मॉनसून सत्र के इस चरण में आज संसद की कार्यवाही एक बार फिर सियासी हलचल से भरी रह सकती है। एक तरफ केंद्र सरकार सदन में कई बड़े विधेयकों को पारित करवाने की कोशिश में जुटी है, तो दूसरी तरफ विपक्ष राम मंदिर चंदा चोरी और नीट पेपर लीक जैसे मुद्दों पर सरकार को घेरने की रणनीति बना चुका है। इस बीच आम आदमी पार्टी के नेता अरविंद केजरीवाल ने भी एथेनॉल मिश्रित पेट्रोल यानी ई-20 के मुद्दे पर मोर्चा खोल दिया है और वे आज प्रधानमंत्री आवास की ओर मार्च करने वाले हैं। कुल मिलाकर आज का दिन संसद के भीतर और बाहर, दोनों जगह गहमागहमी भरा रहने के आसार हैं।
मंगल मिलन बैठक में मोदी की मौजूदगी की उम्मीद
दिन की शुरुआत संसद परिसर स्थित एनेक्सी भवन में होने वाली एनडीए संसदीय दल की साप्ताहिक बैठक से होगी, जिसे इस सत्र में मंगल मिलन नाम दिया गया है। यह बैठक थोड़ी देर में शुरू होने वाली है और संभावना जताई जा रही है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी खुद इस बैठक को संबोधित करेंगे। सहयोगी दलों के सांसदों के बीच होने वाली इस बैठक में सत्र के दौरान अपनाई जाने वाली रणनीति और सदन में जवाब देने के तरीके पर चर्चा होने की उम्मीद है।
सीतारमण पेश करेंगी टैक्स से जुड़े अहम विधेयक
मंगलवार को लोकसभा की कार्यवाही के दौरान सरकार कई अहम वित्तीय और विधायी कामकाज निपटाने की योजना बना रही है, इसलिए जरूरी है कि लोकसभा और राज्यसभा दोनों सदनों में कामकाज बिना किसी बड़े व्यवधान के आगे बढ़े। आज की कार्यवाही में सबसे ज्यादा नजर वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण पर टिकी रहेगी, क्योंकि वे टैक्स से लेकर डिजिटल बैंकिंग तक जुड़े कई महत्वपूर्ण विधेयक सदन में पेश करने वाली हैं।
टैक्सेशन और आयकर से जुड़े दो अहम कदम
सबसे पहले वित्त मंत्री सदन में कराधान और अन्य कानून (संशोधन) विधेयक, 2026 पेश करेंगी। इस विधेयक के जरिए पेमेंट सिस्टम, इनकम टैक्स और फाइनेंस एक्ट से जुड़े कुछ मौजूदा कानूनों में बदलाव का प्रस्ताव रखा गया है। सरकार का तर्क है कि बदलती जरूरतों और नई आर्थिक व्यवस्था को ध्यान में रखते हुए इन कानूनों को अपडेट करना जरूरी हो गया था। इसके साथ ही वित्त मंत्री सदन को यह भी बताएंगी कि सरकार को आयकर (संशोधन) अध्यादेश, 2026 लाने की नौबत क्यों आई और इसे तुरंत लागू करने की जरूरत आखिर क्यों पड़ी। यानी सरकार इस अध्यादेश के पीछे की वजह और उसकी तात्कालिकता, दोनों को सदन के सामने स्पष्ट करेगी।
2022-23 के अतिरिक्त खर्च पर चर्चा और मंजूरी
आज लोकसभा में साल 2022-23 के दौरान हुए अतिरिक्त सरकारी खर्च यानी एक्सेस ग्रांट्स पर भी चर्चा होगी। दरअसल सरकार ने उस साल कुछ मदों में संसद से मंजूर की गई राशि से ज्यादा खर्च कर दिया था। अब उसी अतिरिक्त खर्च को संसद से औपचारिक मंजूरी दिलाने के लिए सदन में चर्चा कराई जाएगी। इसके बाद सरकार विनियोग (संख्या 3) विधेयक, 2026 भी पेश करेगी, ताकि उस अतिरिक्त खर्च को कानूनी तौर पर मंजूरी मिल सके और आगे किसी तरह की वित्तीय अनियमितता का सवाल न उठे।
बैंकिंग रिकॉर्ड कानून को मिलेगा डिजिटल अपडेट
इसके अलावा सदन में बैंकर्स बुक्स एविडेंस विधेयक, 2026 पर भी चर्चा होगी। इस विधेयक का मकसद बैंकों के रिकॉर्ड से जुड़े पुराने कानूनों को डिजिटल दौर की जरूरतों के हिसाब से अपडेट करना है। मौजूदा कानून काफी पुराना होने की वजह से इलेक्ट्रॉनिक रिकॉर्ड और डिजिटल बैंकिंग दस्तावेजों को कानूनी कार्यवाही में इस्तेमाल करने में कई बार दिक्कतें आती रही हैं। नए बदलावों के बाद बैंकों के डिजिटल रिकॉर्ड और दस्तावेजों को अदालतों तथा अन्य कानूनी प्रक्रियाओं में अधिक स्पष्टता और आसानी के साथ सबूत के तौर पर पेश किया जा सकेगा।
केजरीवाल का पीएम आवास तक मार्च
संसद के भीतर जहां सरकार अपने विधायी एजेंडे पर आगे बढ़ने की कोशिश करेगी, वहीं संसद के बाहर आम आदमी पार्टी के नेता अरविंद केजरीवाल एथेनॉल मिश्रित पेट्रोल यानी ई-20 के मुद्दे पर आक्रामक नजर आएंगे। उन्होंने इस मुद्दे पर सरकार के खिलाफ मोर्चा खोलते हुए आज प्रधानमंत्री आवास तक मार्च करने का ऐलान किया है। वहीं विपक्षी दल भी राम मंदिर से जुड़े चंदे में कथित गड़बड़ी और नीट परीक्षा के पेपर लीक होने के मामलों को लेकर सरकार पर दबाव बनाने की तैयारी में हैं। ऐसे में आज सदन के भीतर वित्तीय विधेयकों पर चर्चा और सदन के बाहर सड़क पर प्रदर्शन, दोनों एक साथ सुर्खियों में रह सकते हैं।



















