कर्नाटक में मौसम का मिजाज एक बार फिर बदलने वाला है और भारतीय मौसम विज्ञान विभाग ने राज्य के कई हिस्सों में भारी बारिश, गरज-चमक तथा तेज सतही हवाएं चलने की चेतावनी दी है। यह चेतावनी 31 अगस्त को जारी की गई थी, जिसमें बताया गया कि बारिश की गतिविधियां 1 सितंबर से जोर पकड़ सकती हैं और 2 सितंबर से मौसम में कुछ सुधार देखने को मिल सकता है। राज्य के तटीय, उत्तर आंतरिक और दक्षिण आंतरिक इलाकों में मौसम का यह बदलाव साफ तौर पर महसूस किया जाएगा।
तटीय जिलों में येलो अलर्ट और तेज हवाएं
तटीय कर्नाटक के दक्षिण कन्नड़, उडुपी और उत्तर कन्नड़ जिलों में अधिकांश स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश होने की पूरी संभावना है। इसके साथ ही इन क्षेत्रों में 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं भी चल सकती हैं। मौसम विभाग ने स्थिति को देखते हुए इन तटीय इलाकों में 1 सितंबर तक के लिए येलो अलर्ट जारी कर दिया है ताकि लोग सतर्क रहें।
उत्तर और दक्षिण आंतरिक हिस्सों का हाल
उत्तर आंतरिक कर्नाटक के कई जिलों में मौसम का रुख थोड़ा और तेज रह सकता है। पूर्वानुमान के मुताबिक बागलकोट, बेलगावी, बीदर, धारवाड़, गदग, हावेरी, कलबुर्गी, कोप्पल, रायचूर, विजयपुरा और यादगीर जिलों में कुछ स्थानों पर 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं, साथ ही हल्की से मध्यम बारिश भी होगी। इसके अलावा दक्षिण आंतरिक और मलनाड क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले बल्लारी जिले में भी हल्की से मध्यम बारिश के साथ 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की गति से हवाएं चलने की संभावना जताई गई है।
राज्य में तापमान का उतार-चढ़ाव
31 अगस्त को सुबह 8:30 बजे तक समाप्त हुए 24 घंटों के दौरान दर्ज किए गए तापमान के आंकड़ों पर नजर डालें तो बागलकोट राज्य में सबसे गर्म रहा जहां अधिकतम तापमान 30.3 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। इसके बाद बीदर में अधिकतम तापमान 30.2 डिग्री सेल्सियस और दक्षिण कन्नड़ में 30.1 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। दूसरी ओर तापमान के निचले स्तर की बात करें तो चामराजनगर में सबसे कम अधिकतम तापमान 29.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। न्यूनतम तापमान की बात करें तो कलबुर्गी में यह सबसे कम 18.9 डिग्री सेल्सियस रहा, जबकि कोडागु में यह सबसे अधिक 23.1 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। इसके अलावा चिकबल्लापुर, चिकमगलूर, हासन और मांड्या समेत कई अन्य जिलों में न्यूनतम तापमान इस मौसम के सामान्य दायरे के अनुसार 20 से 22 डिग्री सेल्सियस के बीच दर्ज किया गया।
बेंगलुरु का मौसम और असर
कर्नाटक के ऊपर बने व्यापक अस्थिर मौसमी पैटर्न का असर बेंगलुरु के मौसम पर भी साफ दिखाई देगा। शहर में आसमान मुख्य रूप से बादलों से घिरा रह सकता है और बारिश तथा गरज के साथ बौछारें पड़ने की पूरी संभावना है। खासकर 1 सितंबर के आसपास जब बारिश की गतिविधियों में तेजी आएगी, तब बेंगलुरु में भी इसका असर देखने को मिलेगा।

















