बिहार के बेगूसराय जिले में एक बेहद दिल दहला देने वाली वारदात सामने आई है, जहां महज दस रुपये का गुटखा लाने से मना करने पर एक तेरह साल के किशोर की बेरहमी से हत्या कर दी गई। इस जघन्य वारदात के बाद से इलाके में भारी तनाव का माहौल है और स्थानीय लोगों में काफी आक्रोश देखा जा रहा है। घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस प्रशासन हरकत में आ गया और तुरंत मौके पर पहुंचकर स्थिति को नियंत्रित करने के साथ ही कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी।
सोमवार शाम की घटना और इसके पीछे की वजह
यह पूरी घटना सोमवार की शाम फुलवरिया थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले शोकहारा रौशन टोला की है। मृत किशोर की पहचान इसी इलाके के वार्ड सोलह निवासी मोहम्मद अफजल के तेरह वर्षीय बेटे मोहम्मद फैजान के रूप में हुई है। वहीं हत्या का मुख्य आरोपी भी उसी इलाके का रहने वाला है, जिसकी पहचान स्वर्गीय मोहम्मद खखरु के बाईस वर्षीय बेटे मोहम्मद आशिक के रूप में हुई है। शुरुआती जानकारी के अनुसार, मोहम्मद आशिक ने फैजान को गालियां देते हुए एक दुकान से गुटखा लाने के लिए कहा था। लेकिन गालियों का इस्तेमाल करने की वजह से मोहम्मद फैजान ने गुटखा लाने से साफ इनकार कर दिया, जिसके बाद दोनों के बीच कहासुनी शुरू हो गई। बात इतनी बढ़ गई कि आरोपी मोहम्मद आशिक गुस्से में पास की ही एक किराने की दुकान से चाकू उठा लाया और मोहम्मद फैजान के गले पर ताबड़तोड़ कई वार कर दिए। गंभीर रूप से घायल अवस्था में स्थानीय लोगों ने फैजान को तुरंत अस्पताल पहुंचाया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
पुलिस की कार्रवाई और स्पेशल टीम का गठन
वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी मोहम्मद आशिक मौके से फरार होने में कामयाब रहा। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस अधीक्षक मनीष, तेघरा डीएसपी कृष्ण कुमार और फुलवरिया थाना की पुलिस बल तुरंत घटनास्थल पर पहुंचे और पूरे मामले की गहनता से जांच पड़ताल शुरू की। घटना के बाद स्थानीय नागरिकों में जबरदस्त गुस्सा था, जिसे देखते हुए पुलिस अधीक्षक मनीष ने खुद लोगों को समझा-बुझाकर शांत कराया। सोमवार की देर रात ही पुलिस ने शव को अपने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल भेज दिया था, जहां मंगलवार सुबह पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी करने के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया। परिजनों ने पुलिस को बताया कि मोहम्मद फैजान स्कूल से घर लौटने के बाद घर के पास वाले चौक पर गया था, जहां आरोपी ने उसे गुटखा लाने के लिए धमकाया और गाली दी थी। इनकार करने पर उसने बेरहमी से उसकी जान ले ली।
नेपाल भागने की आशंका और एफएसएल की जांच
जांच के दौरान यह बात भी सामने आई है कि आरोपी मोहम्मद आशिक का एक रिश्तेदार नेपाल में रहता है, जिसके चलते परिजनों ने आशंका जताई है कि वह नेपाल भाग सकता है। इसके अलावा, परिजनों ने यह भी बताया कि मोहम्मद आशिक आपराधिक प्रवृत्ति का युवक है। पुलिस अधीक्षक मनीष ने मीडिया को जानकारी दी कि फुलवरिया थाना क्षेत्र के शोकहारा रोशन टोला में तेरह वर्षीय मोहम्मद फैजान की गुटखा नहीं लाने के विवाद में चाकू से गला रेतकर हत्या की गई है। इस गंभीर मामले की वैज्ञानिक तरीके से जांच के लिए घटनास्थल पर फॉरेंसिक साइंस लेबोरेटरी यानी एफएसएल की टीम को बुलाया गया, जिसने मौके से साक्ष्य जुटाए हैं। फिलहाल पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर एक स्पेशल टीम का गठन किया गया है जो आरोपी मोहम्मद आशिक की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी कर रही है।
डीएसपी ने साझा किए मामले के आधिकारिक विवरण
इस पूरे मामले पर जानकारी देते हुए हेडक्वार्टर डीएसपी निखिल कुमार ने बताया कि चौबीस अगस्त दो हजार छब्बीस को शाम चार बजे फुलवरिया थाना क्षेत्र के बरौनी वार्ड नंबर सोलह मोहल्ले में तेरह वर्षीय बालक मोहम्मद फैजान की हत्या उनके ही मोहल्ले के रहने वाले मोहम्मद आशिक द्वारा की गई है। यह हत्या चाकू से गला रेतकर अंजाम दी गई है। घटना के कारणों के संबंध में परिजनों के बयानों का हवाला देते हुए उन्होंने पुष्टि की कि मृतक को आरोपी द्वारा गुटखा लाने के लिए कहा गया था, जिससे मना करने पर हुए विवाद के बाद इस वारदात को अंजाम दिया गया। इस सिलसिले में परिजनों की शिकायत के आधार पर फुलवरिया थाना कांड संख्या 192/26 दर्ज कर लिया गया है। नामजद आरोपी मोहम्मद आशिक की धरपकड़ के लिए पुलिस की टीमें लगातार दबिश दे रही हैं, एफएसएल टीम ने अपनी जांच पूरी कर ली है और सदर अस्पताल में पोस्टमार्टम कराने के बाद आगे की कानूनी कार्रवाई तेजी से जारी है।



















