पेरिस जाकर करीना कपूर ने शादी के लिए भरी थी हामी, सैफ अली खान बोले कि मुंबई में मान जाती तो बच जाता खर्चादिल्ली में सीजेपी के प्रदर्शन पर हिंदू रक्षा दल का धावा, तीन राज्यों से पहुंचे थे कार्यकर्ताऋषिकेश के चार प्रसिद्ध देवी धाम जहां पूरी होती हैं मन्नतें और जुड़े हैं अनोखे चमत्कारबजट से लेकर लग्जरी तक महिंद्रा की चार लोकप्रिय गाड़ियां, जानें कीमत और खासियतbella 4-Slice रिव्यू (2026): एक बजट चार-स्लाइस टोस्टर जो रोजमर्रा के काम में कितना खरा उतरता हैतवे और कड़ाही की तली पर जमी जली कालिख छुड़ाएं, रसोई में मौजूद इन घरेलू नुस्खों से चमक उठेगा एल्युमिनियमअक्षय कुमार और प्रियदर्शन की नई कॉमेडी फिल्म, टाइगर हंटर के रोल में दिखेंगे अभिनेताअश्लेषा नक्षत्र में मंगल का प्रवेश लाएगा चार राशियों के लिए अप्रत्याशित तरक्की और अकूत लाभमानसून में बिस्तर की सीलन और दुर्गंध से कैसे पाएं छुटकारा, अपनाएं ये आसान घरेलू तरीकेटेलीविजन धारावाहिकों से निकलकर भोजपुरी परदे पर छाईं निधि झा, जन्मदिन पर जानें अनसुने किस्से
मानसून में बिस्तर की सीलन और दुर्गंध से कैसे पाएं छुटकारा, अपनाएं ये आसान घरेलू तरीकेजीवनशैली
18 अक्तू॰ 2026, 5:26 am (1 घंटे पहले)· 1

मानसून में बिस्तर की सीलन और दुर्गंध से कैसे पाएं छुटकारा, अपनाएं ये आसान घरेलू तरीके

बरसात के दिनों में हवा में नमी बढ़ने से गद्दों और तकियों से बदबू आने लगती है, जिसे कुछ आसान घरेलू उपायों और सही वेंटिलेशन से दूर किया जा सकता है।

बरसात के मौसम में वातावरण में नमी का स्तर काफी बढ़ जाता है, जिसका सीधा असर घर के अंदर रखे बिस्तरों, गद्दों और तकियों पर पड़ता है। आसमान में लगातार बादल छाए रहने और धूप न निकलने की स्थिति में बिस्तरों के रेशे हवा में मौजूद पानी को सोख लेते हैं। इसके चलते पूरे शयनकक्ष में सीलन की भारी दुर्गंध फैलने लगती है, जिससे कमरे का माहौल असहज हो जाता है। गद्दों और तकियों से आने वाली इस अप्रिय गंध को दूर करने के लिए कुछ बेहद सामान्य घरेलू तरीकों का सहारा लिया जा सकता है, जिससे बिस्तर दोबारा ताज़ा और आरामदायक बन सकते हैं।

कमरे में हवा का बहाव और सही वेंटिलेशन

लॉन्ड्री के क्षेत्र में 12 साल का अनुभव रखने वाले सर्वेश कुमार कनौजिया के अनुसार, जब कई दिनों तक लगातार बारिश होती है और सूरज नहीं निकलता, तो बिस्तरों में नमी गहराई तक बैठ जाती है। धूप के अभाव में कपड़े और गद्दे सूख नहीं पाते, जिससे सीलन की समस्या बहुत तेजी से बढ़ती है। जिन कमरों में ताजी हवा के आने-जाने की समुचित व्यवस्था नहीं होती, वहां यह परेशानी कई गुना ज्यादा विकराल रूप ले लेती है।

ये भी पढ़ें

हवा के संचलन को बेहतर बनाए रखने के लिए जैसे ही बारिश थमे, कमरों की सभी खिड़कियां और दरवाजे तुरंत खोल देने चाहिए। कमरे में पंखा चलाकर रखने से हवा का निरंतर प्रवाह बना रहता है, जिससे गद्दों की ऊपरी सतह पर रुकी नमी सूखने लगती है। इसके अलावा एक जरूरी उपाय यह भी है कि पलंग को दीवार से बिल्कुल सटाकर न रखा जाए। चारपाई या बेड और दीवार के बीच कुछ इंच का फासला छोड़ने से हवा आसानी से चारों तरफ घूम पाती है, जिससे बिस्तर के पिछले हिस्से में नमी जमा नहीं होती।

बेकिंग सोडा का कारगर इस्तेमाल

यदि गद्दे अथवा गद्देदार बिस्तरों से सीलन की हल्की दुर्गंध आने लगी है, तो रसोई में मौजूद बेकिंग सोडा एक बेहतरीन समाधान साबित हो सकता है। इसका प्रयोग करने के लिए सबसे पहले गद्दे की ऊपरी सतह को अच्छी तरह सूखा लें। इसके पश्चात पूरी सतह पर हल्की मात्रा में बेकिंग सोडा का सूखा पाउडर छिड़क दें और उसे कुछ घंटों के लिए ऐसे ही छोड़ दें। बेकिंग सोडा रेशों में गहराई तक समाई नमी और बदबू को अपने अंदर सोखने की अद्भुत क्षमता रखता है।

कुछ घंटों के बाद वैक्यूम क्लीनर की मदद से बेकिंग सोडा के पाउडर को पूरी तरह खींचकर साफ कर लें। अगर घर पर वैक्यूम मशीन उपलब्ध न हो, तो किसी सूखे और बिल्कुल साफ सूती कपड़े से झाड़कर भी पाउडर को हटाया जा सकता है। इस दौरान यह बेहद जरूरी है कि गद्दे की बदबू मिटाने के लिए उस पर सीधे पानी, परफ्यूम, डियोड्रेंट अथवा किसी भी अन्य तरल पदार्थ का छिड़काव बिल्कुल न किया जाए। तरल पदार्थों का इस्तेमाल करने से गद्दे के आंतरिक स्पंज में पानी की मात्रा और ज्यादा बढ़ जाती है, जिससे बदबू कम होने के बजाय समस्या और अधिक गंभीर हो जाती है।

धूप का फायदा उठाएं और चादरों की सफाई

बरसात के महीनों में जब भी कभी कुछ समय के लिए तेज धूप निकले, तो उसका तुरंत फायदा उठाना चाहिए। गद्दों और तकियों को तुरंत बाहर निकालकर ऐसी जगह रखें, जहां पर्याप्त प्राकृतिक धूप और हवा सीधे उन पर लग सके। गद्दे को सुखाते वक्त इस बात का खास ख्याल रखें कि उसे समय-समय पर पलटते रहें। दोनों तरफ से सुखाने से अंदर तक फंसी हुई नमी पूरी तरह गायब हो जाती है। इसके साथ ही, गद्दे पर बिछाई जाने वाली चादरों और तकिए के गिलाफों को भी समय-समय पर धोते रहें। धुले हुए इन कवर्स को धूप और हवा में पूरी तरह सुखाने के बाद ही दोबारा बिस्तर पर इस्तेमाल करें, क्योंकि हल्की सी भी नमी दोबारा गद्दे को खराब कर सकती है।

फंगस के निशानों पर रखें खास नज़र

गद्दों की नियमित जांच करते समय अगर उनकी सतह पर काले, हरे अथवा सफेद रंग के छोटे-छोटे धब्बे दिखाई दें, तो उन्हें साधारण सीलन का दाग समझकर नजरअंदाज करने की भूल न करें। यह रंग-बिरंगे धब्बे गद्दे के अंदर फंगस या मोल्ड पनपने के स्पष्ट संकेत होते हैं। यदि ऐसे लक्षण सामने आते हैं, तो उस गद्दे को तुरंत घर के बाकी बिस्तरों से अलग कर दें और उसकी विधिवत सफाई करवाएं। यदि फंगस का फैलाव गद्दे के बड़े हिस्से में हो चुका है, तो स्वास्थ्य सुरक्षा के लिहाज से ऐसे गद्दे पर सोने से पूरी तरह बचना चाहिए।

सवाल-जवाब

बरसात में गद्दे से सीलन की बदबू क्यों आने लगती है?
मौसम में उच्च नमी और कई दिनों तक धूप न निकलने के कारण बिस्तर हवा में मौजूद पानी सोख लेते हैं, जिससे सीलन की दुर्गंध पैदा होती है।
गद्दे से बदबू हटाने के लिए बेकिंग सोडा का इस्तेमाल कैसे करें?
गद्दे की सतह सुखाकर उस पर थोड़ा बेकिंग सोडा छिड़कें, कुछ घंटे बाद उसे वैक्यूम क्लीनर या साफ सूखे कपड़े से अच्छी तरह साफ कर लें।
क्या गद्दे की बदबू दूर करने के लिए परफ्यूम या पानी का छिड़काव करना चाहिए?
बिल्कुल नहीं, परफ्यूम या पानी छिड़कने से गद्दे के अंदर नमी और बढ़ जाती है जिससे बदबू की समस्या अधिक गंभीर हो सकती है।
गद्दे पर काले, सफेद या हरे धब्बे दिखने पर क्या करना चाहिए?
यह धब्बे फंगस के संकेत होते हैं, इसलिए ऐसे गद्दे को दूसरे बिस्तरों से अलग करके सफाई कराएं और फंगस ज्यादा होने पर उसका उपयोग न करें।
सीलन से बचाव के लिए बिस्तर को दीवार से सटाकर क्यों नहीं रखना चाहिए?
बिस्तर और दीवार के बीच थोड़ी खाली जगह छोड़ने से हवा का आवागमन बना रहता है, जिससे पिछले हिस्से में नमी नहीं जमती।
संपादकीय नीति सुधार नीति

टिप्पणियाँ 2

Pooja Bhatt@pooja-bhatt·48 मिनट पहले

बेकिंग सोडा हर जगह छिड़कना थोड़ा झंझट का काम लगता है, वैक्यूम हर घर में कहाँ होता है।

Nyra Kaif@nyra-kaif·48 मिनट पहले

पूजा, वैक्यूम न हो तो सूखे कपड़े से भी तो झाड़ा जा सकता है बेकिंग सोडा। थोड़ा सा तो जतन करना ही पड़ेगा, बिना मेहनत के सीलन कैसे भागेगी?

नागरिक पत्रकारिता

TrendKia पत्रकार बनें

जनता की आवाज़

अपने आसपास की ख़बरें, तस्वीरें और वीडियो ट्रेंडकिआ के साथ साझा करें और अपनी आवाज़ देश तक पहुँचाएँ। हर नागरिक एक पत्रकार।

अभी जुड़ें
CH 01 लाइव
TrendKia TV ON AIR
Chamar no WhatsApp