भारतीय शेयर बाजार के प्राइमरी मार्केट में रिकॉर्डतोड़ तेजी के बाद अब साल 2026 के शुरुआती महीनों में लिस्टिंग की रफ्तार काफी सुस्त दर्ज की गई है। इस कैलेंडर वर्ष में अब तक कुल 23 कंपनियों ने अपने इनिशियल पब्लिक ऑफरिंग यानी आईपीओ पेश किए हैं, जिनके जरिए 27,000 करोड़ रुपये से कुछ अधिक रकम जुटाई गई है। यह आंकड़ा पिछले वर्ष के जबरदस्त आंकड़ों की तुलना में काफी कम है, क्योंकि साल 2025 में कुल 103 आईपीओ बाजार में उतरे थे और कंपनियों ने रिकॉर्ड 1.76 लाख करोड़ रुपये का भारी निवेश जुटाया था। इक्विरस कैपिटल के मंगलवार को सामने आए आंकड़ों से यह स्थिति स्पष्ट हुई है। हालांकि सुस्ती के इस दौर के बीच आने वाले हफ्तों में कई बड़े पब्लिक इश्यू दस्तक देने वाले हैं, जिससे प्राइमरी मार्केट में दोबारा हलचल बढ़ने की संभावना दिखने लगी है।
बीते सालों की तुलना में मौजूदा आंकड़े
अगर पिछले कुछ वर्षों के आंकड़ों पर नजर डालें तो भारतीय प्राइमरी मार्केट में लगातार भारी उछाल देखा जा रहा था। साल 2023 में 57 कंपनियों ने पब्लिक इश्यू के माध्यम से 49,436 करोड़ रुपये हासिल किए थे। इसके बाद साल 2024 में तेजी और मजबूत हुई, जब 90 कंपनियों ने मिलकर 1.6 लाख करोड़ रुपये का फंड बाजार से जुटाया। साल 2025 इस मामले में सबसे ऐतिहासिक साबित हुआ, जहां कुल पूंजी 1.76 लाख करोड़ रुपये पर पहुंच गई थी। 25 सितंबर 2025 का दिन प्राइमरी मार्केट के इतिहास में सबसे व्यस्त दिनों में शामिल रहा, जब महज एक ही दिन में 25 आईपीओ बाजार में खुले थे। इसके विपरीत 2026 की दूसरी तिमाही यानी अप्रैल से जून के दौरान गतिविधियां बेहद ठंडी रहीं और इस तिमाही में अब तक सिर्फ 4 आईपीओ ही आए, जिनसे महज 2,422 करोड़ रुपये की रकम जुटाई जा सकी। इसकी तुलना में 2026 की पहली तिमाही में 19 आईपीओ के जरिए 24,772 करोड़ रुपये जुटाए गए थे, जबकि 2025 की अंतिम तिमाही में 30 कंपनियों ने कुल 91,058 करोड़ रुपये जुटाए थे।
जून के महीने में दस्तक देंगे नए इश्यू
बाजार में जारी इस सुस्ती के बावजूद जून के महीने में कुछ नए पब्लिक इश्यू निवेशकों के सामने आने के लिए तैयार हैं। डिजिटल इंश्योरेंस सेक्टर से जुड़ी कंपनी टर्टलमिंट फिनटेक सॉल्यूशंस का आईपीओ 19 जून को सब्सक्रिप्शन के लिए खुलने जा रहा है। वहीं ज्वेलरी कारोबार की कंपनी एडविट ज्वेल्स का आईपीओ 23 जून को बोली लगाने के लिए खुलेगा। इनके साथ ही क्रूज टूरिज्म सेक्टर में काम करने वाली कंपनी वॉटरवेज लीजर टूरिज्म लिमिटेड भी इसी महीने अपने पब्लिक इश्यू की शुरुआत कर सकती है। उल्लेखनीय है कि इसी महीने सीएमआर ग्रीन टेक्नोलॉजीज और हेक्सागन न्यूट्रिशन के शेयर पहले ही घरेलू एक्सचेंजों पर सफलतापूर्वक लिस्ट हो चुके हैं।
मंजूरी की कतार में खड़े हैं बड़े नाम
आने वाले महीनों में बाजार में लिस्टिंग की गतिविधियों में भारी उछाल आने के ठोस आधार मौजूद हैं। नेशनल स्टॉक एक्सचेंज यानी एनएसई के इस सप्ताह मार्केट रेगुलेटर सेबी के पास अपने पब्लिक इश्यू के शुरुआती दस्तावेज जमा कराने की संभावना जताई जा रही है। इसके अलावा क्विक कॉमर्स सेक्टर की प्रमुख कंपनी जेप्टो और देश के सबसे बड़े म्यूचुअल फंड हाउस एसबीआई म्यूचुअल फंड भी अगले महीने अपने आईपीओ लॉन्च करने की योजना पर आगे बढ़ रहे हैं। मई 2026 तक के आंकड़ों के अनुसार मुख्य एक्सचेंजों पर लिस्ट होने के लिए कुल 236 आईपीओ प्रस्ताव विभिन्न चरणों में प्रक्रियाधीन हैं। इनमें से 163 प्रस्तावों को सेबी से हरी झंडी मिल चुकी है, जबकि 73 प्रस्ताव नियामक की आवश्यक टिप्पणियों और औपचारिक मंजूरी का इंतजार कर रहे हैं।

















