सैमसंग की स्मार्टवॉच सीरीज में नया हार्डवेयर और सॉफ्टवेयर जोड़ते हुए गैलेक्सी वॉच9 पेश की गई है। लगभग दो हफ्ते के इस्तेमाल और 40-मिमी मॉडल के गहन आकलन के बाद यह साफ होता है कि जो उपभोक्ता पहले से गैलेक्सी वॉच8 का इस्तेमाल कर रहे हैं, उनके लिए यह कोई बहुत बड़ा या अनिवार्य अपग्रेड साबित नहीं होता। हालांकि, अगर किसी के पास पुरानी पीढ़ी की गैलेक्सी वॉच है या फिर वे सैमसंग के डिजिटल इकोसिस्टम में एक मजबूत, फीचर-पैक स्मार्टवॉच की तलाश कर रहे हैं, तो मौजूदा बाजार में गैलेक्सी वॉच9 उनके लिए एक बेहतरीन विकल्प बनकर उभरती है।
स्नैपड्रैगन वियर एलीट के साथ स्मूद परफॉर्मेंस
इस नई स्मार्टवॉच का सबसे बड़ा आंतरिक बदलाव इसका प्रोसेसर है। सैमसंग ने इसमें क्वालकॉम का नया स्नैपड्रैगन वियर एलीट प्लेटफॉर्म शामिल किया है। कंपनी का दावा है कि इस नए चिपसेट से सीपीयू और जीपीयू परफॉर्मेंस में उल्लेखनीय सुधार हुआ है, साथ ही ऊर्जा की खपत भी पहले से काफी बेहतर हुई है। दैनिक उपयोग के दौरान यह घड़ी मेन्यू स्क्रॉल करने, विभिन्न ऐप्स खोलने और नोटिफिकेशन्स हटाने जैसे सभी सामान्य कार्यों में बेहद तेज और सहज प्रतिक्रिया देती है।
फिजिकल बटन और वर्कआउट कंट्रोल्स
हार्डवेयर डिजाइन की बात करें तो सैमसंग ने दाईं तरफ दो पारंपरिक फिजिकल बटन दिए हैं। इनमें से ऊपरी बटन किसी भी एक्टिव ऐप से सीधे होम स्क्रीन पर वापस ले जाता है। इसी बटन को दो बार दबाने पर हाल ही में इस्तेमाल किया गया ऐप खुलता है, जबकि देर तक दबाए रखने पर कस्टमाइजेबल शॉर्टकट सक्रिय हो जाता है। निचला बटन स्क्रीन को एक कदम पीछे ले जाने के लिए काम करता है और इसे भी लॉन्ग प्रेस करके शॉर्टकट के रूप में इस्तेमाल किया जा सकता है।
हालांकि बटन और टचस्क्रीन दोनों ही टच पर तुरंत रिस्पॉन्ड करते हैं, लेकिन वर्कआउट नियंत्रण में कुछ प्रक्रियाएं थोड़ी लंबी महसूस होती हैं। उदाहरण के तौर पर, कसरत खत्म करने के लिए यूजर को पहले नीचे वाला बटन दबाकर सेशन को पॉज करना पड़ता है और फिर उसे खत्म करने के लिए उसी बटन को दबाए रखना पड़ता है। स्क्रीन पर दाईं ओर स्वाइप करके फिनिश विकल्प पर टैप करने की सुविधा भी उपलब्ध है, लेकिन पसीने से भीगे हाथों के साथ फिजिकल बटन का इस्तेमाल हमेशा अधिक सुविधाजनक रहता है।
स्ट्रैप विकल्प और कम्फर्ट
अलग-अलग तरह की जीवनशैली और शारीरिक गतिविधियों को ध्यान में रखते हुए सैमसंग ने तीन प्रकार के स्ट्रैप उतारे हैं, जिनमें सिलिकॉन स्पोर्ट, टू-टोन मिस्टी और नायलॉन फैब्रिक बैंड शामिल हैं। रनिंग और भारी कसरत के दौरान सिलिकॉन स्पोर्ट बैंड कलाई पर बेहद सुरक्षित तरीके से टिका रहता है। पसीने के बावजूद यह त्वचा पर किसी भी तरह की जलन या बेचैनी पैदा नहीं करता और लंबे समय तक पहनने के लिए काफी आरामदायक बना रहता है।
हेल्थ टूल्स और फिटनेस इंडेक्स का गणित
इस साल कई अन्य स्मार्टवॉच लॉन्च की तरह सैमसंग का मुख्य जोर भी स्वास्थ्य निगरानी पर है। गैलेक्सी वॉच9 में हीयरिंग, वाइटल्स, स्लीप एप्निया, डेली कार्डियो लोड, फिटनेस इंडेक्स और हार्ट हेल्थ स्कोर जैसे नए फीचर्स जोड़े गए हैं। इससे पहले से मौजूद हेल्थ फीचर्स की सूची और भी लंबी हो गई है, लेकिन यह सवाल उठना लाजिमी है कि इनमें से हर फीचर वास्तव में कितना उपयोगी है।
डेली कार्डियो लोड की मदद से यह समझने में आसानी होती है कि कसरत के दौरान शरीर पर कितना जोर पड़ रहा है। वहीं फिटनेस इंडेक्स के जरिए सैमसंग ने बॉडी कंपोजिशन, कार्डियोवस्कुलर फिटनेस और एंड्योरेंस को मिलाकर एक सिंगल फिटनेस स्कोर तैयार करने की कोशिश की है। इस स्कोर को जनरेट करने के लिए यूजर को कम से कम दो दिनों तक घड़ी पहननी होती है, जिसमें रनिंग या वॉकिंग वर्कआउट रिकॉर्ड करना, नींद को ट्रैक करना और बॉडी कंपोजिशन की माप लेना अनिवार्य है। हालांकि कई सारे शारीरिक पैमानों को मिलाकर एक अकेला स्कोर बना देना हमेशा पूरी सच्चाई बयां नहीं करता। ऐसे स्कोर्स को किसी एक अंतिम नतीजे के बजाय लंबे समय के फिटनेस ट्रेंड्स को समझने के लिए देखना ज्यादा समझदारी भरा कदम है। कुल मिलाकर, पहली बार गैलेक्सी वॉच खरीदने वालों के लिए वॉच9 एक सशक्त डिवाइस है, भले ही मौजूदा वॉच8 यूजर्स के लिए यह तुरंत बदलने लायक न लगे।



















