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छत पर सब्जियां उगाने का सही तरीका: भागलपुर के एक्सपर्ट ने बताया बंपर पैदावार का राजDIY
22 जुल॰ 2026, 11:49 am (98 दिन पहले)· 0

छत पर सब्जियां उगाने का सही तरीका: भागलपुर के एक्सपर्ट ने बताया बंपर पैदावार का राज

शहरों में सीमित जगह होने के कारण लोग अपनी छतों पर ऑर्गेनिक सब्जियां उगाने लगे हैं। भागलपुर के एक टेरेस फार्मिंग एक्सपर्ट ने पौधों में बेहतर फलन के लिए मिट्टी का खास मिश्रण तैयार करने और सही देखभाल का आसान तरीका साझा किया है।

आजकल शहरी क्षेत्रों में लोग अपनी सेहत को लेकर काफी सतर्क हो गए हैं। इस बढ़ती स्वास्थ्य जागरूकता के कारण, ताजी, रसायन मुक्त और पूरी तरह से ऑर्गेनिक सब्जियां खाने का चलन तेजी से बढ़ा है। शहरों में खेती के लिए पर्याप्त जमीन या आंगन की कमी होती है, जिसके चलते लोग अब अपनी खाली छतों का बेहतरीन इस्तेमाल कर रहे हैं। कई लोग छतों पर ही तरह-तरह के फूल और सब्जियां उगाने लगे हैं। हालांकि, गार्डनिंग का शौक रखने वाले ज्यादातर लोगों को एक बड़ी समस्या का सामना करना पड़ता है। अक्सर वे पौधे तो लगा लेते हैं, लेकिन सही और सटीक तकनीकी जानकारी की कमी के कारण उनके पौधों में फल नहीं आते या पैदावार बहुत कम होती है। इस आम परेशानी को दूर करने के लिए, भागलपुर के जाने-माने टेरेस फार्मिंग एक्सपर्ट दीपक कुमार ने छत पर बंपर पैदावार हासिल करने का सबसे आसान और कारगर तरीका साझा किया है।

गमले की मिट्टी और खाद का सही अनुपात

छत पर बागवानी करते समय सबसे बड़ी गलती मिट्टी के चुनाव में होती है। अक्सर शुरुआत करने वाले लोग अपने गमलों या ग्रो बैग्स में सिर्फ साधारण मिट्टी भर देते हैं और उसमें नाममात्र की खाद मिला देते हैं। लेकिन एक्सपर्ट के मुताबिक, जमीन की तुलना में छत पर गार्डनिंग करने का तरीका बिल्कुल अलग होता है और सिर्फ मिट्टी के भरोसे अच्छी पैदावार नहीं ली जा सकती। पौधों के संपूर्ण पोषण के लिए एक खास मिश्रण तैयार करना बेहद जरूरी है। दीपक कुमार बताते हैं कि बेहतरीन नतीजों के लिए 40 प्रतिशत मिट्टी और 60 प्रतिशत वर्मीकंपोस्ट (केंचुए की खाद) या फिर पुरानी गोबर की खाद का मिश्रण बनाना चाहिए। इसके बाद, इस तैयार मिश्रण में 10 प्रतिशत सरसों की खली भी अच्छी तरह से मिला देनी चाहिए। सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि इस पूरे मिश्रण को तुरंत इस्तेमाल करने के बजाय, 7 दिनों के लिए ऐसे ही छोड़ देना चाहिए। इस अवधि में सभी तत्व आपस में अच्छी तरह घुल-मिल जाते हैं और एक शानदार पॉटिंग मिक्स तैयार हो जाता है। इस खास मिट्टी में पौधे लगाने से उनमें जबरदस्त फलन होता है।

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लताओं वाली सब्जियों को गर्मी से बचाएं

टेरेस फार्मिंग में मौसम का भी बहुत बड़ा असर पड़ता है। गर्मी के मौसम में कंक्रीट से बनी छत का फर्श दिनभर की धूप से बुरी तरह गर्म हो जाता है। अगर आप लताओं वाली (फैलने वाली) सब्जियां लगा रहे हैं और वे सीधे छत के गर्म फर्श पर फैलने लगेंगी, तो तेज गर्मी और गर्माहट के कारण पूरी फसल झुलस कर खराब हो जाएगी। इस समस्या से बचने के लिए, पौधों को हमेशा सहारा या मचान (जिसे स्थानीय भाषा में 'अलान' कहा जाता है) देना चाहिए। लताओं को इस मचान के सहारे ऊपर की तरफ चढ़ाना चाहिए, ताकि वे सीधे गर्म फर्श के संपर्क में न आएं। इस तरीके से न केवल आपकी फसल सुरक्षित रहेगी, बल्कि हवा का संचार बेहतर होने से सब्जियों की पैदावार भी काफी अधिक होगी।

कीट नियंत्रण और नियमित पोषण

जमीन की तुलना में छत पर लगे पौधों में कीड़े लगने और बीमारियों का खतरा काफी ज्यादा बना रहता है। इसलिए पौधों की सुरक्षा और उनके लगातार विकास पर ध्यान देना जरूरी है।

भागलपुर के विशेषज्ञ का कहना है कि पौधों को खतरनाक कीड़ों से सुरक्षित रखने के लिए उन पर नियमित रूप से नीम के तेल का छिड़काव करना चाहिए। यह एक प्राकृतिक और असरदार कीटनाशक का काम करता है। इसके साथ ही, पौधों को लगातार ताकत देने के लिए महीने में कम से कम एक बार सरसों की खली को पानी में अच्छी तरह भिगोकर उस तरल खाद को पौधों की जड़ों में जरूर डालना चाहिए। इस प्रक्रिया से पौधों को निरंतर पोषण मिलता रहता है और उनमें फलन का स्तर हमेशा बेहतर और स्थिर बना रहता है।

सवाल-जवाब

छत पर गार्डनिंग के लिए मिट्टी का सही मिश्रण क्या है?
एक आदर्श मिश्रण के लिए 40% मिट्टी, 60% वर्मीकंपोस्ट या गोबर की खाद और 10% सरसों की खली मिलानी चाहिए।
मिट्टी के मिश्रण को इस्तेमाल करने से पहले कितने दिन तक छोड़ना चाहिए?
विशेषज्ञ के अनुसार, मिट्टी और खाद के इस मिश्रण को तैयार करने के बाद 7 दिनों के लिए छोड़ देना चाहिए।
गर्मियों में छत पर लताओं वाली सब्जियों को कैसे बचाएं?
गर्मी में छत का फर्श काफी गर्म हो जाता है, इसलिए पौधों को झुलसने से बचाने के लिए उन्हें मचान (अलान) का सहारा देकर ऊपर चढ़ाना चाहिए।
पौधों को कीड़ों से बचाने के लिए क्या इस्तेमाल करना चाहिए?
छत पर लगे पौधों को कीड़ों से सुरक्षित रखने के लिए नियमित रूप से उन पर नीम के तेल का छिड़काव करना चाहिए।
पौधों को नियमित पोषण देने के लिए महीने में क्या करना चाहिए?
महीने में एक बार सरसों की खली को पानी में अच्छी तरह भिगोकर पौधों की जड़ों में डालने से उन्हें लगातार पोषण मिलता रहता है।
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