रांची में भीषण उमस और चिलचिलाती गर्मी से जूझ रहे निवासियों के लिए भारतीय मौसम विज्ञान विभाग ने राहत की सूचना दी है। आने वाले दो दिनों के भीतर झारखंड समेत देश के 16 राज्यों में मौसम का मिजाज पूरी तरह बदलने की संभावना जताई गई है। राज्य के विभिन्न क्षेत्रों में तेज हवाओं के साथ बारिश होने और आकाशीय बिजली गिरने के आसार हैं।
तापमान में गिरावट और उमस से निजात
झारखंड के अधिकतर जिलों में पिछले कुछ समय से तापमान सामान्य से एक से चार डिग्री सेल्सियस अधिक दर्ज किया जा रहा है। सुबह से ही तेज धूप और हवा में मौजूद उच्च आद्रता के कारण जनजीवन बुरी तरह प्रभावित है। हालांकि, मौसम के ताजा पूर्वानुमान के अनुसार अब बादलों की सक्रियता बढ़ेगी, जिससे गर्मी का असर कम होने लगेगा।
रांची मौसम केंद्र के वरिष्ठ वैज्ञानिक अभिषेक आनंद के मुताबिक, बीते 24 घंटों में मानसून की गति भले ही धीमी रही हो, लेकिन अब यह फिर से मजबूती पकड़ने जा रहा है। अगले तीन दिनों के भीतर राज्य के न्यूनतम तापमान में 3 से 4 डिग्री सेल्सियस तक की गिरावट आने का अनुमान है, जो भीषण गर्मी से जूझ रहे लोगों के लिए बड़ी राहत साबित होगी।
बीते दिन का बारिश का लेखा-जोखा
मानसून की सुस्त चाल का प्रभाव यह रहा कि गढ़वा और पलामू के कुछ इलाकों में यह अभी तक पूरी तरह से नहीं पहुंच पाया है। हालांकि, राज्य के कुछ हिस्सों में मध्यम स्तर की बारिश दर्ज की गई है। पिछले 24 घंटों के आंकड़ों के अनुसार पाकुड़ में सबसे अधिक 27.8 मिलीमीटर बारिश हुई, जबकि गिरिडीह में 18.0 मिलीमीटर और देवघर में 16.0 मिलीमीटर वर्षा दर्ज की गई। शेष जिलों में केवल हल्की बूंदाबांदी ही देखने को मिली।
मौसम विभाग की चेतावनी
विभाग ने अगले दो दिनों के लिए विशेष अलर्ट जारी करते हुए लोगों को सावधानी बरतने की सलाह दी है। खराब मौसम और आंधी-तूफान के दौरान सुरक्षित स्थानों पर रहने की अपील की गई है। विशेष रूप से ग्रामीण क्षेत्रों के किसानों को खेतों में काम करते समय आकाशीय बिजली के प्रति अत्यधिक सतर्क रहने को कहा गया है। उम्मीद है कि जल्द ही मानसून की सक्रियता बढ़ने से पूरा झारखंड बारिश के दौर में प्रवेश कर जाएगा।













