घर के आंगन, छत या बालकनी में तुलसी का पौधा लगाना भारतीय परिवारों की परंपरा का हिस्सा है। इस पौधे की अच्छी वृद्धि के लिए पर्याप्त धूप, ताजा हवा का निरंतर बहाव और सही मात्रा में सिंचाई बहुत आवश्यक मानी जाती है। हालांकि, कई बार लोग उत्साह में तुलसी के गमले के आसपास अन्य घने या अधिक फैलने वाले पौधे रख देते हैं। आसपास की ज्यादा भीड़ की वजह से तुलसी तक सही रोशनी और हवा नहीं पहुंच पाती, जिससे पत्तियां सूखने लगती हैं और पौधे का स्वास्थ्य बिगड़ने लगता है।
तेजी से फैलने वाली बेलों और घने पौधों से बनाए रखें दूरी
तुलसी के पौधे के बिल्कुल पास कभी भी तेजी से बढ़ने वाले या लता वाले पौधों को नहीं रखना चाहिए। लताओं वाले पौधे तेजी से फैलते हैं और आसपास की जगह को घेर लेते हैं। यदि ऐसे पौधे तुलसी को ऊपर से ढक लेते हैं, तो उसे आवश्यक धूप और हवा मिलना बंद हो जाती है। हवा का वेंटिलेशन रुकने और छाया बनने से पौधे की पत्तियां पीली पड़ने लगती हैं और उसकी प्राकृतिक बढ़त रुक जाती है।
अधिक पानी चाहने वाले पौधों के साथ न रखें गमला
तुलसी का पौधा बहुत अधिक गीली या दलदली मिट्टी में जीवित नहीं रह पाता है। इसे केवल हल्की नमी की जरूरत होती है। इसलिए तुलसी को उन किस्मों के पास रखने से बचना चाहिए जिन्हें रोजाना भरपूर पानी की आवश्यकता होती है। मिट्टी में ज्यादा नमी रहने से जड़ों में फंगस लग सकती है। इसके अलावा अत्यधिक नमी कीटों को आकर्षित करती है, जिससे तुलसी के पौधे पर भी कीड़ों का हमला होने की आशंका बढ़ जाती है।
बड़े पौधों की छाया से बचाना है जरूरी
आसपास मौजूद बड़े और छायादार पौधे तुलसी के लिए जरूरी सूर्य के प्रकाश को रोक सकते हैं। इसलिए तुलसी और अन्य बड़े गमलों के बीच पर्याप्त दूरी बनाई जानी चाहिए। तुलसी को अच्छी तरह पनपने के लिए भरपूर रोशनी चाहिए, लेकिन गर्मी के दिनों में दोपहर की बहुत तेज धूप से इसे बचाना भी फायदेमंद रहता है। पौधे को ऐसे स्थान पर रखें जहां सुबह की धूप और सीधी रोशनी पर्याप्त मात्रा में मिले।
कीटों के लक्षण पर रखें नजर और करें सफाई
पास में रखे अन्य पौधों में पनपने वाले कीड़े आसानी से तुलसी तक पहुंच सकते हैं। तुलसी के पौधे की नियमित रूप से जांच करते रहना आवश्यक है। यदि पत्तियों पर छोटे कीड़े, चिपचिपा द्रव, सफेद धब्बे या जली हुई पत्तियों के निशान दिखाई दें, तो तुरंत सतर्क हो जाएं। प्रभावित पत्तियों या टहनियों को काटकर अलग कर दें और पौधे की अच्छी तरह सफाई करें ताकि संक्रमण पूरे पौधे में न फैले।
तुलसी को हमेशा हरा-भरा रखने के आसान उपाय
तुलसी को स्वस्थ और हरा-भरा बनाए रखने के लिए गमले के निचले हिस्से में पानी की निकासी के लिए छेद होना जरूरी है ताकि अतिरिक्त पानी रुकने न पाए। गमले के नीचे रखी ट्रे में पानी जमा न होने दें। गमले को हवादार और रोशनी वाले स्थान पर रखें और समय-समय पर सूखी या मरी हुई पत्तियों को हटाते रहें ताकि नई पत्तियों को उगने की जगह मिल सके।



















