घर के लिविंग रूम की शोभा बढ़ाने वाले बड़े और महंगे टीवी पर धूल-मिट्टी जमना या उस पर उंगलियों के निशान पड़ जाना बेहद आम बात है। लोग अक्सर अपनी इस कीमती स्क्रीन को चमकाने के लिए घर में मौजूद पेपर टॉवल, टिश्यू पेपर या किसी भी पुराने कपड़े का इस्तेमाल करने की गलती कर बैठ जाते हैं। यह आदत न केवल आपके डिस्प्ले को नुकसान पहुंचाती है, बल्कि उसकी उम्र भी कम कर सकती है। आज के समय में आने वाले मॉडर्न ओएलईडी, क्यूएलईडी और एलईडी जैसे फ्लैट-स्क्रीन टेलीविजन में बेहद सेंसिटिव स्पेशल कोटिंग दी जाती है, जो विजुअल क्वालिटी को शानदार बनाती है। इसी वजह से इनकी साफ-सफाई के नियम भी सामान्य कांच या फर्नीचर से काफी अलग होते हैं।
गलत क्लीनिंग प्रोडक्ट्स से पहुंचता है नुकसान
लापरवाही से की गई सफाई के कारण टीवी की संवेदनशील कोटिंग पर बारीक खरोंचें आ सकती हैं। राहत की बात यह है कि अपने महंगे डिसप्ले को सुरक्षित रखने के लिए किसी भी तरह के महंगे केमिकल प्रोडक्ट्स खरीदने की कोई आवश्यकता नहीं होती है। केवल एक सही कपड़ा और सही तरीका अपनाकर आप अपनी टेलीविजन स्क्रीन को लंबे समय तक बिल्कुल नया जैसा बनाए रख सकते हैं। आइए जानते हैं कि स्क्रीन को बिना किसी नुकसान के साफ करने का सुरक्षित और आसान तरीका क्या है।
किन चीजों का इस्तेमाल करना है सुरक्षित
टीवी स्क्रीन की सफाई के लिए हमेशा एक बेहद मुलायम माइक्रोफाइबर कपड़े का ही चुनाव करना चाहिए। यह कपड़ा धूल के कणों और हल्के दाग-धब्बों को बहुत आसानी से हटा देता है और स्क्रीन पर किसी भी तरह की खरोंच या स्क्रैच नहीं पड़ने देता। इसके विपरीत, पेपर टॉवल, फेशियल टिश्यू या घर के पुराने कपड़े देखने में भले ही नरम महसूस हों, लेकिन उनमें मौजूद कड़े रेशे स्क्रीन की सतह को स्थायी रूप से नुकसान पहुंचा सकते हैं। यदि टीवी के किनारों या वेंट्स में ज्यादा धूल जमा हो गई है, तो एयर ब्लोअर या कैन्ड एयर का उपयोग किया जा सकता है। हालांकि, इसे हमेशा थोड़ी दूरी से और हल्के छोटे-छोटे स्प्रे के रूप में ही प्रयोग करना चाहिए।
कैमिकल क्लीनर और पानी का सही उपयोग
बहुत से लोग आलस या अज्ञानता के कारण टीवी साफ करने के लिए खिड़की-शीशे साफ करने वाले ग्लास क्लीनर या अन्य घरेलू क्लीनिंग स्प्रे का छिड़काव कर देते हैं, जो कि सबसे बड़ी भूल साबित हो सकती है। अमोनिया, अल्कोहल, एसीटोन या अन्य हार्श केमिकल्स वाले क्लीनर स्क्रीन की प्रोटेक्टिव सेफ्टी लेयर को पूरी तरह नष्ट कर देते हैं। इससे स्क्रीन पर अजीब सा धुंधलापन छा जाता है और रंगों की चमक तथा क्वालिटी भी खराब होने लगती है। यदि दाग जिद्दी हों और पानी का उपयोग करना ही पड़े, तो केवल डिस्टिल्ड वॉटर का ही प्रयोग करें। साधारण नल के पानी में मौजूद मिनरल्स सूखने के बाद स्क्रीन पर सफेद निशान छोड़ सकते हैं।
सफाई की प्रक्रिया शुरू करने से पहले हमेशा टीवी को पूरी तरह बंद कर दें और उसका मेन प्लग निकाल लें। इसके बाद अपने माइक्रोफाइबर कपड़े को सिर्फ हल्का-सा नम करें। इस बात का विशेष ध्यान रखें कि पानी का छिड़काव कभी भी सीधे स्क्रीन के ऊपर नहीं करना चाहिए। हमेशा पानी को कपड़े पर ही लगाएं और अतिरिक्त नमी को अच्छी तरह निचोड़ लें। अब स्क्रीन को बेहद हल्के हाथों से जेंटल सर्कुलर मोशन यानी गोलाकार गति में पोंछें। डिस्प्ले पर कभी भी ज्यादा दबाव न डालें और न ही उसे जोर से रगड़ें। सफाई पूरी होने के बाद स्क्रीन को पूरी तरह प्राकृतिक रूप से सूखने दें। इसके अलावा, टीवी का प्लास्टिक फ्रेम, उसका स्टैंड और पीछे का पैनल भी धूल का घर बन जाते हैं, इसलिए उन्हें भी माइक्रोफाइबर कपड़े से साफ करना बेहद जरूरी है ताकि दोबारा धूल स्क्रीन पर न पहुंचे।



















