हॉर्मुज जलडमरूमध्य के रणनीतिक समुद्री मार्ग पर जहाजों की आवाजाही में भारी रुकावट और कतर द्वारा तरल प्राकृतिक गैस (एलएनजी) के निर्यात पर फोर्स मैज्योर की अवधि बढ़ाने से वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति श्रृंखला गहरे संकट में फंस गई है। बीएनवाई के बाजार विश्लेषक जेफ यू के आकलन के अनुसार, कतरी गैस की आपूर्ति ठप रहने से सर्दियों के मौसम से ठीक पहले यूरोपीय ऊर्जा संतुलन बिगड़ने की आशंका बढ़ गई है। इसके चलते अंतरराष्ट्रीय बाजारों में एक बार फिर मुद्रास्फीति का दबाव तेजी से बढ़ सकता है। मौजूदा समय में कच्चे तेल के मानक ब्रेंट और डब्ल्यूटीआई के साथ-साथ यूरोपीय गैस सूचकांक डच टीटीएफ बेहद संवेदनशील स्थिति में कारोबार कर रहे हैं, जिससे मध्य पूर्व के भू-राजनीतिक हालात बिगड़ने पर बाजारों में बड़ा झटका लग सकता है।
कतरी एलएनजी का फोर्स मैज्योर और यूरोप में गहराता ऊर्जा संकट
कतर द्वारा यूरोपीय और एशियाई खरीदारों को की जाने वाली एलएनजी आपूर्ति पर फोर्स मैज्योर की अवधि आगे बढ़ाने के फैसले से वैश्विक गैस उत्पादन का एक बड़ा हिस्सा बाजार से बाहर हो गया है। हॉर्मुज जलडमरूमध्य में जहाजों की आवाजाही बेहद सीमित होने के कारण आपूर्ति मार्ग पूरी तरह सामान्य नहीं हो पा रहे हैं। यूरोपीय देशों के लिए सबसे बड़ी चुनौती सर्दियों की शुरुआत से पहले गैस आपूर्ति में आने वाली कमी है। वर्तमान में एलएनजी की अंतरराष्ट्रीय कीमतें युद्ध-पूर्व स्तर से लगभग दोगुनी ऊंचाई के करीब बनी हुई हैं, जिससे यूरोपीय उपयोगिता कंपनियों और औद्योगिक उपभोक्ताओं की मुश्किलें बढ़ गई हैं।
यदि हॉर्मुज मार्ग पर जहाजों की आवाजाही में बाधा इसी तरह जारी रहती है, तो यूरोपीय खरीदारों को वैकल्पिक गैस कार्गो हासिल करने के लिए एशियाई खरीदारों के साथ कड़ी प्रतिस्पर्धा करनी पड़ेगी। इस होड़ से आयात लागत में भारी इजाफा होगा, जिसका सीधा असर बिजली की दरों, हीटिंग खर्च और औद्योगिक उत्पादन लागत पर पड़ेगा। इस वजह से जब तक हॉर्मुज जलडमरूमध्य को खोलकर कतरी एलएनजी की आपूर्ति पूरी तरह बहाल नहीं की जाती, तब तक यूरोप पर ऊर्जा संकट और महंगाई का खतरा बना रहेगा।
कूटनीतिक शर्तें और हॉर्मुज जलडमरूमध्य पर ईरान का रुख
हॉर्मुज समुद्री मार्ग पर जारी गतिरोध का समाधान व्यापक कूटनीतिक वार्ताओं पर निर्भर करता है। ईरान ने संकेत दिया है कि यदि अमेरिका की कुछ अनिर्दिष्ट शर्तों को पूरा किया जाता है, तो हॉर्मुज जलडमरूमध्य को फिर से खोलना एक बड़े व्यापक समझौते का हिस्सा बन सकता है। ईरान के इस बयान से यह साफ हो गया है कि अंतरराष्ट्रीय और क्षेत्रीय शक्तियों के बीच किसी भी तनाव कम करने की प्रक्रिया में यह समुद्री मार्ग केंद्रीय भूमिका निभाएगा।
बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि जब तक हॉर्मुज मार्ग से होकर जहाजों की निर्बाध आवाजाही शुरू नहीं होती, तब तक कच्चे तेल और गैस वायदा बाजार में जोखिम का प्रीमियम जुड़ा रहेगा। हालांकि ब्रेंट और डब्ल्यूटीआई क्रूड की कीमतें ऊपरी तौर पर स्थिर दिख रही हैं, लेकिन बाजार का आंतरिक ढांचा यह दर्शाता है कि ऊर्जा क्षेत्र एक बेहद नाजुक संतुलन पर टिका हुआ है, जो आपूर्ति में मामूली रुकावट आते ही बिगड़ सकता है।
अमेरिकी डॉलर में मजबूती: विदेशी मुद्रा, सोना और डीजल मार्केट की हलचल
ऊर्जा बाजार के अलावा वैश्विक वित्तीय बाजारों में भी अमेरिकी मौद्रिक नीतियों के कारण भारी उतार-चढ़ाव देखा जा रहा है। जैक्सन होल सिम्पोजियम में फेड चेयर वॉश के सख्त रुख वाले भाषण और अमेरिकी एनएफपी वार्षिक संशोधन डेटा में 79,000 (-79K) नौकरियों की कटौती के बाद अमेरिकी डॉलर इंडेक्स में जबरदस्त तेजी देखने को मिली। मजबूत ग्रीनबैक के कारण प्रमुख विदेशी मुद्रा जोड़ों, सोने और अन्य संपत्तियों में बिकवाली का दबाव बढ़ गया।
ब्रिटिश पाउंड (GBP/USD) शुक्रवार को अपनी साप्ताहिक गिरावट को बढ़ाते हुए तेजी से गिरकर 1.3530 के स्तर के करीब पहुंच गया। वहीं यूरो (EUR/USD) में बिकवाली तेज हुई और यह सात दिनों के निचले स्तर 1.1600 के नीचे आ गया। कमोडिटी बाजार में सोने पर बिकवाली का भारी दबाव देखा गया, जिससे यह 4,530 डॉलर प्रति ट्रॉय औंस के महत्वपूर्ण 200-दिवसीय एसएमए के करीब हफ्तों के निचले स्तर पर आ गया। अमेरिकी ट्रेजरी यील्ड में उछाल के कारण निवेशकों ने सितंबर में फेड द्वारा ब्याज दर बढ़ाए जाने की संभावनाओं को फिर से आंकना शुरू कर दिया है। दूसरी ओर, अल्ट्रा-लो सल्फर डीजल (ULSD) वायदा का डब्ल्यूटीआई क्रूड पर प्रीमियम यानी अमेरिकी डीजल क्रैक स्प्रेड इतिहास में पहली बार 100 डॉलर प्रति बैरल के पार निकल गया और 102.00 डॉलर प्रति बैरल का सर्वकालिक उच्च स्तर छू लिया।
क्रिप्टोकरेंसी में नरमी और केंद्रीय बैंकों का नीतिगत रुख
डॉलर की मजबूती और वैश्विक बाजारों में सतर्कता के माहौल के बीच क्रिप्टोकरेंसी बाजार में भी गिरावट दर्ज की गई। बिटकॉइन 81,000 डॉलर से 82,000 डॉलर के रेजिस्टेंस स्तर को पार करने के दूसरे असफल प्रयास के बाद शुक्रवार को फिर से 80,000 डॉलर के नीचे फिसल गया। बिटकॉइन में आई गिरावट का असर अन्य प्रमुख क्रिप्टो संपत्तियों पर भी पड़ा; एथेरियम (ETH) गिरकर 2,500 डॉलर पर आ गया, जबकि रिपल (XRP) 1.40 डॉलर के सपोर्ट स्तर की ओर नीचे आ गया।
बाजार सहभागी अब आगामी अमेरिकी आईएसएम पीएमआई और गैर-कृषि पेरोल (NFP) आंकड़ों का इंतजार कर रहे हैं, जो डॉलर की आगे की दिशा तय करेंगे। केंद्रीय बैंकों की बात करें तो रिजर्व बैंक ऑफ न्यूजीलैंड (RBNZ) द्वारा ब्याज दरों में बढ़ोतरी की उम्मीद की जा रही है, जहां निवेशकों का ध्यान भविष्य के मार्गदर्शन पर रहेगा। वहीं बैंक ऑफ कनाडा (BoC) द्वारा ब्याज दरों को यथावत रखने की संभावना है, हालांकि बाजार में इस बात की चर्चा शुरू हो गई है कि क्या 2027 में दरें बढ़ाई जा सकती हैं।
प्राकृतिक गैस का लाइव तकनीकी विश्लेषण
लाइव बाजार आंकड़ों के अनुसार, प्राकृतिक गैस (NG=F) की कीमत 2.88 डॉलर प्रति MMBtu पर कारोबार कर रही है, जो पिछले बंद भाव 2.91 डॉलर से 1.07% कम है। प्राकृतिक गैस की 52-सप्ताह की सीमा 2.48 डॉलर से 7.83 डॉलर के बीच रही है। तकनीकी संकेतकों की बात करें तो 14-अवधि का RSI 55 पर स्थिर है, जबकि MACD हिस्टोग्राम 0.03 (MACD लाइन -0.01 बनाम सिग्नल लाइन -0.03) पर तेजी का संकेत दे रहा है। बोलिंगर बैंड $2.63 से $2.90 के दायरे में फैला हुआ है। प्राकृतिक गैस अपने 200-दिवसीय EMA ($3.23) और 50-दिवसीय SMA ($2.92) से नीचे कारोबार कर रही है, जो 50/200-दिवसीय डेथ क्रॉस के कारण दीर्घकालिक मंदी के रुख को दर्शाती है। बाजार के लिए तत्काल सपोर्ट स्तर $2.83 (S1) और रेजिस्टेंस स्तर $2.93 (R1) पर बना हुआ है।



















