एलोवेरा का पौधा घर की खूबसूरती तो बढ़ाता ही है, साथ ही सेहत के लिहाज से भी इसे बेहद फायदेमंद माना जाता है। गर्मी के मौसम में इसे गमले में लगाना थोड़ा मुश्किल हो सकता है क्योंकि तेज धूप में यह जल्दी सूख सकता है और इसे थोड़ी एक्सट्रा देखभाल की जरूरत पड़ती है। अच्छी बात यह है कि यह एक चमत्कारी पौधा है जिसे आम तौर पर बहुत कम देखभाल की जरूरत होती है। कुछ आसान बातें ध्यान में रखें और आपका एलोवेरा गर्मियों में भी तेजी से बढ़ता रहेगा।
सही गमले का चुनाव करें
एलोवेरा लगाने की शुरुआत सही गमले से होती है। मिट्टी या सीमेंट का गमला इसके लिए सबसे अच्छा माना जाता है क्योंकि इनमें हवा का वेंटिलेशन बेहतर रहता है। गमले की गहराई कम से कम 8 से 10 इंच होनी चाहिए ताकि जड़ों को फैलने की पर्याप्त जगह मिले। सबसे अहम बात यह है कि गमले के नीचे पानी निकलने के लिए छेद जरूर होना चाहिए। बिना इस छेद के एक्स्ट्रा पानी जमा होता रहेगा और पौधे की जड़ें सड़ने लगेंगी।
मिट्टी का सही मिश्रण तैयार करें
एलोवेरा एक सकुलेंट पौधा है, यानी इसकी पत्तियों में पहले से ही काफी पानी जमा रहता है। इसी वजह से इसे ऐसी मिट्टी चाहिए जो पानी को ज्यादा देर तक न रोके। इसके लिए सबसे बढ़िया मिश्रण है: 50% सामान्य मिट्टी, 30% बालू और 20% गोबर की खाद। यह मिश्रण अतिरिक्त पानी को जल्दी बाहर निकाल देता है, जिससे जड़ें सड़ती नहीं और पौधे की ग्रोथ भी तेज होती है।
पौधा लगाने का सही तरीका
चाहे नर्सरी से लाया हुआ छोटा पौधा हो या किसी पुराने एलोवेरा से निकला हुआ पप, दोनों को लगाने का तरीका एक जैसा है। सबसे पहले गमले के ड्रेनेज छेद पर एक छोटा दीया या कंकड़ रख दें ताकि मिट्टी छेद को बंद न कर दे। फिर तैयार मिट्टी के मिश्रण से गमले को आधे तक भरें। पौधे को गमले के बीच में सीधा रखें और चारों तरफ से धीरे-धीरे मिट्टी डालते हुए हल्के हाथों से दबाएं। इस बात का ध्यान रखें कि पौधे का निचला हिस्सा मिट्टी में बहुत ज्यादा गहरा न दब जाए।
पानी देने की सही आदत
एलोवेरा के साथ सबसे बड़ी गलती होती है जरूरत से ज्यादा पानी देना। यही इसके सूखने की असली वजह है। पौधा लगाने के बाद पहली बार थोड़ा ही पानी दें। इसके बाद जब भी पानी देना हो, पहले गमले की ऊपरी मिट्टी को देखें। अगर वह पूरी तरह सूखी हुई दिखे तभी पानी दें। कम पानी में भी एलोवेरा आसानी से जीवित रहता है।
धूप और सही जगह का चुनाव
एलोवेरा को अच्छी तरह बढ़ने के लिए रोजाना 3 से 4 घंटे की तेज रोशनी की जरूरत होती है। गमले को ऐसी जगह रखें जहां हर दिन पर्याप्त धूप मिले। सही रोशनी मिलने पर पत्तियां मोटी और स्वस्थ रहती हैं और पौधा भी जल्दी बढ़ता है।













