भारतीय ऑलराउंडर हार्दिक पंड्या के आईपीएल भविष्य को लेकर क्रिकेट गलियारों में हलचल तेज हो गई है। मुंबई इंडियंस में अपने कप्तानी के कार्यकाल के दौरान प्रदर्शन की चुनौतियों का सामना करने के बाद, हार्दिक की नजरें अब अपनी पुरानी टीम गुजरात टाइटंस में वापसी पर टिकी हैं। पांच बार की विजेता फ्रेंचाइजी मुंबई इंडियंस द्वारा आईपीएल 2027 के बड़े ऑक्शन या रिटेंशन प्रक्रिया से पहले उन्हें रिलीज या ट्रेड किए जाने की संभावनाओं के बीच कई टीमों की दिलचस्पी सामने आई है। हालांकि, सबसे ज्यादा ध्यान खींचने वाला वाकया हार्दिक द्वारा गुजरात टाइटंस प्रबंधन से किया गया संपर्क है, जहां कप्तानी को लेकर पेंच फंस गया है।
पुराने घर में लौटने के लिए रखी कप्तानी की कठिन शर्त
गुजरात टाइटंस के साथ फिर से जुड़ने की इच्छा जताते हुए हार्दिक पंड्या ने फ्रेंचाइजी के सामने एक बेहद अहम शर्त रख दी। उन्होंने स्पष्ट किया कि वह टीम में वापसी तभी करेंगे जब उन्हें फिर से कमान सौंपी जाएगी। वर्तमान में इस फ्रेंचाइजी के कप्तान शुभमन गिल हैं, जिन्होंने हार्दिक के मुंबई जाने के बाद टीम की जिम्मेदारी संभाली थी। हार्दिक की इस शर्त को सुनते ही गुजरात टाइटंस के प्रबंधन ने बिना किसी हिचकिचाहट के इसे मानने से साफ इनकार कर दिया। नतीजतन, दोनों पक्षों के बीच चल रही बातचीत सिरे नहीं चढ़ सकी और हार्दिक का पुराने घर लौटने का रास्ता फिलहाल बंद नजर आ रहा है।
रोहित शर्मा को हटाकर मुंबई इंडियंस में हासिल की थी कमान
यह पहला मौका नहीं है जब हार्दिक पंड्या ने किसी टीम में शामिल होने के लिए नेतृत्व की मांग को अपनी पहली प्राथमिकता बनाया हो। साल 2024 के सीजन से पहले जब हार्दिक मुंबई इंडियंस में वापस आए थे, तब भी उनकी मुख्य शर्त कप्तानी ही थी। उस समय मुंबई इंडियंस ने एक बड़ा और चौंकाने वाला निर्णय लेते हुए अपने सबसे सफल कप्तान रोहित शर्मा को हटाकर हार्दिक को टीम की बागडोर सौंपी थी। रोहित की अगुवाई में मुंबई ने रिकॉर्ड 5 बार आईपीएल ट्रॉफी अपने नाम की थी। ऐसे में उस फैसले पर काफी विवाद हुआ था, लेकिन अब मुंबई में हार्दिक की स्थिति कमजोर होते ही वह शुभमन गिल की कप्तानी वाली जगह पर नजर टिकाए हुए हैं।
गुजरात टाइटंस के साथ हार्दिक का शुरुआती दौर
आईपीएल 2022 में जब गुजरात टाइटंस ने पहली बार लीग में कदम रखा था, तब हार्दिक पंड्या ही टीम के पहले कप्तान बनाए गए थे। उनके नेतृत्व में टीम ने अपने डेब्यू सीजन में ही शानदार खेल दिखाते हुए आईपीएल का खिताब जीत लिया था। इतना ही नहीं, अगले ही साल यानी आईपीएल 2023 में भी हार्दिक की कप्तानी में गुजरात टाइटंस ने फाइनल तक का सफर तय किया था। दो लगातार शानदार सीजन के बाद हार्दिक ने 2024 में मुंबई जाने का फैसला किया, जिसके बाद गुजरात प्रबंधन ने युवा बल्लेबाज शुभमन गिल को अपना नया कप्तान नियुक्त किया।
कप्तानी के आंकड़ों में शुभमन गिल का दबदबा
अगर हालिया सीजनों में दोनों खिलाड़ियों के कप्तानी के रिकॉर्ड की तुलना की जाए, तो शुभमन गिल का पलड़ा काफी भारी नजर आता है। गिल ने अब तक तीन सीजनों में गुजरात टाइटंस का सफल नेतृत्व किया है। उनकी कप्तानी में टीम ने कुल 43 मुकाबले खेले हैं, जिनमें से 24 मैचों में जीत दर्ज की है। इसके साथ ही शुभमन गिल की अगुवाई में गुजरात टाइटंस ने आईपीएल 2026 के फाइनल में भी जगह बनाई थी। मैदान पर गिल के शांत और रणनीतिक नेतृत्व के अलावा, वह भारतीय राष्ट्रीय टीम में भी टेस्ट और वनडे प्रारूप के नियमित कप्तान हैं, जो उनके अनुभव और कद को दर्शाता है।
मुंबई इंडियंस में निराशाजनक रहा हार्दिक का प्रदर्शन
दूसरी तरफ, मुंबई इंडियंस के कप्तान के रूप में हार्दिक पंड्या का ग्राफ काफी नीचे गिरा है। उनके नेतृत्व में मुंबई की टीम संघर्ष करती हुई दिखी और मैदान पर परिणाम उनके पक्ष में नहीं रहे। हार्दिक की कप्तानी में मुंबई ने खेले गए 33 मैचों में से केवल 14 मुकाबलों में ही जीत हासिल की है। उनकी अगुवाई में टीम बार-बार प्लेऑफ की रेस से बाहर होने की कगार पर खड़ी रही। इसी खराब प्रदर्शन और नेतृत्व क्षमता पर उठे सवालों के कारण मुंबई इंडियंस प्रबंधन उन्हें ट्रेड करने की योजना बना रहा है, जिसके बाद हार्दिक ने गुजरात का रुख किया था लेकिन वहां से भी उन्हें निराशा ही हाथ लगी है।



















