मानसून की शुरुआत होते ही कई इलाकों में नल से मटमैला या मटमैले रंग का दूषित पानी आने की समस्या बढ़ जाती है। तेज बारिश के कारण जल स्रोतों में मिट्टी, नालियों की गंदगी और अन्य अपशिष्ट मिल जाते हैं, जिससे पाइपलाइन के जरिए घरों तक पहुंचने वाला पानी गंदा हो जाता है। ज्यादातर लोग पीने के पानी के लिए आरओ या अन्य प्यूरीफायर का इस्तेमाल कर लेते हैं, लेकिन नहाने, बर्तन धोने, हाथ-पैर धोने और कपड़े धोने में इस्तेमाल होने वाले पानी की शुद्धता को नजरअंदाज कर देते हैं।
दूषित पानी से होने वाले स्वास्थ्य जोखिम
गंदे पानी का दुष्परिणाम सिर्फ उसे पीने से ही नहीं होता, बल्कि त्वचा और शरीर के संपर्क में आने से भी कई बीमारियां पनपती हैं। दूषित पानी से नहाने या रोजमर्रा के काम करने पर त्वचा पर खुजली, रेडनेस, एलर्जी और फंगल इन्फेक्शन का खतरा बढ़ जाता है। इसके अलावा, आंखों में तेज जलन और बालों का झड़ना जैसी समस्याएं भी मानसून में काफी आम हो जाती हैं। इसलिए पीने के पानी के साथ-साथ उपयोग में आने वाले पूरे पानी को साफ करना बेहद जरूरी है।
फिटकरी से पानी साफ करने का पारंपरिक तरीका
अगर आपके पास वाटर फिल्टर की सुविधा उपलब्ध नहीं है, तो फिटकरी एक बहुत ही असरदार और किफायती विकल्प है। इसका उपयोग करने के लिए फिटकरी के एक टुकड़े को साफ सूती कपड़े में लपेट लें। फिर इसे पानी से भरी बाल्टी या बर्तन में थोड़ी देर के लिए घुमाएं। जैसे ही पानी में साफ-सफाई का असर दिखने लगे, फिटकरी वाले कपड़े को बाहर निकाल लें। इसके बाद उस बर्तन को ढककर 2-3 घंटे के लिए बिना हिलाए-डुलाए छोड़ दें। इस दौरान पानी में मौजूद मिट्टी और बारीक अशुद्धियां तली में बैठ जाती हैं। इसके बाद आप ऊपर जमा हुआ एकदम साफ पानी अलग करके इस्तेमाल में ला सकते हैं।
नल पर कार्बन फिल्टर का इस्तेमाल
नल से आने वाले पानी को सीधे साफ करने के लिए कार्बन फिल्टर एक बेहतरीन तकनीक है। इसे सीधे किसी भी नल के मुंह पर आसानी से लगाया जा सकता है। यह फिल्टर पानी में मौजूद रासायनिक और जैविक अशुद्धियों को रोकने में काफी मददगार साबित होता है। कार्बन फिल्टर विशेष रूप से क्लोरीन, खतरनाक बैक्टीरिया, रेडॉन और सीसा जैसी हानिकारक धातुओं को पानी से अलग करने का काम करता है। यह बाजार में काफी किफायती दरों पर मिल जाता है और इसे लगाना भी बेहद आसान होता है।
नहाने के पानी के लिए शावर फिल्टर
अगर आप नहाने के पानी को केमिकल मुक्त और साफ बनाना चाहते हैं, तो शावर फिल्टर का प्रयोग किया जा सकता है। इसे शावर हेड के साथ जोड़ा जाता है, जिससे पानी छनकर बाहर आता है। यह फिल्टर पानी में घुले क्लोरीन, क्लोरमाइन और अन्य अशुद्धियों के प्रभाव को काफी हद तक कम कर देता है। इसके प्रयोग से पानी की दुर्गंध दूर होती है, उसके रंग में सुधार आता है और पानी का स्वाद भी बेहतर होता है। यह त्वचा की नमी बनाए रखने और बालों को नुकसान से बचाने में मददगार माना जाता है।
सोडियम एस्कॉर्बेट पाउडर से पानी की सफाई
नल के गंदे पानी में मौजूद हानिकारक रसायनों को खत्म करने के लिए सोडियम एस्कॉर्बेट का उपयोग भी एक प्रभावी तरीका है। इसके लिए एक बाल्टी में नल का पानी भरें और उसमें उपयोग करने से लगभग 5 मिनट पहले एक चौथाई छोटा चम्मच सोडियम एस्कॉर्बेट पाउडर मिला दें। यह पाउडर पानी में मिलकर उसमें मौजूद हानिकारक रासायनिक तत्वों के असर को कम कर देता है, जिससे पानी घरेलू इस्तेमाल के लिए ज्यादा सुरक्षित हो जाता है।



















