अमेज़न सेल में लैपटॉप और पीसी एक्सेसरीज पर भारी छूट, वायरलेस कीबोर्ड और गेमिंग माउस हुए बेहद सस्तेEUR/USD की चाल सुस्त, ओवरबॉट RSI और 1.1700 के करीब रुकावट से बढ़त पर ब्रेकनीट पीजी 2026 एडमिट कार्ड आज होंगे जारी, परीक्षा हॉल में तकनीकी खराबी आने पर लागू हैं खास नियमअमेरिका में नेवाडा-कैलिफोर्निया सीमा पर लगी भयंकर जंगल की आग, छह घायल और बयालीस हजार लोग विस्थापितपौधों की पत्तियों पर जमा सफेद पाउडर को न समझें धूल, हो सकता है खतरनाक फंगससावन पूर्णिमा पर चावल के 111 दाने और अनार से करें खास उपाय, आर्थिक तंगी से मिलेगी मुक्तियूएस ओपन से पहले कोको गॉफ का शानदार प्रदर्शन, सिनसिताटी ओपन का खिताब अपने नाम कियाजमशेदपुर की राधिका का कमाल, खाने की चीजों जैसी दिखने वाली मोमबत्तियां देख खा जाएंगे धोखाजापानी येन पर टिकी नजरें, 160 के स्तर के पास करेंसी में उतार-चढ़ाव और अमेरिकी ट्रेजरी के फैसलों का असरलंबी उम्र का राज: डॉक्टर प्रसून चटर्जी के ये 7 अचूक नियम, साठ की उम्र में भी रहेंगे एकदम फिट और जवान
पश्चिम बंगाल के दुर्गापुर में पूर्व TMC पार्षद शशांक शेखर मंडल के घर पर फूटा लोगों का गुस्सा, जमकर तोड़फोड़ के बाद हुई गिरफ्तारीअपराध
24 अग॰ 2026, 11:27 am (1 घंटे पहले)· 2

पश्चिम बंगाल के दुर्गापुर में पूर्व TMC पार्षद शशांक शेखर मंडल के घर पर फूटा लोगों का गुस्सा, जमकर तोड़फोड़ के बाद हुई गिरफ्तारी

पश्चिम बंगाल के दुर्गापुर में रंगदारी और भ्रष्टाचार के आरोपी पूर्व TMC पार्षद शशांक शेखर मंडल के घर पर स्थानीय लोगों ने हमला कर दिया। करीब तीन घंटे तक चले हंगामे और पुलिस लाठीचार्ज के बाद आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है।

पश्चिम बंगाल के दुर्गापुर शहर के अंतर्गत आने वाले DPL टाउनशिप इलाके में रविवार की रात एक तीखा और तनावपूर्ण माहौल देखने को मिला। भ्रष्टाचार और रंगदारी समेत तमाम गंभीर आरोपों का सामना कर रहे दुर्गापुर नगर निगम के वार्ड नंबर 39 के पूर्व तृणमूल पार्षद शशांक शेखर मंडल जैसे ही अपने घर लौटे, वैसे ही स्थानीय जनता का आक्रोश सतह पर आ गया। उनके घर वापस आने की खबर तेजी से पूरे इलाके में फैल गई, जिसके बाद बड़ी संख्या में लोग उनके आवास के बाहर इकट्ठा हो गए। गुस्साई भीड़ ने घर को घेर लिया और वहां जमकर तोड़फोड़ की, जिससे इलाके में भारी अफरा-तफरी मच गई। हालात इतने बिगड़ गए कि पुलिस को स्थिति पर काबू पाने के लिए कड़े कदम उठाने पड़े।

विवाद की जड़ और लोगों का गुस्सा

दुर्गापुर नगर निगम के वार्ड नंबर 39 के पूर्व तृणमूल पार्षद शशांक शेखर मंडल चुनावी प्रक्रिया समाप्त होने के बाद से ही लगातार अपने क्षेत्र से बाहर रह रहे थे। लेकिन रविवार की शाम को जब यह बात सामने आई कि भ्रष्टाचार और लोगों को डराने-धमकाने के कई मामलों से घिरे तृणमूल नेता अपने घर वापस आ चुके हैं, तो स्थानीय निवासियों का सब्र टूट गया। बड़ी संख्या में लोग उनके घर के बाहर जमा हो गए और जोरदार प्रदर्शन शुरू कर दिया। भीड़ का साफ तौर पर कहना था कि भ्रष्टाचार और आपराधिक गतिविधियों में संलिप्त रहे पूर्व तृणमूल पार्षद को अब इस क्षेत्र में रहने की अनुमति नहीं दी जानी चाहिए। इसी विरोध के चलते लोगों ने उनके घर पर हमला बोल दिया और संपत्ति को भारी नुकसान पहुंचाया।

ये भी पढ़ें

तीन घंटे का हंगामा और पुलिस कार्रवाई

घटना की जानकारी मिलते ही स्थानीय पुलिस बल तुरंत हरकत में आया और मौके पर भारी संख्या में सुरक्षाकर्मियों को तैनात किया गया। हालांकि, भारी पुलिस बल के पहुंचने के बावजूद उग्र भीड़ शांत होने का नाम नहीं ले रही थी। प्रदर्शनकारियों के तेवर को देखते हुए पुलिस को हालात को नियंत्रित करने के लिए कड़े उपायों का सहारा लेना पड़ा। भीड़ को तितर-बितर करने और स्थिति को अपने नियंत्रण में लाने के लिए पुलिस ने लाठीचार्ज किया और साथ ही आंसू गैस के गोले भी छोड़े गए। कोकोवाने थाना क्षेत्र के DPL टाउनशिप इलाके में चले इस करीब तीन घंटे के लंबे हंगामे के बाद आखिरकार पुलिस ने आरोपी पूर्व तृणमूल पार्षद शशांक शेखर मंडल को अपनी हिरासत में ले लिया, जिसके बाद तनावपूर्ण स्थिति पर कुछ हद तक विराम लगा।

रंगदारी और वसूली के पुराने गंभीर आरोप

सूत्रों और स्थानीय जानकारियों के मुताबिक, पूर्व तृणमूल पार्षद शशांक शेखर मंडल पर स्थानीय स्तर पर रंगदारी वसूलने, लोगों को आतंकित करने और भय का माहौल बनाने के कई गंभीर आरोप पहले से दर्ज हैं। राज्य में राजनीतिक समीकरण बदलने और सरकार की कार्यप्रणाली में बदलाव आने के बाद से ही शशांक शेखर अपने घर से दूर रह रहे थे। लेकिन रविवार की रात जैसे ही उन्होंने चुपचाप अपने घर में प्रवेश करने का प्रयास किया, स्थानीय लोगों की नजर उन पर पड़ गई। इसके बाद जनता का गुस्सा इस रूप में फूटा कि उनके आवास पर हमला कर दिया गया। फिलहाल पुलिस इस पूरे मामले की गहनता से जांच कर रही है और इलाके में एहतियात के तौर पर कड़ी निगरानी रखी जा रही है ताकि किसी भी तरह की और अप्रिय घटना से बचा जा सके।

सवाल-जवाब

शशांक शेखर मंडल कौन हैं?
शशांक शेखर मंडल दुर्गापुर नगर निगम के वार्ड नंबर 39 के पूर्व तृणमूल कांग्रेस पार्षद हैं, जिन पर रंगदारी और भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप हैं।
यह घटना कहां घटी?
यह घटना पश्चिम बंगाल के दुर्गापुर स्थित DPL टाउनशिप इलाके में कोकोवाने थाना क्षेत्र के अंतर्गत घटी।
गुस्साई भीड़ को नियंत्रित करने के लिए पुलिस ने क्या कदम उठाया?
स्थिति पर काबू पाने के लिए पुलिस को लाठीचार्ज करना पड़ा और आंसू गैस के गोले भी छोड़ने पड़े।
पुलिस ने आरोपी पूर्व पार्षद को कितनी देर के हंगामे के बाद गिरफ्तार किया?
करीब तीन घंटे तक चले भारी हंगामे और विरोध प्रदर्शन के बाद पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार किया।
संपादकीय नीति सुधार नीति

टिप्पणियाँ 0

अभी तक कोई टिप्पणी नहीं — पहली टिप्पणी आपकी हो!

नागरिक पत्रकारिता

TrendKia पत्रकार बनें

जनता की आवाज़

अपने आसपास की ख़बरें, तस्वीरें और वीडियो ट्रेंडकिआ के साथ साझा करें और अपनी आवाज़ देश तक पहुँचाएँ। हर नागरिक एक पत्रकार।

अभी जुड़ें
CH 01 लाइव
TrendKia TV ON AIR