ाई से जुड़े दस्तावेज, और उनका पिछला रिजल्ट या प्रमाण पत्र मांगा जाता है। इसके अलावा संस्थान का एक आवेदन फॉर्म भरकर पूरी प्रक्रिया पूरी की जाती है, जिसके बाद छात्र को प्रवेश मिलता है। कोर्स सफलतापूर्वक पूरा करने वाले विद्यार्थियों को संस्थान की तरफ से प्रमाण पत्र भी दिया जाता है।
डिजिटल दौर में कंप्यूटर शिक्षा की बढ़ती जरूरत
संस्थान के डायरेक्टर संजय कुमार यादव का कहना है कि आज के समय में लगभग हर क्षेत्र में कंप्यूटर का उपयोग अनिवार्य हो गया है। इसलिए स्कूल की पढ़ाई के साथ-साथ बच्चों को कंप्यूटर का व्यावहारिक ज्ञान देना भी उतना ही जरूरी हो गया है। इसी विजन को ध्यान में रखते हुए टेक्नोसिस जरूरतमंद बच्चों को कम से कम शुल्क में उच्च कोटि की कंप्यूटर शिक्षा देने की दिशा में लगातार काम कर रहा है ताकि कोई भी बच्चा पीछे न छूटे।


















