ऐपल के प्रीमियम स्मार्टफोन आईफोन 18 प्रो मैक्स में सेलुलर कनेक्टिविटी पूरी तरह गायब होने की गंभीर तकनीकी खामी सामने आई है। कैमरे के लिए वेरिएबल अपर्चर, 15 मिनट में 50 फीसदी तक बैटरी चार्जिंग और नए ए20 प्रोसेसर के दम पर ऐपल के आधुनिक एआई टूल्स चलाने की क्षमता होने के बाद भी कई हैंडसेट्स पर बुनियादी मोबाइल नेटवर्क काम नहीं कर रहा है। जिन यूजर्स के हैंडसेट इस गड़बड़ी की चपेट में आए हैं, उनकी स्क्रीन पर नेटवर्क बार की जगह सिर्फ एसओएस दिखाई दे रहा है। नेटवर्क न होने के कारण न तो कॉल संभव है और न ही बिना वाई-फाई के कोई इंटरनेट ऐप चल पा रही है। यहाँ तक कि आपातकालीन नंबर 911 पर संपर्क साधना भी नामुमकिन हो गया है। ऐपल ने स्वीकार किया है कि एटीएंडटी नेटवर्क पर सक्रिय सीमित संख्या में आईफोन 18 प्रो मैक्स इस परेशानी से जूझ रहे हैं।
सॉफ्टवेयर पैच से नहीं होगा ठीक, रिप्लेसमेंट ही एकमात्र रास्ता
कंपनी की ओर से स्पष्ट किया गया है कि जिन आईफोन 18 प्रो मैक्स हैंडसेट्स पर नेटवर्क पहले ही पूरी तरह बंद हो चुका है, उन्हें किसी सॉफ्टवेयर अपडेट के जरिए ठीक नहीं किया जा सकता। यदि डिवाइस पूरी तरह सिग्नल खो चुका है, तो यूजर्स के पास फोन बदलवाने के अलावा कोई अन्य विकल्प नहीं बचता है। राहत की बात यह है कि इसे वारंटी के दायरे में आने वाला हार्डवेयर डिफेक्ट माना गया है। ऐसे में ऐपल स्टोर या एटीएंडटी स्टोर पर जाकर प्रभावित ग्राहक अपने फोन के बदले बिना किसी अतिरिक्त शुल्क के नया फोन हासिल कर सकते हैं।
नेटवर्क चालू रहने पर तुरंत उठाएं ये सुरक्षा कदम
अगर आपके हैंडसेट पर फिलहाल नेटवर्क काम कर रहा है, तब भी यह मान लेना सही नहीं होगा कि फोन पूरी तरह सुरक्षित है। भविष्य में इस समस्या से बचने के लिए तुरंत आईओएस 27.0.1 अपडेट इंस्टॉल करना जरूरी है। इसके साथ ही कैरियर सेटिंग्स को भी अपडेट करना होगा। ऐपल ने आधिकारिक बयान में कहा कि एटीएंडटी नेटवर्क पर सक्रिय आईफोन 18 प्रो मैक्स में आ रही इस गड़बड़ी को रोकने के लिए नया सॉफ्टवेयर और कैरियर सेटिंग्स अपडेट जारी किए गए हैं। यूजर्स सेटिंग्स में जाकर जनरल और फिर सॉफ्टवेयर अपडेट के जरिए आईओएस 27.0.1 डाउनलोड कर सकते हैं। हालांकि कैरियर अपडेट सामान्य तौर पर अगले 14 दिनों के भीतर खुद ही लागू हो जाता है, लेकिन जोखिम से बचने के लिए सेटिंग्स में जनरल और फिर अबाउट सेक्शन में जाकर इसे तुरंत मैन्युअल रूप से सक्रिय किया जा सकता है।
हार्डवेयर में अंतर और पिछले महीने से जारी अन्य परेशानियां
हैरानी की बात यह है कि यह गड़बड़ी सिर्फ आईफोन 18 प्रो मैक्स और खास तौर पर एटीएंडटी नेटवर्क पर ही देखी जा रही है, जबकि मानक आईफोन 18 प्रो इससे अछूता है। तकनीकी बनावट को देखें तो आईफोन 18 प्रो मैक्स में क्वालकॉम का मॉडेम लगाया गया है, जबकि आईफोन 18 प्रो में ऐपल का इन-हाउस सी2 मॉडेम मौजूद है। ऐसे में माना जा रहा है कि क्वालकॉम के हार्डवेयर और संबंधित नेटवर्क के तालमेल में कोई तकनीकी खामी हो सकती है। पिछले महीने लॉन्च होने के बाद से यह इस सीरीज की पहली समस्या नहीं है। इससे पहले फेस आईडी विफल होने पर फोन के अचानक रीबूट होने, स्पीकर्स से पॉपिंग या क्रैकिंग जैसी अवांछित आवाजें आने और कुछ हैंडसेट्स के बाहरी हिस्से से रंग छूटने जैसी शिकायतें भी सामने आ चुकी हैं।



















