गुजरात के प्रमुख शहर अहमदाबाद में बुधवार को उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब शहर के कम से कम 10 प्रमुख स्कूलों को बम से उड़ाने की चेतावनी जारी की गई। धमकी भरे संदेश सामने आने के तुरंत बाद शिक्षण संस्थानों ने सावधानी बरतते हुए सभी कक्षाओं को तुरंत रोक दिया और छात्र-छात्राओं को समय से पहले उनके घरों के लिए रवाना कर दिया। स्थिति की संवेदनशीलता को देखते हुए पुलिस बल, अग्निशमन दस्ते तथा बम डिटेक्शन एंड डिस्पोजल टीम ने मोर्चा संभाला और संबंधित परिसरों में सघन सुरक्षा जांच शुरू कर दी।
पश्चिमी अहमदाबाद के प्रमुख शिक्षण संस्थान निशाने पर
जांच में सामने आया कि धमकी का सामना करने वाले अधिकांश विद्यालय शहर के पश्चिमी क्षेत्र में स्थित हैं। संदेश प्राप्त होते ही स्कूल प्रबंधन ने तत्परता दिखाते हुए स्थानीय प्रशासन और पुलिस अधिकारियों को सतर्क किया। सूचना मिलते ही सुरक्षा एजेंसियों की कई टीमों को अलग-अलग परिसरों में तलाशी के लिए रवाना कर दिया गया। अधिकारियों ने परिसरों को घेरकर चप्पे-चप्पे की पड़ताल शुरू की ताकि किसी भी तरह के खतरे की संभावना को खारिज किया जा सके।
प्रभावित संस्थानों में वेजलपुर क्षेत्र में मौजूद जाइडस स्कूल प्रमुख रूप से शामिल है। यहां प्रशासन ने निर्धारित समय से काफी पहले ही विद्यार्थियों की छुट्टी घोषित कर दी। एहतियाती कदम उठाते हुए पुलिस की गाड़ियां और अग्निशमन विभाग के वाहन सीधे स्कूल परिसर में पहुंचे। इसके अलावा प्रबंधन ने अभिभावकों से तत्काल संपर्क साधा और उन्हें बच्चों को सुरक्षित घर भेजे जाने की सूचना दी, जिससे परिजनों की चिंता कुछ हद तक कम हो सकी।
इन विद्यालयों में भी मचा हड़कंप, सही संख्या का आकलन जारी
सुरक्षा एजेंसियों की निगरानी में आए अन्य प्रमुख संस्थानों में बोडकदेव स्थित स्कूल फॉर चिल्ड्रन, एसजीवीपी स्कूल, ड्राइव-इन रोड पर स्थित संत कबीर स्कूल और एशिया स्कूल शामिल हैं। अधिकारियों की टीमें लगातार अलर्ट मोड पर काम कर रही हैं, और धमकी पाने वाले विद्यालयों की वास्तविक व सटीक संख्या का अभी आकलन किया जा रहा है। जांचकर्ता धमकियों के तौर-तरीके, उनकी भाषा और उनके मूल स्रोत का पता लगाने में जुटे हैं, जिससे यह साफ हो सके कि यह संदेश कहां से और किस माध्यम से भेजे गए थे।
शहर में पहले भी मिल चुकी हैं झूठी धमकियां
अहमदाबाद में शैक्षणिक और सरकारी परिसरों को इस प्रकार निशाना बनाए जाने का यह पहला मामला नहीं है, बल्कि पिछले कुछ महीनों में ऐसी कई घटनाएं दर्ज की जा चुकी हैं। इससे पूर्व सितंबर के महीने में शहर के 10 विद्यालयों के साथ-साथ तीन अदालतों और गुजरात विधानसभा भवन को भी ईमेल के जरिए बम से उड़ाने की धमकी दी गई थी। उस दौरान सुरक्षा दस्तों द्वारा की गई व्यापक छानबीन में कोई भी संदिग्ध या विस्फोटक सामग्री बरामद नहीं हुई थी, जिसके बाद उन धमकियों को पूरी तरह अफवाह करार दिया गया था।
इसी तरह जनवरी माह में भी अहमदाबाद जिले के लगभग 16 स्कूलों को बम विस्फोट की चेतावनी वाले ईमेल भेजे गए थे। उस वक्त भी स्पेशल ऑपरेशन्स ग्रुप, बम डिटेक्शन एंड डिस्पोजल स्क्वॉड और डॉग स्क्वॉड ने परिसरों को खाली करवाकर व्यापक तलाशी अभियान चलाया था। पुलिस प्रशासन ने बाद में स्पष्ट किया था कि उन सभी जांच अभियानों के दौरान भी कोई आपत्तिजनक वस्तु नहीं मिली थी। बुधवार की ताजा घटना के बाद पुलिस, फायर विभाग और विशेष दस्ते एक बार फिर पूरी सतर्कता के साथ परिसरों की तलाशी ले रहे हैं।















