जुलाई की चिपचिपी उमस और तेज गर्मी ने रसोई में खड़े होना मुश्किल कर दिया है। पंखे और एसी की ठंडी हवा से निकलकर गैस के सामने पसीना बहाना किसी सजा से कम नहीं लगता, और ऐसे मौसम में रोटियां बेलना या भारी सब्जियां पकाना और भी थकाने वाला काम बन जाता है। यही वजह है कि गर्मी के इन दिनों में हर घर की रसोई से एक ही मांग उठती है, ऐसा खाना जो जल्दी बने, कम बर्तन गंदे करे और पेट भी भर दे। इसी परेशानी का हल है एक आसान वन-पॉट देसी लंच, जिसे प्रेशर कुकर में सिर्फ 3 सीटी में तैयार किया जा सकता है। इसका नाम है मसाला राइस, और यह बच्चों से लेकर बड़ों तक सबकी पसंदीदा डिश बन सकती है।
गर्मी में क्यों जरूरी है झटपट बनने वाला खाना
जुलाई की उमस भरी गर्मी शरीर को थका देती है और ऐसे मौसम में लंबे समय तक गैस के सामने खड़े रहना ठीक नहीं लगता। पसीने से तरबतर होकर खाना बनाना न सिर्फ थकान बढ़ाता है बल्कि किचन का तापमान भी और ऊपर चढ़ा देता है। यही कारण है कि इन दिनों हर कोई ऐसी रेसिपी खोजता है जिसमें मेहनत कम लगे, समय कम लगे और साथ ही बर्तन भी ज्यादा गंदे न हों। मसाला राइस इसी जरूरत को पूरा करता है क्योंकि इसे बनाने के लिए सिर्फ एक प्रेशर कुकर काफी है और पूरा खाना बीस मिनट के अंदर तैयार हो जाता है।
मसाला राइस के लिए चाहिए ये सामग्री
- बासमती या रेगुलर चावल, 1 कप, धोकर 15 मिनट के लिए भिगो दें
- मिक्स सब्जियां, 1 बारीक कटा प्याज, 1 टमाटर, 1 आलू और थोड़ी सी हरी मटर, चाहें तो गाजर या बीन्स भी डाली जा सकती हैं
- दही, 2 बड़े चम्मच, यही इस रेसिपी का असली सीक्रेट है जो चावल को एकदम सॉफ्ट और खिला-खिला बना देता है
- तड़के के लिए, 1 बड़ा चम्मच देसी घी या तेल, 1 चम्मच जीरा, 1 तेजपत्ता और दालचीनी का 1 छोटा टुकड़ा
- पानी, करीब पौने 2 कप
बनाने की सबसे आसान विधि
पहला कदम है तड़का तैयार करना। गैस पर प्रेशर कुकर चढ़ाएं और उसमें घी या तेल गरम करें। घी गरम होते ही उसमें जीरा, तेजपत्ता और दालचीनी डाल दें। जैसे ही मसालों की खुशबू उठने लगे, कटा हुआ प्याज डालकर उसे हल्का गुलाबी होने तक भूनें।
दूसरे कदम में सब्जियां और मसाले मिलाए जाते हैं। कुकर में टमाटर, आलू, मटर और बाकी सब्जियां डालकर करीब 1 मिनट तक चलाएं। इसके बाद गैस की आंच धीमी कर दें और उसमें हल्दी, लाल मिर्च, गरम मसाला और नमक डालें। अब इसमें 2 चम्मच दही डालकर सारे मसालों को अच्छी तरह मिला लें। दही डालने से ग्रेवी का टेक्सचर बेहद शानदार हो जाता है और यही इस रेसिपी को खास बनाता है।
तीसरे कदम में चावल डालकर 3 सीटी लगानी होती है। भीगे हुए चावलों का पानी छानकर कुकर में डाल दें और हल्के हाथों से सब्जियों के साथ मिलाएं ताकि दाने टूटें नहीं। अब इसमें करीब पौने 2 कप पानी डालकर कुकर का ढक्कन बंद कर दें। तेज आंच पर ठीक 3 सीटी आने दें और उसके बाद गैस बंद कर दें।
कुकर खोलने से पहले जान लें ये स्मार्ट टिप
3 सीटी आने के बाद कुकर का ढक्कन तुरंत खोलने की जल्दबाजी न करें। कुकर की गैस को अपने आप निकलने दें और प्रेशर धीरे-धीरे कम होने दें। ऐसा करने से कुकर के अंदर बनी भाप चावल के हर दाने में गहराई तक जाकर उसे एकदम सॉफ्ट और खिला-खिला बना देती है। लगभग 15 से 20 मिनट के भीतर गरमागरम और खुशबूदार देसी लंच बनकर तैयार हो जाता है। जैसे ही कुकर का ढक्कन खोला जाता है, मसालों की महक पूरे घर में फैल जाती है।
थोड़े बदलाव के साथ इसे और खास बनाएं
अगर घर में बच्चे सब्जियां खाने में नखरे करते हैं, तो गाजर और बीन्स को बारीक काटकर डाला जा सकता है ताकि वे चावल में घुल-मिल जाएं और बच्चों को पता भी न चले। जिन्हें ज्यादा तीखा पसंद है, वे लाल मिर्च की मात्रा बढ़ा सकते हैं, जबकि हल्का खाना पसंद करने वालों के लिए मसाले कम भी किए जा सकते हैं। दही की मात्रा को थोड़ा ज्यादा करने से चावल और भी क्रीमी बन जाता है।
मसाला राइस को इसके साथ परोसें
इस मसाला राइस का असली मजा तब आता है जब इसे फ्रिज में रखे ठंडे-ठंडे बूंदी के रायते, आम के अचार और कुरकुरे पापड़ के साथ परोसा जाए। इस रेसिपी की सबसे बड़ी खूबी यह है कि इसे खाने के बाद पेट में भारीपन महसूस नहीं होता, जो गर्मी के मौसम में खाने के बाद अक्सर होने वाली आम शिकायत है। साथ ही इसे बनाने में इतना कम समय लगता है कि उमस भरी गर्मी में घंटों किचन में पसीना बहाने की जरूरत नहीं पड़ती। तो अगली बार जब दोपहर के खाने की चिंता सताए, तो इस झटपट बनने वाली मसाला राइस रेसिपी को जरूर आजमाएं।











