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पटना के धनरूआ में जीवित पत्नी को मृत दिखाकर बनवाया फर्जी प्रमाण पत्र, आरोपी पति शिवरंजन कुमार गिरफ्तारअपराध
24 अग॰ 2026, 1:27 pm (32 दिन पहले)· 2

पटना के धनरूआ में जीवित पत्नी को मृत दिखाकर बनवाया फर्जी प्रमाण पत्र, आरोपी पति शिवरंजन कुमार गिरफ्तार

पटना पुलिस ने अपनी ही जीवित पत्नी का फर्जी मृत्यु प्रमाण पत्र तैयार कराने के आरोप में मुस्तफापुर निवासी शिवरंजन कुमार को गिरफ्तार किया है। धनरूआ थाना पुलिस मामले में वित्तीय जालसाजी या संपत्ति से जुड़े संभावित इरादों की गहन जांच कर रही है।

बिहार की राजधानी पटना से जुड़े एक अजीबोगरीब और गंभीर आपराधिक मामले में पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए एक व्यक्ति को धर दबोचा है। धनरूआ थाना क्षेत्र के मुस्तफापुर गांव में रहने वाले एक शख्स पर अपनी जीवित पत्नी का जाली मृत्यु प्रमाण पत्र तैयार कराने का आरोप लगा है। इस सनसनीखेज वाकये के सामने आने के बाद पुलिस प्रशासन हरकत में आया और नामजद आरोपी को तुरंत हिरासत में ले लिया। पुलिस ने इस संबंध में धनरूआ थाने में कांड संख्या 513/25 दर्ज कर मामले की आगे की तफ्तीश शुरू कर दी है।

जालसाजी की प्रक्रिया और दस्तावेजों की गहन जांच

मामले का खुलासा होते ही पुलिस की एक विशेष टीम ने आरोपी की आपराधिक गतिविधियों और उसके द्वारा जमा किए गए कागजातों की जांच शुरू कर दी। जांचकर्ता इस बात की गहराई से छानबीन कर रहे हैं कि यह फर्जी मृत्यु प्रमाण पत्र किस तरह और किस सरकारी या निजी माध्यम से बनवाया गया। पुलिस इस बात का पता लगाने में जुटी है कि क्या इस पूरे फर्जीवाड़े में ब्लॉक कार्यालय या स्वास्थ्य विभाग के किसी कर्मचारी की मिलीभगत थी, या फिर इसे जाली मोहरों और हस्ताक्षरों के जरिए तैयार किया गया था। इस मामले में संलिप्त अन्य संदिग्धों की पहचान करने के लिए भी कोशिशें तेज कर दी गई हैं।

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फर्जीवाड़े के पीछे की मंशा पर उठते सवाल

जीवित महिला को आधिकारिक कागजों में मृत घोषित कराने की इस हरकत ने कई गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। पुलिस प्रशासन इस बात का मुख्य रूप से पता लगा रहा है कि फर्जी मृत्यु प्रमाण पत्र बनवाकर आरोपी का असल मकसद क्या था। आशंका जताई जा रही है कि इस फर्जी दस्तावेज का इस्तेमाल किसी बड़ी वित्तीय धोखाधड़ी, बीमा राशि का दावा करने, अचल संपत्ति को अपने नाम कराने या फिर किसी सरकारी आर्थिक सहायता योजना का गलत तरीके से फायदा उठाने के लिए किया जाना था। जांच अधिकारी उन सभी सरकारी विभागों और वित्तीय संस्थाओं से संपर्क साध रहे हैं जहां इस दस्तावेज के इस्तेमाल किए जाने की संभावना है।

कानूनी कार्रवाई और आगे की जांच

धनरूआ थाना पुलिस के अनुसार आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है और उससे पूछताछ जारी है। पुलिस अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि यदि जांच के दौरान यह बात साबित होती है कि फर्जी मृत्यु प्रमाण पत्र का इस्तेमाल किसी कानूनी, वित्तीय या प्रशासनिक प्रक्रिया में किया जा चुका है, तो मामले में धोखाधड़ी और कूटरचना की अतिरिक्त धाराएं जोड़ी जाएंगी। फिलहाल पुलिस इस पूरे नेटवर्क को खंगालने में लगी है और अधिकारियों का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद ही इस पूरे षड्यंत्र का पूरी तरह से पर्दाफाश हो सकेगा।

सवाल-जवाब

पटना में जीवित पत्नी का फर्जी मृत्यु प्रमाण पत्र बनवाने का मामला कहां दर्ज किया गया है?
यह मामला बिहार के पटना जिले में स्थित धनरूआ थाने में कांड संख्या 513/25 के तहत दर्ज किया गया है।
इस फर्जीवाड़े के मामले में गिरफ्तार मुख्य आरोपी कौन है?
पुलिस ने मुस्तफापुर गांव निवासी शिवरंजन कुमार को अपनी जीवित पत्नी का जाली मृत्यु प्रमाण पत्र तैयार करवाने के आरोप में गिरफ्तार किया है।
फर्जी मृत्यु प्रमाण पत्र बनवाने के पीछे क्या संभावित कारण माने जा रहे हैं?
पुलिस इस बात की जांच कर रही है कि कहीं इस जाली कागजात का प्रयोग बीमा क्लेम, संपत्ति के अवैध हस्तांतरण या सरकारी योजनाओं का गलत लाभ उठाने के लिए तो नहीं किया गया था।
पुलिस इस मामले में आगे क्या जांच कर रही है?
धनरूआ थाना पुलिस प्रमाण पत्र जारी करने में शामिल बिचौलियों, फर्जी हस्ताक्षरों तथा इसके प्रशासनिक एवं वित्तीय इस्तेमाल की जांच कर रही है।
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