तमिलनाडु के थानियामंगलम इलाके में एक सात साल के बच्चे का शव बरामद होने के बाद हड़कंप मच गया है। पुलिस ने मामले की तह तक जाते हुए दुर्घटनावश हुई मौत को हादसे के रूप में छिपाने की कोशिश करने के गंभीर आरोप में एक महिला को गिरफ्तार किया है। शुरुआती जांच में यह बात सामने आई कि बच्चा पास में ही एक अन्य लड़के के साथ खेल रहा था, जहां खेल के दौरान ही उसकी मौत हो गई। इस घटना के बाद दूसरे लड़के की मां ने पूरे मामले पर पर्दा डालने के लिए बच्चे के शव को ठिकाने लगा दिया था, जिसे पुलिस ने अब ढूंढ निकाला है।
लापता होने की शिकायत और पुलिस की कार्रवाई
मृतक बच्चे की पहचान मुथुवेल के रूप में हुई है। घटना वाले दिन यानी रविवार को सुबह करीब 11 बजे मुथुवेल पास के ही एक मंदिर के पास खेलने के इरादे से अपने घर से निकला था। जब वह शाम के चार बजे तक भी अपने घर वापस नहीं लौटा, तो उसके परिवार की चिंता बढ़ गई। इसके बाद बच्चे की मां ने तुरंत कीलावलावु पुलिस थाने पहुंचकर उसके लापता होने की औपचारिक शिकायत दर्ज कराई, जिसके आधार पर पुलिस ने तुरंत एक्शन लेते हुए तलाश शुरू कर दी।
तलाशी के लिए बनाई गईं थीं पांच विशेष टीमें
इस गंभीर मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए मदुरै जिले के पुलिस अधीक्षक ने खुद घटनास्थल का दौरा किया और हालात का जायजा लिया। लापता बच्चे की तलाश के लिए रातभर सर्च ऑपरेशन चलाने के वास्ते कुल 90 पुलिसकर्मियों को शामिल करते हुए पांच विशेष टीमों का गठन किया गया। इन टीमों ने युद्धस्तर पर तलाशी अभियान चलाया और आखिरकार सोमवार को तलाशी दलों ने एक स्थानीय निवासी के खाली पड़े मकान के भीतर से मुथुवेल का शव बरामद कर लिया।
फोरेंसिक और श्वान दस्ते की ली गई मदद
मामले की गहराई से छानबीन करने और वैज्ञानिक साक्ष्य जुटाने के लिए पुलिस ने फॉरेंसिक विशेषज्ञों के साथ-साथ श्वान दस्ते को भी मौके पर तैनात किया था। आवश्यक साक्ष्य जुटाने की प्रक्रिया पूरी करने के बाद पुलिस ने बच्चे के शव को पोस्टमार्टम के लिए मदुरै के सरकारी राजाजी अस्पताल में भेज दिया। पुलिसिया पूछताछ और जांच में यह अहम खुलासा हुआ कि मुथुवेल मंदिर के पास ही पड़ोस में रहने वाले एक 10 वर्षीय लड़के के साथ खेल रहा था। इसी दौरान खेल-खेल में दूसरे लड़के ने मुथुवेल की गर्दन पर रस्सी कस दी थी।
इस तरह हुई थी बच्चे की दर्दनाक मौत
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि गर्दन पर रस्सी कसे जाने के बाद मुथुवेल ने खुद को बचाने और वहां से भागने की कोशिश की, लेकिन अचानक उसे तेज चक्कर आने लगे और वह पास की मंदिर की दीवार से जा टकराया। दीवार से टकराने के कारण उसके आगे के दांतों में गंभीर चोट भी लग गई। इसके बाद वह पानी की तलाश में दूसरे लड़के के घर की तरफ गया, जहां नाबालिग लड़के की मां संध्या (32) के ठीक सामने पहुंचते ही वह जमीन पर गिर पड़ा और उसकी मौत हो गई।
पड़ोसी महिला ने इस तरह छिपाया था शव
पुलिस ने आगे बताया कि संध्या अपने बेटे को कानूनी कार्रवाई और परिणाम से बचाने के डर से घबरा गई थी। इसी डर के चलते उसने साक्ष्य मिटाने और सच को छुपाने के इरादे से मुथुवेल के शव को एक खाली पड़े मकान के अंदर ले जाकर छिपा दिया था। पुलिस के अनुसार, इस मामले में संलिप्त नाबालिग लड़के को नियमों के तहत किशोर न्याय बोर्ड के समक्ष पेश किया जाएगा, जबकि महिला संध्या को शव छिपाने और साक्ष्य नष्ट करने के जुर्म में गिरफ्तार कर लिया गया है।



















