सोने से पहले चेहरे की सफाई करने, सीरम और मॉइस्चराइजर लगाने के बाद भी कई लोगों को सुबह सोकर उठने पर अपनी त्वचा थकी हुई और बेजान दिखाई देती है। ऐसी स्थिति में केवल सौंदर्य प्रसाधनों की गुणवत्ता पर सवाल उठाना सही समझदारी नहीं है। अक्सर त्वचा की चमक कम होने का संबंध इस बात से होता है कि प्रोडक्ट्स का प्रयोग किस तरह किया जा रहा है। अत्यधिक प्रसाधनों की परत चढ़ाना, गलत तकनीक अपनाना या दिनचर्या की लापरवाहियां त्वचा की रंगत और उसकी बनावट दोनों को बिगाड़ सकती हैं। यदि यह समस्या लगातार बनी हुई है, तो अपने रात के नियम में पांच मुख्य बिंदुओं पर ध्यान देना आवश्यक है।
त्वचा की जरूरत से ज्यादा धुलाई और कठोर क्लींजर से नुकसान
दिनभर की धूल, मेकअप या सनस्क्रीन को हटाने के लिए रात में चेहरा साफ करना जरूरी प्रक्रिया है। हालांकि, जरूरत से ज्यादा बार चेहरा धोना या अत्यधिक कड़े क्लींजर का उपयोग करना नुकसानदेह साबित हो सकता है। यह आदत त्वचा की प्राकृतिक नमी और सुरक्षात्मक परत को छीन लेती है, जिससे सुबह चेहरा खिंचा हुआ, सूखा और कांतिहीन महसूस होने लगता है। हमेशा अपनी त्वचा के प्रकार के अनुरूप किसी सौम्य क्लींजर का चयन करें और चेहरे को जोर से रगड़कर साफ करने की गलती से बचें।
कई तरह के एक्टिव्स और सीरम की अनावश्यक लेयरिंग
बहुत से लोग यह मान लेते हैं कि जितने अधिक प्रोडक्ट्स चेहरे पर लगाए जाएंगे, परिणाम उतना ही बेहतर होगा। हकीकत में एक ही रात में कई प्रकार के सीरम, एक्सफोलिएटर, एक्टिव घटक और भारी क्रीम लगाने से त्वचा पर दबाव बढ़ जाता है। कुछ एक्टिव तत्वों को एक साथ मिलाने से त्वचा में जलन, लाली और रूखेपन की समस्या पैदा हो सकती है। अपनी रात की रूटीन को सीमित और सीधा रखना ही सबसे कारगर तरीका है। एक सामान्य क्लींजर, आवश्यकतानुसार कोई एक विशेष ट्रीटमेंट और उपयुक्त मॉइस्चराइजर त्वचा की संपूर्ण देखभाल के लिए पर्याप्त माने जाते हैं।
तैलीय त्वचा पर भी मॉइस्चराइजर छोड़ना भारी भूल
यह एक आम भ्रांति है कि तैलीय त्वचा वालों को रात में मॉइस्चराइजर की आवश्यकता नहीं होती। सच यह है कि तैलीय त्वचा को भी संतुलित नमी की पूरी जरूरत होती है। जब आप त्वचा को नमी देना बंद कर देते हैं, तो वह खिंची हुई और बेजान हो जाती है। यदि सुबह उठते समय चेहरा सूखा महसूस होता है, तो अपने रूटीन में हल्का और नॉन-कॉमेडोजेनिक मॉइस्चराइजर शामिल करें, जो रोमछिद्रों को बंद किए बिना आवश्यक नमी को लॉक कर सके।
सोने से पहले मेकअप साफ न करने की लापरवाही
दिनभर की थकान के चलते अक्सर लोग बिना मेकअप हटाए ही बिस्तर पर चले जाते हैं। यह चूक त्वचा के स्वास्थ्य के लिए बेहद हानिकारक है क्योंकि रातभर चेहरे पर मेकअप के कण, अतिरिक्त तेल और गंदगी जमा रहती है। सोने से पहले मेकअप को पूरी तरह साफ करना चाहिए और उसके बाद सौम्य क्लींजर से चेहरा धोना चाहिए। इस पूरी प्रक्रिया के बाद ही रात के बाकी स्किनकेयर प्रोडक्ट्स का प्रयोग करना चाहिए।
अधूरी नींद और असंतुलित जीवनशैली का असर
त्वचा की ताजगी केवल बाहर से लगाए जाने वाले कॉस्मेटिक्स पर निर्भर नहीं करती। यदि आप नियमित रूप से देर रात तक जागते हैं या नींद का कोटा पूरा नहीं करते, तो सुबह उठने पर चेहरा थका हुआ दिखना स्वाभाविक है। रात के स्किनकेयर के साथ पर्याप्त नींद, पोषक तत्वों से भरपूर संतुलित आहार और भरपूर पानी पीने की आदत भी उतनी ही जरूरी है। आंतरिक सेहत सुधरे बिना चेहरे पर प्राकृतिक चमक बरकरार नहीं रह सकती।
सुबह सनस्क्रीन का नियम और विशेषज्ञ की सलाह
रात की देखभाल के बाद जब सुबह की शुरुआत हो, तो सनस्क्रीन लगाना कभी न भूलें। धूप से मिलने वाली पराबैंगनी किरणें त्वचा को लंबे समय तक नुकसान पहुंचा सकती हैं और उसकी चमक छीन सकती हैं। इसके अलावा, यदि सही रूटीन के बाद भी त्वचा लगातार बहुत अधिक रूखी, लाल, बेजान या खुजली से परेशान रहती है, तो अपने मन से नए-नए प्रोडक्ट्स आजमाने के बजाय किसी चर्मरोग विशेषज्ञ से परामर्श लेना ही सबसे सुरक्षित कदम है।
















