चांदी (XAG/USD) ने शुरुआती सत्र की गिरावट से उबरते हुए शानदार वापसी की है और भाव $64 के स्तर के पास पहुंच गए हैं। लाइव मार्केट डेटा के अनुसार, यह कीमती धातु फिलहाल $64.63 के आसपास कारोबार कर रही है, जो इसके पिछले बंद भाव $64.62 के मुकाबले मामूली बढ़त दर्शाती है। वित्तीय बाजारों में निवेशक इस समय फेडरल रिजर्व की सख्त मौद्रिक नीति, अमेरिकी ट्रेजरी यील्ड में रिकॉर्ड बढ़ोतरी और संयुक्त राज्य अमेरिका के प्राइवेट सेक्टर के आगामी रोजगार आंकड़ों के बीच अपनी रणनीतियां बना रहे हैं। 12:15 GMT पर जारी होने वाली अमेरिकी ADP एम्प्लॉयमेंट चेंज रिपोर्ट पर बाजार की पैनी नजर बनी हुई है, जो श्रम बाजार की मजबूती और मुद्रास्फीति के दबाव का संकेत देगी।
फेडरल रिजर्व के सख्त रुख से ब्याज दरें बढ़ने की आशंका
फेडरल रिजर्व द्वारा इस महीने की बैठक में ब्याज दरों में बढ़ोतरी किए जाने की संभावना से वैश्विक बाजारों में हलचल बढ़ गई है। जैक्सन होल संगोष्ठी के बाद फेड की ब्याज दरों को लेकर सख्त दांव तेज हो गए हैं, जहां फेड अध्यक्ष केविन वॉर्श ने मुद्रास्फीति के ऊपर जाने के जोखिमों पर चेतावनी दी थी। वित्तीय विश्लेषक फर्म एमयूएफजी के विशेषज्ञों ने स्पष्ट किया कि यद्यपि शुक्रवार को केविन वॉर्श का भाषण सख्त रुख वाला था, लेकिन उनके वक्तव्य का मूल विचार उनके पिछले बयानों जैसा ही रहा। एमयूएफजी के अनुसार, केविन वॉर्श ने मुद्रास्फीति पर फिर से कड़ा रुख अपनाया और रेखांकित किया कि यदि महंगाई पर्याप्त गति से नीचे नहीं आती है, तो केंद्रीय बैंक के पास अभी काम करना बाकी है। इससे बाजार में यह धारणा मजबूत हुई है कि यदि disinflation की प्रक्रिया सुस्त पड़ती है, तो मौद्रिक नीति का झुकाव आगे और सख्ती करने की ओर बना रहेगा।
इसके साथ ही, फेड गवर्नर माइकल बार ने मंगलवार को स्पष्ट किया कि यदि कीमतों का दबाव जल्द कम नहीं होता है, तो ब्याज दरों में वृद्धि करना आवश्यक हो जाएगा। माइकल बार ने चेतावनी देते हुए कहा कि मुद्रास्फीति अभी भी बहुत उच्च स्तर पर बनी हुई है। फेड अधिकारियों की इन सख्त टिप्पणियों के कारण निवेशकों को लंबे समय तक उच्च ब्याज दरों की मौद्रिक नीति के बने रहने की उम्मीद है, जिससे बिना ब्याज देने वाली संपत्तियों जैसे चांदी और सोने पर दबाव देखने को मिल रहा है।
अमेरिकी ट्रेजरी यील्ड बहु-माह के उच्चतम स्तर पर, ADP आंकड़ों की प्रतीक्षा
फेड अधिकारियों के सख्त बयानों का असर बॉन्ड मार्केट पर साफ देखा गया, जहां अमेरिकी ट्रेजरी यील्ड में जबरदस्त उछाल दर्ज किया गया। बुधवार को एशियाई कारोबारी घंटों के दौरान 10-वर्षीय अमेरिकी ट्रेजरी यील्ड 4.81% के रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गई, जो नवंबर 2023 के बाद का सबसे उच्चतम स्तर है। बॉन्ड यील्ड में बढ़ोतरी से बिना ब्याज वाली संपत्तियों की अवसर लागत बढ़ जाती है, जिससे चांदी की कीमतों में तेजी की गुंजाइश सीमित हो जाती है।
बुधवार के कारोबारी सत्र में निवेशकों की मुख्य नजर 12:15 GMT पर आने वाले अगस्त महीने के अमेरिकी ADP एम्प्लॉयमेंट चेंज डेटा पर टिकी हुई है। बाजार अनुमानों के अनुसार, अगस्त में अमेरिका के निजी क्षेत्र में 48,000 नए रोजगार पैदा हुए हैं। यह आंकड़ा जुलाई में दर्ज 44,000 नए रोजगार के मुकाबले मामूली रूप से अधिक है। यदि रोजगार के आंकड़े उम्मीद से बेहतर आते हैं, तो इससे अर्थव्यवस्था की मजबूती को बल मिलेगा और फेड को दरों में सख्ती बनाए रखने का आधार मिलेगा।
XAG/USD का तकनीकी विश्लेषण: EMA रेजिस्टेंस और मोमेंटम इंडिकेटर्स
डेली तकनीकी चार्ट पर, XAG/USD का भाव $64.05 के आसपास कारोबार कर रहा है, जबकि लाइव स्पॉट प्राइस $64.63 के करीब देखा जा रहा है। तकनीकी दृष्टि से, चांदी 20-दिवसीय एक्सपोनेंशियल मूविंग एवरेज (EMA) $65.33 के नीचे बनी हुई है (जबकि लाइव EMA20 $65.47, EMA50 $64.80 और EMA200 $65.42 पर है)। यह 20-दिवसीय EMA एक मजबूत डायनेमिक रेजिस्टेंस के रूप में कार्य कर रहा है, जिससे निकट अवधि का रुझान हल्का मंदी की तरफ बना हुआ है।
तकनीकी संकेतकों की बात करें तो डेली रिलेटिव स्ट्रेंथ इंडेक्स (RSI) 47.72 पर है (लाइव RSI 49 दर्ज किया गया है), जो न्यूट्रल 50 रेखा के ठीक नीचे स्थित है। यह स्थिति ओवरसोल्ड स्थिति के बजाय तेजी के मोमेंटम में कमी का संकेत देती है। लाइव तकनीकी स्तरों के मुताबिक, 20-दिवसीय सपोर्ट $61.44 के करीब है और रेजिस्टेंस $71.16 के पास है। पिवट गणनाओं के अनुसार, तात्कालिक रेजिस्टेंस R1 $65.10 और R2 $65.57 है, जबकि डाउनसाइड सपोर्ट S1 $64.02 और S2 $63.41 पर स्थित है, जिसका 52-सप्ताह का दायरा $40.80 से $121.30 के बीच रहा है।
निवेश संपत्ति के रूप में चांदी की भूमिका और बाजार की गतिशीलता
वैश्विक वित्तीय बाजारों में चांदी की एक विशिष्ट पहचान है, क्योंकि यह एक कीमती धातु होने के साथ-साथ एक आवश्यक औद्योगिक कच्चा माल भी है। ऐतिहासिक रूप से मूल्य संचयन और विनिमय के माध्यम के रूप में इस्तेमाल की जाने वाली चांदी निवेशकों को अपने पोर्टफोलियो में विविधता लाने का अवसर देती है। हालांकि यह सोने जितनी लोकप्रिय नहीं है, फिर भी निवेशक भौतिक रूप में चांदी के सिक्के और छड़ें (बुलियन) खरीदकर या अंतर्राष्ट्रीय बाजारों में इसके मूल्य को ट्रैक करने वाले एक्सचेंज ट्रेडेड फंड्स (ETF) के माध्यम से व्यापार करके मुद्रास्फीति के खिलाफ हेजिंग करते हैं।
चांदी की कीमतों में उतार-चढ़ाव कई वृहद आर्थिक कारकों पर निर्भर करता है। भू-राजनीतिक अस्थिरता या आर्थिक मंदी की आशंकाओं के समय सुरक्षित निवेश (safe-haven) के रूप में इसकी मांग बढ़ती है, हालांकि यह सोने की तुलना में कम होती है। बिना ब्याज वाली संपत्ति होने के कारण, कम ब्याज दरों के माहौल में चांदी की मांग बढ़ती है। इसके अलावा, चूंकि अंतरराष्ट्रीय बाजार में चांदी का मूल्य अमेरिकी डॉलर (XAG/USD) में तय होता है, इसलिए डॉलर की चाल का इस पर गहरा प्रभाव पड़ता है। एक मजबूत डॉलर चांदी की कीमतों को नियंत्रित रखता है, जबकि कमजोर डॉलर से इसकी कीमतों में उछाल आता है। इसके साथ ही, खदानों से आपूर्ति और रीसाइक्लिंग दरें भी इसके भाव तय करने में अहम भूमिका निभाती हैं।
औद्योगिक मांग और प्रमुख क्षेत्रीय अर्थव्यवस्थाओं का प्रभाव
वित्तीय महत्व के अलावा, औद्योगिक क्षेत्र में चांदी की भारी मांग है। सभी धातुओं में सबसे अधिक विद्युत और तापीय चालकता होने के कारण (जो तांबे और सोने से भी अधिक है) चांदी का उपयोग इलेक्ट्रॉनिक्स, दूरसंचार, सोलर ऊर्जा घटकों और हरित प्रौद्योगिकियों में व्यापक रूप से किया जाता है। इसलिए, वैश्विक औद्योगिक गतिविधियों में बदलाव का सीधा असर इसकी कीमतों पर पड़ता है।
प्रमुख वैश्विक अर्थव्यवस्थाओं की गतिविधियां चांदी की खपत को बड़े पैमाने पर प्रभावित करती हैं। संयुक्त राज्य अमेरिका और चीन के विशाल औद्योगिक क्षेत्र विनिर्माण प्रक्रियाओं में चांदी का भारी उपयोग करते हैं। वहीं भारत में, आभूषणों और सांस्कृतिक वस्तुओं के लिए उपभोक्ताओं की मांग चांदी की वैश्विक मांग को बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है।
गोल्ड-टू-सिल्वर रेश्यो और कीमती धातुओं का संबंध
चांदी की कीमतें आमतौर पर सोने की चाल का अनुसरण करती हैं। जब सोने के भाव बढ़ते हैं, तो सुरक्षित निवेश की समान प्रकृति के कारण चांदी में भी तेजी देखने को मिलती है। निवेशक सोने और चांदी के सापेक्ष मूल्यांकन को समझने के लिए गोल्ड-टू-सिल्वर रेश्यो (Gold/Silver ratio) का विश्लेषण करते हैं। यह अनुपात दर्शाता है कि एक औंस सोना खरीदने के लिए कितने औंस चांदी की आवश्यकता होगी। यदि यह अनुपात उच्च स्तर पर होता है, तो इसे इस बात का संकेतक माना जाता है कि सोने की तुलना में चांदी का मूल्यांकन कम है। इसके विपरीत, कम अनुपात यह दर्शाता है कि चांदी की तुलना में सोना सस्ता हो सकता है।
अन्य प्रमुख वित्तीय बाजारों का हाल: फॉरेक्स, कच्चा तेल और क्रिप्टो
चांदी में आए इस बदलाव के बीच अन्य प्रमुख वैश्विक वित्तीय परिसंपत्तियों का हाल इस प्रकार है
- फॉरेक्स मार्केट: बुधवार को शुरुआती यूरोपीय कारोबारी घंटों के दौरान GBP/USD की जोड़ी गिरकर 1.3500 के करीब आ गई। मिडल ईस्ट में जारी भू-राजनीतिक तनाव ने अमेरिकी डॉलर को सुरक्षित संपत्ति के रूप में समर्थन प्रदान किया। दूसरी ओर, EUR/USD कमजोर होकर 1.1575 के करीब आ गया, जिस पर मजबूत डॉलर और फेड के सख्त रुख का दबाव रहा। मुद्रा बाजार के व्यापारी अब यूरोज़ोन रिटेल सेल्स और शुक्रवार को आने वाले अमेरिकी रोजगार डेटा का इंतजार कर रहे हैं।
- कच्चा तेल और ऊर्जा बाजार: वेस्ट टेक्सास इंटरमीडिएट (WTI) क्रूड ऑयल में लगातार तीसरे दिन तेजी दर्ज की गई, जो पिछले छह सत्रों में पांचवीं बढ़त है। एशियाई सत्र में WTI 24 जुलाई के बाद के उच्चतम स्तर पर पहुंच गया। इसके साथ ही, अमेरिकी डीजल क्रैक स्प्रेड (WTI क्रूड के मुकाबले अल्ट्रा-लो सल्फर डीजल फ्यूचर्स का प्रीमियम) इतिहास में पहली बार $100 प्रति बैरल से ऊपर निकल गया, जिसने $102.00 से अधिक का इंट्राडे रिकॉर्ड बनाया।
- सोना: 10-वर्षीय अमेरिकी ट्रेजरी यील्ड में 4.81% के उछाल और कच्चे तेल की बढ़ती कीमतों के कारण सोने पर भारी दबाव बना रहा, जिससे इसमें गिरावट का सिलसिला जारी रहा।
- क्रिप्टोकरेंसी: अगस्त में शानदार बढ़त के बाद बिटकॉइन (BTC), एथेरियम (ETH) और रिपल (XRP) जैसी प्रमुख क्रिप्टोकरेंसी दबाव में दिखीं। BTC में शुरुआती मंदी के संकेत मिले, ETH $2,500 के प्रतिरोध से नीचे खिसक गया, और XRP प्रमुख सपोर्ट स्तरों के नीचे कंसोलिडेट होता नजर आया।


















