भृंगराज नाम का यह भूला-बिसरा पौधा बालों का झड़ना और सफेद होना दोनों रोक सकता हैस्वास्थ्य
54 मिनट पहले· 0

भृंगराज नाम का यह भूला-बिसरा पौधा बालों का झड़ना और सफेद होना दोनों रोक सकता है

खेत-खलिहानों और नालों के किनारे उगने वाला घमरा यानी भृंगराज बालों के झड़ने, सफेद होने और डैंड्रफ जैसी समस्याओं के लिए असरदार आयुर्वेदिक उपाय माना जाता है, बशर्ते इसे सही तरीके से और नियमित रूप से इस्तेमाल किया जाए।

गांव-देहात के खेतों की मेड़, नालों के किनारे और खाली मैदानों में उगने वाला एक आम पौधा दरअसल बालों की हर बड़ी समस्या का इलाज हो सकता है। आम बोलचाल में इसे घमरा कहा जाता है, जबकि आयुर्वेद में यही पौधा भृंगराज के नाम से जाना जाता है, जिसे केशव राज भी कहते हैं। जानकारी न होने की वजह से ज्यादातर लोग इसे साधारण खरपतवार समझकर उखाड़ फेंकते हैं, जबकि सदियों से आयुर्वेदिक इलाज में इसका इस्तेमाल होता आया है।

पहचान में चूक, फेंक देते हैं औषधीय पौधा

रायबरेली जिले की आयुष चिकित्सक डॉ. स्मिता श्रीवास्तव के मुताबिक भृंगराज कोई मामूली पौधा नहीं है। यह बरसों से पारंपरिक चिकित्सा पद्धति का हिस्सा रहा है, लेकिन जानकारी के अभाव में लोग इसकी पहचान नहीं कर पाते। यही वजह है कि खेत-खलिहान में उगने के बावजूद ज्यादातर लोग इसे बेकार घास मानकर नष्ट कर देते हैं।

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भृंगराज में मौजूद पोषक तत्व

डॉ. स्मिता बताती हैं कि भृंगराज में आयरन, कैल्शियम, मैग्नीशियम, फ्लेवोनॉयड्स और एल्कलाइड्स जैसे तत्व पाए जाते हैं। ये सभी तत्व सिर्फ लिवर के लिए ही नहीं, बल्कि बालों की सेहत के लिए भी बेहद फायदेमंद माने जाते हैं। इन्हीं गुणों की वजह से भृंगराज का तेल आयुर्वेद में बालों के लिए एक असरदार औषधि के तौर पर इस्तेमाल किया जाता है।

बालों को कैसे फायदा पहुंचाता है भृंगराज का तेल

भृंगराज का तेल नियमित रूप से बालों में लगाने से कई तरह के फायदे मिलते हैं। यह बालों को समय से पहले सफेद होने से बचाता है और बालों की ग्रोथ को बढ़ाता है। इसके अलावा यह बालों का झड़ना रोकने में भी मदद करता है और डैंड्रफ की समस्या से भी छुटकारा दिलाता है। डॉ. स्मिता के अनुसार, भृंगराज का तेल इस्तेमाल करने के 2 से 4 सप्ताह के भीतर ही बालों का झड़ना कम होता दिखने लगता है। हालांकि पूरा फायदा पाने के लिए इसे कम से कम 3 महीने तक लगातार इस्तेमाल करना जरूरी है।

घर पर कैसे तैयार करें भृंगराज का तेल

डॉ. स्मिता श्रीवास्तव के मुताबिक भृंगराज का तेल घर पर बनाना आसान है। सबसे पहले किसी बड़े बर्तन में सरसों का तेल या नारियल का तेल डालकर गर्म करें। इसके बाद उसी गर्म तेल में भृंगराज की पत्तियां या उसका पाउडर मिला दें। इस मिश्रण को तब तक पकाएं जब तक तेल का रंग हरा न हो जाए। रंग बदलने के बाद तेल को उसी बर्तन में रखा रहने दें, ताकि भृंगराज अपने सारे पोषक तत्व धीरे-धीरे तेल में छोड़ दे। जब तेल में भृंगराज के सभी तत्व पूरी तरह घुल जाएं, तो इस तेल को हल्का गुनगुना करके शाम के समय बालों की जड़ों में अच्छी तरह लगाएं। इसे रातभर बालों में लगा रहने दें और अगली सुबह सिर धो लें। डॉ. स्मिता का कहना है कि इस तरीके को लगातार अपनाने से बालों को काफी फायदा मिलता है।

सवाल-जवाब

भृंगराज को आम भाषा में क्या कहते हैं?
आम बोलचाल में इसे घमरा कहा जाता है, जबकि आयुर्वेद में इसे भृंगराज या केशव राज कहा जाता है।
भृंगराज का तेल बालों का झड़ना कितने समय में कम करता है?
डॉ. स्मिता श्रीवास्तव के मुताबिक यह 2 से 4 सप्ताह में असर दिखाना शुरू कर देता है।
पूरा फायदा पाने के लिए भृंगराज तेल कितने समय तक लगाना चाहिए?
पूरा फायदा पाने के लिए इसे कम से कम 3 महीने तक नियमित रूप से लगाना चाहिए।
भृंगराज तेल घर पर कैसे बनाया जा सकता है?
सरसों या नारियल के तेल में भृंगराज की पत्तियां या पाउडर डालकर तब तक पकाएं जब तक तेल हरा न हो जाए, फिर तेल को तत्व छोड़ने के लिए उसी बर्तन में रखा रहने दें।
भृंगराज में कौन-कौन से पोषक तत्व पाए जाते हैं?
इसमें आयरन, कैल्शियम, मैग्नीशियम, फ्लेवोनॉयड्स और एल्कलाइड्स जैसे तत्व पाए जाते हैं।
भृंगराज तेल कब लगाना चाहिए और कब धोना चाहिए?
इसे शाम के समय बालों में लगाना चाहिए और अगली सुबह धो देना चाहिए।

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