हिमाचल प्रदेश के मंडी जिले में आने वाले सरकाघाट क्षेत्र में युवाओं को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर रोजगार मुहैया कराने की कवायद तेज हो गई है। महज डेढ़ महीने के भीतर यहां दूसरे बड़े रोजगार मेले का आयोजन किया गया, जिसमें स्थानीय और आसपास के इलाकों से पहुंचे 1500 से अधिक युवाओं ने विदेश में नौकरी पाने के लिए अपनी दावेदारी पेश की। इस विशेष भर्ती अभियान में मिडिल ईस्ट और गल्फ देशों की 12 प्रमुख कंपनियों से आए विदेशी इंजीनियरों और तकनीकी विशेषज्ञों के दल ने उम्मीदवारों की कार्यकुशलता और तकनीकी योग्यता की बारीकी से जांच की।
विदेश में मैनपॉवर की मांग और स्थानीय प्रतिभा को जोड़ने की पहल
सरकाघाट के स्थानीय समाजसेवी चंद्रमोहन शर्मा इस पूरी मुहिम का नेतृत्व कर रहे हैं। उनका मुख्य लक्ष्य क्षेत्र के हुनरमंद युवाओं को सीधे विदेशी कंपनियों से जोड़ना है। चंद्रमोहन शर्मा के मुताबिक, विदेशों में काम कर रही बड़ी औद्योगिक इकाइयों को व्यापक स्तर पर कुशल मानव संसाधन की सख्त जरूरत है। इसके विपरीत, हिमाचल के योग्य और तकनीकी रूप से सक्षम युवा सही मार्गदर्शन, सूचना और सीधे अवसरों की कमी के चलते बाहर नहीं निकल पाते। इसी फासले को पाटने के लिए उन्होंने व्यक्तिगत तौर पर विदेशी कंपनियों से संपर्क साधा और उन्हें यहां आकर सीधी भर्ती प्रक्रिया संचालित करने के लिए आमंत्रित किया, ताकि स्थानीय स्तर पर रोजगार के सीमित साधनों के बीच युवाओं को एक मजबूत वैश्विक मंच मिल सके।
पहले चरण की सफलता और दूसरे मेले का आयोजन
इस सिलसिले का पहला रोजगार मेला 14 अगस्त को आयोजित किया गया था, जिसमें तकरीबन 500 युवाओं को विदेशी कंपनियों में काम करने के लिए चुना गया। पहले चरण में चयनित युवाओं का शुरुआती दल कार्यभार संभालने के लिए विदेश रवाना भी हो चुका है। पहले आयोजन की सफलता को देखते हुए गुरुवार को इस दूसरे रोजगार मेले का मंच सजाया गया, जिसमें युवाओं का भारी उत्साह देखने को मिला।
तकनीकी पदों पर इंटरव्यू और आकर्षक वेतनमान
इस भर्ती प्रक्रिया के तहत तकनीकी और गैर-तकनीकी दोनों श्रेणियों के पदों के लिए साक्षात्कार लिए गए। इनमें प्रमुख रूप से प्लंबर, मैकेनिकल, कंप्यूटर ऑपरेटर और इलेक्ट्रीशियन सहित कई अन्य विधाओं से जुड़े पद शामिल रहे। साक्षात्कार देने वाले युवाओं के परिणाम कंपनियों द्वारा बाद में घोषित किए जाएंगे। चंद्रमोहन शर्मा ने स्पष्ट किया कि जितने भी युवा परीक्षण में सफल घोषित होंगे, उन सभी को रोजगार वीजा के साथ संबंधित देशों में भेजा जाएगा। चयनित उम्मीदवारों को उनके पद और दक्षता के आधार पर 40 हजार से 80 हजार रुपये के बीच मासिक वेतन मिलेगा।
किन देशों में काम करने का मिलेगा अवसर
रोजगार मेले में सफल रहने वाले युवाओं को गल्फ देशों और व्यापक मिडिल ईस्ट क्षेत्र में तैनाती दी जाएगी। जिन देशों में मुख्य रूप से अवसर तैयार किए गए हैं, उनमें दुबई और कुवैत के अलावा सऊदी अरब, ओमान, कतर और बहरीन शामिल हैं। विभिन्न देशों के औद्योगिक प्रोजेक्ट्स में स्थानीय युवाओं को अपनी विशेषज्ञता दिखाने और आर्थिक रूप से खुद को मजबूत करने का यह सीधा रास्ता बनकर उभरा है।



















