केरल राज्य लॉटरी विभाग द्वारा गुरुवार 20 अगस्त को कारुण्य प्लस केएन-637 लॉटरी के नतीजे घोषित किए जा रहे हैं। इस साप्ताहिक लकी ड्रा में भाग लेने वाले लोगों के लिए बड़ा आकर्षण 1,00,00,000 रुपये का प्रथम पुरस्कार है। राज्य भर के प्रतिभागी दोपहर से ही ड्रा प्रक्रिया पर नजर बनाए हुए हैं, क्योंकि राजधानी शहर में विजेता नंबरों के चयन का कार्य शुरू हो चुका है।
ड्रा की समय सारिणी और आयोजन स्थल की जानकारी
प्रतिदिन और साप्ताहिक आधार पर आयोजित होने वाले लॉटरी ड्रा का संचालन तिरुवनंतपुरम स्थित गोर्की भवन में किया जाता है। निष्पक्षता सुनिश्चित करने के लिए पूरी प्रक्रिया को दो चरणों में पूरा किया जाता है। अधिकारियों की देखरेख में मशीनी ड्रा की प्रक्रिया दोपहर 3:00 बजे शुरू होती है। इसके पश्चात, सभी चुने गए नंबरों का मिलान और सत्यापन करके आधिकारिक परिणाम सूची शाम 4:30 बजे तक प्रकाशित कर दी जाती है।
कारुण्य प्लस पुरस्कार श्रेणियों का विस्तृत विवरण
कारुण्य प्लस केएन-637 लॉटरी के तहत मुख्य रूप से नौ अलग-अलग पुरस्कार श्रेणियां और एक सांत्वना पुरस्कार तय किया गया है। विजेताओं के बीच पुरस्कार राशि का वितरण इस प्रकार होगा
- प्रथम पुरस्कार: मुख्य विजेता टिकट को 1,00,00,000 रुपये की भारी-भरकम राशि मिलेगी।
- द्वितीय पुरस्कार: दूसरे स्थान के विजेता के लिए 30,00,000 रुपये की राशि निर्धारित है।
- तृतीय पुरस्कार: तीसरी श्रेणी के विजेताओं को 5,00,000 रुपये का भुगतान किया जाएगा।
- चतुर्थ पुरस्कार: चौथी श्रेणी में चुने गए प्रत्येक टिकट को 5,000 रुपये दिए जाएंगे।
- पांचवां पुरस्कार: पांचवीं श्रेणी के विजेताओं को 2,000 रुपये प्राप्त होंगे।
- छठा पुरस्कार: छठी श्रेणी के अंतर्गत आने वाले टिकट धारकों को 1,000 रुपये मिलेंगे।
- सातवां पुरस्कार: सातवीं श्रेणी के तहत 500 रुपये का भुगतान किया जाएगा।
- आठवां पुरस्कार: आठवीं श्रेणी के विजयी टिकटों को 200 रुपये मिलेंगे।
- नौवां पुरस्कार: नौवीं श्रेणी के विजेताओं के लिए 100 रुपये तय किए गए हैं।
- सांत्वना पुरस्कार: मुख्य विजेता सीरीज से मिलते-जुलते अन्य सीरीज के टिकटों के लिए 5,00,00 रुपये का सांत्वना पुरस्कार रखा गया है।
पुरस्कार राशि का दावा करने के नियम और प्रक्रिया
जीत की राशि प्राप्त करने के लिए लॉटरी विभाग द्वारा तय किए गए नियमों का पालन करना अनिवार्य है। पुरस्कार का दावा इस बात पर निर्भर करता है कि जीती गई राशि कितनी है। यदि किसी प्रतिभागी का पुरस्कार 5,000 रुपये तक है, तो वह केरल में स्थित किसी भी अधिकृत लॉटरी विक्रेता के पास जाकर तुरंत अपनी राशि प्राप्त कर सकता है। खुदरा विक्रेताओं को छोटी राशि के तुरंत भुगतान का अधिकार दिया गया है।
हालांकि, यदि जीती गई राशि 5,00,00 रुपये से अधिक है, तो उसकी सत्यापन प्रक्रिया थोड़ी विस्तृत होती है। 5,00,00 रुपये से अधिक के विजेता किसी स्थानीय विक्रेता से नकद राशि नहीं ले सकते। ऐसे विजेताओं को अपना मूल विजेता टिकट, बिना किसी टूट-फूट या कटे-फटे रूप में, सरकारी पहचान पत्र (जैसे आधार कार्ड, पैन कार्ड या मतदाता पहचान पत्र) के साथ किसी निर्दिष्ट बैंक शाखा या सरकारी लॉटरी कार्यालय में जमा करना होता है। विभागीय सत्यापन पूरा होने के बाद ही राशि हस्तांतरित की जाती है।
कर कटौती और एजेंट कमीशन का विवरण
सरकारी नियमों के अनुसार, लॉटरी से होने वाली कमाई पर निर्धारित कर काटे जाते हैं। विजेता को मिलने वाली कुल पुरस्कार राशि में से 30% का सीधा आयकर काटा जाता है। इसके अलावा, जहां भी लागू हो, कुल पुरस्कार राशि में से 12% एजेंट कमीशन के रूप में काटा जाता है। यह कटौती लॉटरी विभाग द्वारा सीधे की जाती है ताकि सभी वित्तीय नियम पारदर्शी बने रहें।
टिकट की प्रामाणिकता की जांच के लिए डिजिटल सुविधा
नकली या फर्जी टिकटों से लोगों को बचाने के लिए केरल लॉटरी विभाग ने बारकोड सत्यापन सुविधा की शुरुआत की है। प्रतिभागी आधिकारिक 'केरल लॉटरी बारकोड स्कैनर' की मदद से अपने भौतिक टिकट के बारकोड को स्कैन कर सकते हैं। इस स्कैनिंग के जरिए टिकट धारक खुद इस बात की पुष्टि कर सकते हैं कि उनका खरीदा हुआ टिकट असली और वैध है या नहीं। सत्यापन के बाद ही कोई भी विजेता अपने दावे की कागजी प्रक्रिया शुरू कर सकता है।



















